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जिले में भारत बंदी का मिलाजुला रहा असर
Updated Tue, 11 Sep 2018 12:35 AM IST
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कांग्रेस कार्यकर्ता बाजार में घूम-घूमकर दुकानें बंद करने की करते रहे अपील
सीतापुर। पेट्रेाल-डीजल की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि के खिलाफ सोमवार को कांग्रेस पार्टी के भारत बंद के एलान का जिले में मिलाजुला असर दिखाई दिया। कार्यकर्ता बाजार में घूम-घूमकर व्यापारियों से दुकानें बंद करने की अपील की। इस पर कुछ व्यापारियों ने दुकानें बंद कीं। मगर कुछ देर बाद फिर से खोल लीं।
इसके बाद कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ ‘गिरता रुपया महंगा तेल, मोदी जी के भाषण फेल’ जैसे नारे भी खूब लगाए। कहा, अगले चुनाव में जनता आप को जवाब देकर ही रहेगी। ग्रामीण इलाके में भी भारत बंदी का आंशिक असर दिखाई दिया।
पेट्रोलियम पदार्थों में हो रही कीमतों के विरोध में कांग्रेस पाटी ने सोमवार को भारत बंद का एलान किया था। इसका जिले में कोई असर देखने को नहीं मिला। सुबह रोजाना की तरह दुकानें खुलीं। इसके थोड़ी देर बाद मुख्य बाजार लालबाग में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर कुछ दुकानों को बंद कराया।
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मगर इन दुकानदारों ने कुछ देर बाद अपनी दुकानें फिर से खोल लीं और व्यापार करने में जुट गए। इसके अलावा कमलापुर, खैराबाद, महमूदाबाद, बिसवां, पिसावां, मिश्रिख, मछरेहटा, तंबौर, लहरपुर, हरगांव आदि जगहों पर भी कोई खास असर नहीं दिखाई दिया। आंशिक रुप से कुछ दुकानें ही बंद रहीं।
जिलाध्यक्ष विनीत दीक्षित ने कहा कि 2014 के लोकसभा चुनाव में भारत की जनता ने नरेंद्र मोदी पर विश्वास किया और उनको देश का प्रधानमंत्री बना दिया। मगर उन्होंने हर कदम पर जनता को धोखा ही दिया है। मोदी सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाए जाने से पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की कीमतें आसमान छूने लगी हैं।
पिछले 52 महीनों में मोदी सरकार 11 लाख करोड़ से ज्यादा का मुनाफा कमा लिया है। यह कीमतें इतिहास में सबसे ऊंचे पायदान पर हैं। उन्होंने कहा कि मई 2014 में अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 107.09 डालर/बैरेल थी। जबकि आज कच्चे तेल की कीमत 73 डालर/बैरेल है।
यूपीए सरकार के समय से लगभग 40 प्रतिशत कम है। फिर भी पेट्रोल-डीजल की कीमतें इतिहास में सबसे अधिक है। भाजपा सरकार के केंद्र में सत्तासीन होने के बाद केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी में 12 बार वृद्धि की गई है। पूर्व विधायक हरीश बाजपेयी ने कहा कि दैनिक जरूरतों की वस्तुओं के बढ़ते हुए मूल्यों ने सभी भारतीयों का बजट बुरी तरह बिगाड़ दिया है।
देश की जनता इस ‘धन की लूट’ के लिए मोदी सरकार को कभी माफ नहीं करेगी। आगामी चुनावों में भाजपा को जवाब देगी। जिला महासचिव उत्कर्ष अवस्थी ने कहा कि भाजपा व उनके मित्र दलों की केंद्र सहित 21 प्रांतों में सरकार है।
इसके बावजूद प्रांतीय वैट व केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी लगाकर दोनों हाथों से देश के 132 करोड़ लोगों को लूटा जा रहा है। इस अवसर पर पुष्पा भार्गव, उत्तम कुमार शर्मा, कांशीराम भार्गव, सुरेश गुप्ता, अशोक सिंह मुन्ना, योगेन्द्र सिंह, घनश्याम शुक्ला, जमुना प्रसाद शर्मा आदि मौजूद रहे।
