{"_id":"65833b2025dfdd4aae0842a4","slug":"training-given-to-prevent-filariasis-siddharthnagar-news-c-227-1-sdn1003-10091-2023-12-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: फाइलेरिया रोग से बचाव की दी गई ट्रेनिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: फाइलेरिया रोग से बचाव की दी गई ट्रेनिंग
Thu, 21 Dec 2023 12:36 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Thu, 21 Dec 2023 12:36 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल काॅलेज सभागार में बुधवार को फाइलेरिया रोग से बचाव के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें फाइलेरिया के उपचार व बचाव के लिए सभी सीएचसी अधीक्षक व बीसीपीएम को ट्रेनिंग दी गई। इसके बाद ये सीएचओ व एनएम को ट्रेनिंग देंगे। फाइलेरिया मरीज मिलने पर उन्हें तत्काल संबंधित अधिकारियों को जानकारी देंगे।
कम्यूनिटी मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डाॅ. नौशाद आलम ने कहा कि फाइलेरिया रोग से बचाव के लिए लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है। घर के पास गंदगी व पानी नहीं जमा होने दें। मादा क्यूलेक्स प्रजाति का मच्छर इस रोग का संवाहक है। फाइलेरिया रोग के मरीज को तत्काल पता नहीं चलता है, लेकिन इनमें अलग प्रकार के लक्षण होते हैं।
रोगी को ठंडक के साथ बुखार होने की शिकायत होती है। पैर में सूजन आने लगती है। इसे हाथीपांव भी कहते हैं। इससे बचाव के लिए लोगों को दवा का सेवन करना चाहिए। स्वास्थ्य विभाग की ओर से नियमित दवा वितरण किया जाता है।
विज्ञापन
इस दौरान सुनील चौधरी, समीर सिंह, सुरेंद्र पाल, अमित चौधरी, सभी अधीक्षक, बीसीपीएम व बीपीएम मौजूद रहे।
विज्ञापन
कम्यूनिटी मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डाॅ. नौशाद आलम ने कहा कि फाइलेरिया रोग से बचाव के लिए लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है। घर के पास गंदगी व पानी नहीं जमा होने दें। मादा क्यूलेक्स प्रजाति का मच्छर इस रोग का संवाहक है। फाइलेरिया रोग के मरीज को तत्काल पता नहीं चलता है, लेकिन इनमें अलग प्रकार के लक्षण होते हैं।
विज्ञापन
रोगी को ठंडक के साथ बुखार होने की शिकायत होती है। पैर में सूजन आने लगती है। इसे हाथीपांव भी कहते हैं। इससे बचाव के लिए लोगों को दवा का सेवन करना चाहिए। स्वास्थ्य विभाग की ओर से नियमित दवा वितरण किया जाता है।
विज्ञापन
इस दौरान सुनील चौधरी, समीर सिंह, सुरेंद्र पाल, अमित चौधरी, सभी अधीक्षक, बीसीपीएम व बीपीएम मौजूद रहे।