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Sitapur News: बिजली कर्मचारियों ने निजीकरण के विरोध में जताया आक्रोश
Fri, 30 May 2025 12:57 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Fri, 30 May 2025 12:57 AM IST
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सीतापुर। निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मचारियों ने बृहस्पतिवार को विद्युत वितरण मंडल प्रथम के कार्यालय के परिसर में सुबह 10 से शाम पांच बजे तक विरोध प्रदर्शन किया। इसके जरिये निजीकरण के फैसले पर रोक लगाने की मांग की है।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के जिला संयोजक हिमांशु पटेल ने कहा कि चर्चा है कि निजीकरण के लिए नियुक्त किए गए ट्रांजैक्शन कंसलटेंट ग्रांट थॉर्टन को झूठा शपथ पत्र देने के बावजूद निदेशक वित्त ने उसे क्लीन चिट दे दी है। संघर्ष समिति ने कहा कि इस घटना से ऐसा प्रतीत होता है कि प्रबंधन की निजी घरानों से मिलीभगत है। इसीलिए तीसरी बार निधि नारंग को सेवा विस्तार दिया गया है।
बिजली कर्मी छह माह से लगातार आंदोलन कर रहे हैं लेकिन खेद का विषय है कि प्रदेश सरकार ने आज तक एक बार भी उनसे वार्ता नहीं की। बिजली कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उत्तर प्रदेश के बिजली कर्मियों का कोई भी उत्पीड़न करने की कोशिश की गई तो देश के 27 लाख बिजली कर्मी मूकदर्शक नहीं रहेंगे। हम सभी सड़क पर उतरकर आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
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विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के जिला संयोजक हिमांशु पटेल ने कहा कि चर्चा है कि निजीकरण के लिए नियुक्त किए गए ट्रांजैक्शन कंसलटेंट ग्रांट थॉर्टन को झूठा शपथ पत्र देने के बावजूद निदेशक वित्त ने उसे क्लीन चिट दे दी है। संघर्ष समिति ने कहा कि इस घटना से ऐसा प्रतीत होता है कि प्रबंधन की निजी घरानों से मिलीभगत है। इसीलिए तीसरी बार निधि नारंग को सेवा विस्तार दिया गया है।
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बिजली कर्मी छह माह से लगातार आंदोलन कर रहे हैं लेकिन खेद का विषय है कि प्रदेश सरकार ने आज तक एक बार भी उनसे वार्ता नहीं की। बिजली कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उत्तर प्रदेश के बिजली कर्मियों का कोई भी उत्पीड़न करने की कोशिश की गई तो देश के 27 लाख बिजली कर्मी मूकदर्शक नहीं रहेंगे। हम सभी सड़क पर उतरकर आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
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