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सीतापुर। पेट्रेाल-डीजल की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि के खिलाफ सोमवार को कांग्रेस पार्टी के भारत बंद के एलान का जिले में मिलाजुला असर दिखाई दिया। कार्यकर्ता बाजार में घूम-घूमकर व्यापारियों से दुकानें बंद करने की अपील की। इस पर कुछ व्यापारियों ने दुकानें बंद कीं। मगर कुछ देर बाद फिर से खोल लीं।
इसके बाद कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ ‘गिरता रुपया महंगा तेल, मोदी जी के भाषण फेल’ जैसे नारे भी खूब लगाए। कहा, अगले चुनाव में जनता आप को जवाब देकर ही रहेगी। ग्रामीण इलाके में भी भारत बंदी का आंशिक असर दिखाई दिया।
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पेट्रोलियम पदार्थों में हो रही कीमतों के विरोध में कांग्रेस पाटी ने सोमवार को भारत बंद का एलान किया था। इसका जिले में कोई असर देखने को नहीं मिला। सुबह रोजाना की तरह दुकानें खुलीं। इसके थोड़ी देर बाद मुख्य बाजार लालबाग में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर कुछ दुकानों को बंद कराया।
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मगर इन दुकानदारों ने कुछ देर बाद अपनी दुकानें फिर से खोल लीं और व्यापार करने में जुट गए। इसके अलावा कमलापुर, खैराबाद, महमूदाबाद, बिसवां, पिसावां, मिश्रिख, मछरेहटा, तंबौर, लहरपुर, हरगांव आदि जगहों पर भी कोई खास असर नहीं दिखाई दिया। आंशिक रुप से कुछ दुकानें ही बंद रहीं।
जिलाध्यक्ष विनीत दीक्षित ने कहा कि 2014 के लोकसभा चुनाव में भारत की जनता ने नरेंद्र मोदी पर विश्वास किया और उनको देश का प्रधानमंत्री बना दिया। मगर उन्होंने हर कदम पर जनता को धोखा ही दिया है। मोदी सरकार द्वारा पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाए जाने से पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की कीमतें आसमान छूने लगी हैं।
पिछले 52 महीनों में मोदी सरकार 11 लाख करोड़ से ज्यादा का मुनाफा कमा लिया है। यह कीमतें इतिहास में सबसे ऊंचे पायदान पर हैं। उन्होंने कहा कि मई 2014 में अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 107.09 डालर/बैरेल थी। जबकि आज कच्चे तेल की कीमत 73 डालर/बैरेल है।
यूपीए सरकार के समय से लगभग 40 प्रतिशत कम है। फिर भी पेट्रोल-डीजल की कीमतें इतिहास में सबसे अधिक है। भाजपा सरकार के केंद्र में सत्तासीन होने के बाद केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी में 12 बार वृद्धि की गई है। पूर्व विधायक हरीश बाजपेयी ने कहा कि दैनिक जरूरतों की वस्तुओं के बढ़ते हुए मूल्यों ने सभी भारतीयों का बजट बुरी तरह बिगाड़ दिया है।
देश की जनता इस ‘धन की लूट’ के लिए मोदी सरकार को कभी माफ नहीं करेगी। आगामी चुनावों में भाजपा को जवाब देगी। जिला महासचिव उत्कर्ष अवस्थी ने कहा कि भाजपा व उनके मित्र दलों की केंद्र सहित 21 प्रांतों में सरकार है।
इसके बावजूद प्रांतीय वैट व केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी लगाकर दोनों हाथों से देश के 132 करोड़ लोगों को लूटा जा रहा है। इस अवसर पर पुष्पा भार्गव, उत्तम कुमार शर्मा, कांशीराम भार्गव, सुरेश गुप्ता, अशोक सिंह मुन्ना, योगेन्द्र सिंह, घनश्याम शुक्ला, जमुना प्रसाद शर्मा आदि मौजूद रहे।