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लेखपाल हड़ताल पर, सातों तहसीलों में काम ठप
Amarujala Bureau
Updated Tue, 23 Aug 2016 11:16 PM IST
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हड़ताल
- फोटो : amar ujala
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लंबित मांगों को मनवाने के लिए मंगलवार से जिले भर के लेखपाल कलमबंद हड़ताल पर चले गए। इनके हड़ताल पर जाने से यहां की सातों तहसील में कामकाज पूरी तरह से ठप हो गए। जिस कारण दूरदराज से तहसीलों को आए फरियादियों को मायूस होकर लौटना पड़ा।
उधर, हड़ताली लेखपालों ने उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के बैनर तले जिला मुख्यालय की सड़कों पर उतरे और जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। बाद में प्रदर्शनकारियों ने राजस्व मंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट रामसेवक द्विवेदी को सौंपा।
लेखपाल छह सूत्री मांगों को लेकर आंदोलित हैं। अभी तक वह क्रमिक आंदोलन चला रहे थे पर मंगलवार को जिले भर के लेखपाल कलमबंद हड़ताल पर चले गए। कार्य बहिष्कार करने के बाद लेखपाल सदर तहसील में एकत्र हुए।
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बाद में वहां से जिलाध्यक्ष राम नरेश सिंह की अगुवाई में जुलूस निकाला तथा नारेबाजी करते हुए प्रदर्शनकारी कलेक्ट्रेट पहुंचे और राजस्व मंत्री को संबोधित मांगपत्र सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। ज्ञापन में लेखपाल संवर्ग में उत्पन्न एसीपी विसंगति दूर करने की वकालत की।
साथ ही संवर्ग का पदनाम राजस्व उपनिरीक्षक रखने को कहा। लेखपाल संवर्ग का काडर पूर्ववत जनपद स्तरीय करते हुए स्थानांतरित नीति में संशोधन करने व शासन की योजनाओं का संचालन करने को लैपटॉप देने की मांग की। पुरानी पेंशन योजना बहाल करने व राजस्व निरीक्षक के पद सृजित करने के लिए गुहार लगाई।
उधर, संघ के जिलाध्यक्ष सिंह ने कहा कि लेखपालों की यह कलमबंद हड़ताल 30 अगस्त तक चलेगी। इस सभी इस आंदोलन को सफल बनाने की गुजारिश की है। इस मौके पर जिलाध्यक्ष रामनरेश सिंह, महामंत्री राधेश्याम यादव, विशंभर तिवारी, अभिषेक मिश्र, रामपाल, वीरेंद्र बलिया, ओमप्रकाश वर्मा, नीतू, आलोक श्रीवास्तव, शिवप्रकाश आदि लेखपाल मौजूद रहे।
अवैध कब्जा हटाने का अभियान भी नही हो सका शुरू
लेखपालों की हडताल से सार्वजनिक भूमि पर से अवैध कब्जा हटाने का अभियान भी ठप पडा हैं। राजस्व परिषद ने यह अभियान बाइस अगस्त से इक्कीस सितंबर तक चलाने के निर्देश डीएम को दिए थे। डीएम ने इस अभियान को लेकर राजस्व अफसरो को निर्देश जारी किए थे, लेकिन लेखपालो की हडताल के कारण यह अभियान शुरूआत में ही फुस्स हो गया।
बिना काम कराए लौटना पड़ा वापस
सदर तहसील के काजीकमालपुर से आए ग्रामीण श्रीपाल सुबह नौं बजे ही सदर तहसील आ गए थे। उन्हें अपने क्षेत्रीय लेखपाल से काम था। लेकिन हडताल के कारण लेखपाल के कमरे में तालाबंदी थी, जिस कारण उनका काम नहीं हो पाया। बाक्स
लेखपाल ने कहा अब सितंबर में होगा काम
