फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Siddharthnagar News ›   Siddharthnagar News: Firecrackers burst as the temple doors opened for the Goddess; the town echoed with devotional chants

Siddharthnagar News: मां के पट खुलते ही फूटे पटाखे, जयकारों से गूंजा कस्बा

Sat, 17 Oct 2026 12:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर Updated Sat, 17 Oct 2026 12:02 AM IST
विज्ञापन
Siddharthnagar News: Firecrackers burst as the temple doors opened for the Goddess; the town echoed with devotional chants
शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर डुमरियागंज क्षेत्र के बेवा चौराहा के अस्पताल रोड पर स्थापित की गई
- नगर पंचायत क्षेत्र में अधिकांश दुर्गा मूर्तियां मंडपों में स्थापित, रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगाए पंडाल
विज्ञापन

- मूर्तिकार बोले- आंधी और बारिश से मूर्तियां क्षतिग्रस्त होने पर बढ़ी लागत
शोहरतगढ़। शारदीय नवरात्र के छठे दिन शुक्रवार को नगर पंचायत क्षेत्र में अधिकांश दुर्गा मूर्तियां गाजे-बाजे के साथ मंडपों में स्थापित की गईं। पूजा-अर्चना के बाद मां के नेत्रों से पर्दा हटते ही पटाखे फूटने लगे। जयकारों से पूरा कस्बा गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की।
श्रद्धालुओं ने अपने-अपने पंडालों को आकर्षक ढंग से सजाया है। रंग-बिरंगी बिजली की झालरों से सजे पंडाल लोगों को आकर्षित कर रहे हैं। मां के भक्ति गीतों से पूरा कस्बा भक्तिमय हो गया है। नगर पंचायत क्षेत्र के भारत माता चौक, इक्कावन तिराहा, सोनारी, धोबी मोहल्ला, गोलघर, नीबी दोहनी, गड़ाकुल, छतहरा और छतहरी में दुर्गा मूर्तियां स्थापित की गई हैं। इनके दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू हो गई है। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर पुलिसकर्मी नगर में भ्रमण कर गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं।
विज्ञापन

मूर्तिकार अधीर विश्वास ने बताया कि इस बार छोटी-बड़ी मिलाकर करीब 200 दुर्गा मूर्तियां बनाई गई हैं। इनकी कीमत 10 हजार से लेकर 30 हजार रुपये तक रही। ग्रामीण क्षेत्रों की अधिकतर मूर्तियां पहले ही भेजी जा चुकी हैं जबकि बड़ी और महंगी मूर्तियां नेपाल के श्रद्धालु ले गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि पिछले दिनों तेज आंधी और बारिश के कारण कुछ मूर्तियां क्षतिग्रस्त हो गई थीं। उन्हें दोबारा ठीक करने में अतिरिक्त समय और पैसा खर्च करना पड़ा। इससे मूर्तिकारों की लागत बढ़ गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed