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Sitapur News: मनरेगा में 2.18 लाख रुपये का गबन
Thu, 16 Apr 2026 01:28 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Thu, 16 Apr 2026 01:28 AM IST
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सीतापुर। लहरपुर ब्लॉक की ग्राम पंचायत नौव्वापुर में मनरेगा कार्यों में भ्रष्टाचार सामने आया है। बिना कार्य कराए ही सरकारी धन के दुरुपयोग की शिकायत पर मनरेगा लोकपाल की जांच में 2.18 लाख रुपये के गबन की पुष्टि हुई है। लोकपाल ने इस मामले में दोषियों से वसूली और विभागीय कार्रवाई के लिए डीएम से सिफारिश की है।
नौव्वापुर में भूमि विकास कार्यों के नाम पर धन निकालने की शिकायत मिलने पर मनरेगा लोकपाल डॉ. अरविंद प्रताप सिंह यादव ने जांच शुरू की थी। इस दौरान लोकपाल और उपायुक्त श्रम रोजगार ने बीडीओ को पत्र भेजकर संबंधित दस्तावेज मांगे थे। जिम्मेदारों ने न तो दस्तावेज उपलब्ध कराए और न ही कोई स्पष्टीकरण दिया। जांच में सहयोग न मिलने पर तकनीकी सहायक सुनील कुमार शुक्ला से स्थलीय जांच कराई गई, जिसमें 2,18,484 रुपये का गबन पकड़ा गया।
लोकपाल ने जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्कालीन ग्राम प्रधान, सचिव, तकनीकी सहायक और रोजगार सेवक को दोषी ठहराया है। उन्होंने डीएम को भेजी अपनी संस्तुति में गबन की गई राशि को इन दोषियों से वसूल कर मनरेगा कोष में जमा कराने और उनके विरुद्ध कार्रवाई करने का आदेश दिया है।
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नौव्वापुर में भूमि विकास कार्यों के नाम पर धन निकालने की शिकायत मिलने पर मनरेगा लोकपाल डॉ. अरविंद प्रताप सिंह यादव ने जांच शुरू की थी। इस दौरान लोकपाल और उपायुक्त श्रम रोजगार ने बीडीओ को पत्र भेजकर संबंधित दस्तावेज मांगे थे। जिम्मेदारों ने न तो दस्तावेज उपलब्ध कराए और न ही कोई स्पष्टीकरण दिया। जांच में सहयोग न मिलने पर तकनीकी सहायक सुनील कुमार शुक्ला से स्थलीय जांच कराई गई, जिसमें 2,18,484 रुपये का गबन पकड़ा गया।
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लोकपाल ने जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्कालीन ग्राम प्रधान, सचिव, तकनीकी सहायक और रोजगार सेवक को दोषी ठहराया है। उन्होंने डीएम को भेजी अपनी संस्तुति में गबन की गई राशि को इन दोषियों से वसूल कर मनरेगा कोष में जमा कराने और उनके विरुद्ध कार्रवाई करने का आदेश दिया है।
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