ग्राम दोस्तपुर से आए संतराज ने बताया कि उन्हे आय निवास प्रमाण पत्र की तत्काल जरूरत हैं। इसके लिए उन्होंने ऑन लाइन आवेदन कर रखा है। अब उन्हें इस प्रमाणपत्र को प्राप्त करने के लिए लेखपाल की रिपोर्ट की जरूरत हैं, लेकिन लेखपाल ने बताया कि हम हड़ताल पर हैं। अब सितंबर में आना। इस कारण उनका काम नही हो पा रहा हैं।
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उधर, हड़ताली लेखपालों ने उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के बैनर तले जिला मुख्यालय की सड़कों पर उतरे और जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। बाद में प्रदर्शनकारियों ने राजस्व मंत्री को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट रामसेवक द्विवेदी को सौंपा।
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लेखपाल छह सूत्री मांगों को लेकर आंदोलित हैं। अभी तक वह क्रमिक आंदोलन चला रहे थे पर मंगलवार को जिले भर के लेखपाल कलमबंद हड़ताल पर चले गए। कार्य बहिष्कार करने के बाद लेखपाल सदर तहसील में एकत्र हुए।
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बाद में वहां से जिलाध्यक्ष राम नरेश सिंह की अगुवाई में जुलूस निकाला तथा नारेबाजी करते हुए प्रदर्शनकारी कलेक्ट्रेट पहुंचे और राजस्व मंत्री को संबोधित मांगपत्र सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। ज्ञापन में लेखपाल संवर्ग में उत्पन्न एसीपी विसंगति दूर करने की वकालत की।
साथ ही संवर्ग का पदनाम राजस्व उपनिरीक्षक रखने को कहा। लेखपाल संवर्ग का काडर पूर्ववत जनपद स्तरीय करते हुए स्थानांतरित नीति में संशोधन करने व शासन की योजनाओं का संचालन करने को लैपटॉप देने की मांग की। पुरानी पेंशन योजना बहाल करने व राजस्व निरीक्षक के पद सृजित करने के लिए गुहार लगाई।
उधर, संघ के जिलाध्यक्ष सिंह ने कहा कि लेखपालों की यह कलमबंद हड़ताल 30 अगस्त तक चलेगी। इस सभी इस आंदोलन को सफल बनाने की गुजारिश की है। इस मौके पर जिलाध्यक्ष रामनरेश सिंह, महामंत्री राधेश्याम यादव, विशंभर तिवारी, अभिषेक मिश्र, रामपाल, वीरेंद्र बलिया, ओमप्रकाश वर्मा, नीतू, आलोक श्रीवास्तव, शिवप्रकाश आदि लेखपाल मौजूद रहे।
अवैध कब्जा हटाने का अभियान भी नही हो सका शुरू
लेखपालों की हडताल से सार्वजनिक भूमि पर से अवैध कब्जा हटाने का अभियान भी ठप पडा हैं। राजस्व परिषद ने यह अभियान बाइस अगस्त से इक्कीस सितंबर तक चलाने के निर्देश डीएम को दिए थे। डीएम ने इस अभियान को लेकर राजस्व अफसरो को निर्देश जारी किए थे, लेकिन लेखपालो की हडताल के कारण यह अभियान शुरूआत में ही फुस्स हो गया।
बिना काम कराए लौटना पड़ा वापस
सदर तहसील के काजीकमालपुर से आए ग्रामीण श्रीपाल सुबह नौं बजे ही सदर तहसील आ गए थे। उन्हें अपने क्षेत्रीय लेखपाल से काम था। लेकिन हडताल के कारण लेखपाल के कमरे में तालाबंदी थी, जिस कारण उनका काम नहीं हो पाया। बाक्स
लेखपाल ने कहा अब सितंबर में होगा काम
ग्राम दोस्तपुर से आए संतराज ने बताया कि उन्हे आय निवास प्रमाण पत्र की तत्काल जरूरत हैं। इसके लिए उन्होंने ऑन लाइन आवेदन कर रखा है। अब उन्हें इस प्रमाणपत्र को प्राप्त करने के लिए लेखपाल की रिपोर्ट की जरूरत हैं, लेकिन लेखपाल ने बताया कि हम हड़ताल पर हैं। अब सितंबर में आना। इस कारण उनका काम नही हो पा रहा हैं।