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पांच वर्ष बाद खुला एएनएम सेंटर
सीतापुर/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 05 Nov 2015 12:30 AM IST
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जिसकी पोल ग्रामीणों ने निरीक्षण के दौरान ही खोल दी। टीम ने तंबौर, सुमली, महमूदाबाद, पहला स्वास्थ्य केंद्रों व एएनएम सेंटरों का निरीक्षण किया। इस दौरान जो भी खामियां मिलीं, उन्हें अपनी जांच रिपोर्ट में दर्ज किया और संबंधित अधिकारी को निर्देशित किया।
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बुधवार सुबह 9 बजे डॉ. रजनी वेद के नेतृत्व में टीम तंबौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची। यहां पर टीम के सदस्यों ने इमरजेंसी, वार्ड व दवाओं का स्टाक देखा। टीम के सदस्यों ने वहां मौजूद मरीजों से स्वास्थ्य सेवाओं का हाल जाना। मरीजों से पूछा कि दवाएं यहां पर मिलती हैं या फिर बाहर मेडिकल के लिए लिखी जाती हैं।
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मरीजों ने जो जवाब दिया, उसे टीम के सदस्यों ने अपने रजिस्टर में दर्ज किया। इसी बीच टीम के कुछ सदस्य सुमली एएनएम सेंटर पहुंचे। यहां पर मीटिंग रूम, इंजेक्शन रूम देखा और टीकाकरण का हाल जाना। निरीक्षण कर रही टीम जब स्वास्थ्य केंद्र से बाहर पहुंची, तब वहां मौजूद ग्रामीणों ने बताया कि इस भवन का निर्माण पांच वर्ष पूर्व हुआ था।
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टीम आने वाली है, इसको लेकर बीते एक सप्ताह से तैयारियां चल रही थीं। स्वास्थ्य केंद्र की साफ सफाई के साथ झाड़ियों को हटाया गया और भवन का रंग रोगन भी किया गया। वहीं अस्पताल के सारे उपकरण व कुर्सी मेज मंगलवार को लाकर यहां पर रखे गए। चिकित्सक पांच वर्ष से यहां हैं ही नहीं।
पांच वर्ष बाद पहली बार यह भवन खोला गया है। ग्रामीणों की शिकायत सुनने के बाद टीम के सदस्यों ने उन शिकायतों को अपने जांच रजिस्टर में दर्ज किया। इसी बीच टीम ने क्षेत्र के सिड़किड़ा स्वास्थ्य केंद्र पहुंच कर वहां पर स्वास्थ्य सेवाओं का हाल जाना।
उधर डॉ. शालिनी सिंह के नेतृत्व में केंद्रीय टीम महमूदाबाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंची। यहां टीम के सदस्यों ने इमरजेंसी का हाल देखा। वहां पर मौजूद चिकित्सक से आने वाले मरीजों की संख्या के बारे में पूछा। वहीं यह भी देखा कि किस मरीज को क्या दवा दी गई है, इंजेक्शन, ग्लूकोज के कूड़े किस स्थान पर रखा जा रहा है
इलाज के दौरान चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मी क्या एहतियात बरत रहे हैं, उस पर गौर किया। जिसके बाद टीम ने वार्ड व वहां मौजूद व्यवस्थाओं के बारे में देखा। टीम के सदस्यों ने दवाओं का हाल व अस्पताल लेखा जोखा भी देखा। अस्पताल में दवाओं की मौजूदगी को देखा। इसके अलावा एक टीम क्षेत्र के पहला स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंची।
टीम के सदस्यों ने यहां पर प्रसव कक्ष, वार्ड व इमरजेंसी का हाल देखा। मरीजों से स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में जानकारी ली। चिकित्सक से अस्पताल में मौजूद दवाओं के बारे में जानकारी ली। यहां पर गंदगी देखकर टीम के सदस्यों ने नाराजगी जताई और साफ सफाई रखने के निर्देेश दिए।