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नाबालिग के साथ दुष्कर्म के आरोपी को 14 वर्ष का सश्रम कारावास
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सीतापुर। अपर सत्र न्यायधीश कोर्ट संख्या 15 अशोक कुमार दुबे ने एक नाबालिग लड़की से दुष्कर्म के मामले में एक आरोपी को 14 वर्ष का कारावास व 10 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। मालूम रहे कि तालगांव थानाक्षेत्र के ग्राम फत्तेपुर निवासी राजेंद्र नामक एक व्यक्ति के विरूद्व मानपुर थाने में 29 दिसंबर 2015 को इस आशय की एक प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।
वादी के मुताबिक उसकी 10 वर्षीय पुत्री के साथ राजेंद्र ने दुष्कर्म किया और वह खेतों में बेहोशी की हालत में पाई गई। होश आने पर उसने घटना के बाबत परिजनों को बताया। मामले की प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज की गई, विवेचना करते हुए पुलिस ने राजेंद्र के विरुद्व आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया।
न्यायालय ने इस दौरान विचारण आए साक्ष्य के बाद न्यायधीश ने आरोपी को दोषी करार देते हुए उसे 14 वर्ष के सश्रम कारावास व 10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई है। न्यायालय ने यह भी व्यवस्था दी कि वसूले गए अर्थदंड को क्षतिपूर्ति के रूप में पीड़िता को दिया जाए। अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सुनीत शुक्ला ने की। (संवाद)
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वादी के मुताबिक उसकी 10 वर्षीय पुत्री के साथ राजेंद्र ने दुष्कर्म किया और वह खेतों में बेहोशी की हालत में पाई गई। होश आने पर उसने घटना के बाबत परिजनों को बताया। मामले की प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज की गई, विवेचना करते हुए पुलिस ने राजेंद्र के विरुद्व आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया।
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न्यायालय ने इस दौरान विचारण आए साक्ष्य के बाद न्यायधीश ने आरोपी को दोषी करार देते हुए उसे 14 वर्ष के सश्रम कारावास व 10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई है। न्यायालय ने यह भी व्यवस्था दी कि वसूले गए अर्थदंड को क्षतिपूर्ति के रूप में पीड़िता को दिया जाए। अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सुनीत शुक्ला ने की। (संवाद)
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