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Siddharthnagar News: वन बाबा समाधि स्थल पर शुरू हुआ श्रीराम महायज्ञ
Tue, 31 Mar 2026 12:59 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Tue, 31 Mar 2026 12:59 AM IST
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कपिलवस्तु। भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र के वन बाबा ब्रह्मलीन समाधि स्थल चाकर चौड़ा में सोमवार को श्रद्धा और उत्साह के बीच श्रीराम महायज्ञ और विराट संत सम्मेलन का शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत महिलाओं की भव्य कलश यात्रा से हुई, जिसमें महिलाएं चाकर चौड़ा के सिसई नाले से जल भरकर अलीगढ़वा दुर्गा मंदिर होते हुए यज्ञ स्थल पहुंचीं और मंत्रोच्चार के साथ कलश स्थापना की।
नौ दिवसीय इस महायज्ञ के दौरान संत दर्शन, प्रवचन, कीर्तन और रामलीला जैसे धार्मिक आयोजनों का क्रम जारी रहेगा। यज्ञ का समापन हवन के साथ सात अप्रैल को होगा। आयोजकों ने बताया कि सृष्टि के प्रारंभ में स्वयंभू ब्रह्मा ने यज्ञ के माध्यम से सृष्टि की रचना की और मनुष्यों को यज्ञ के जरिये देवताओं की पूजा-अर्चना कर उन्हें प्रसन्न करने का संदेश दिया। अग्नि, जल, वायु, पृथ्वी और आकाश के देवताओं की कृपा से ही मानव जीवन सुरक्षित और संतुलित रहता है। उन्होंने कहा कि जब-जब पृथ्वी पर अधर्म और अत्याचार बढ़ा है, तब-तब मुनि-महात्माओं ने यज्ञ के माध्यम से भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के रूप में अवतार लेकर धर्म की स्थापना की है।
इस अवसर पर यज्ञ पीठाधीश्वर कौशल किशोर पांडेय, सीडीओ पाठक, अभय गुप्ता, सुनील कुमार पांडेय, सतीश जायसवाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु और अनुयायी उपस्थित रहे।
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नौ दिवसीय इस महायज्ञ के दौरान संत दर्शन, प्रवचन, कीर्तन और रामलीला जैसे धार्मिक आयोजनों का क्रम जारी रहेगा। यज्ञ का समापन हवन के साथ सात अप्रैल को होगा। आयोजकों ने बताया कि सृष्टि के प्रारंभ में स्वयंभू ब्रह्मा ने यज्ञ के माध्यम से सृष्टि की रचना की और मनुष्यों को यज्ञ के जरिये देवताओं की पूजा-अर्चना कर उन्हें प्रसन्न करने का संदेश दिया। अग्नि, जल, वायु, पृथ्वी और आकाश के देवताओं की कृपा से ही मानव जीवन सुरक्षित और संतुलित रहता है। उन्होंने कहा कि जब-जब पृथ्वी पर अधर्म और अत्याचार बढ़ा है, तब-तब मुनि-महात्माओं ने यज्ञ के माध्यम से भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के रूप में अवतार लेकर धर्म की स्थापना की है।
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इस अवसर पर यज्ञ पीठाधीश्वर कौशल किशोर पांडेय, सीडीओ पाठक, अभय गुप्ता, सुनील कुमार पांडेय, सतीश जायसवाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु और अनुयायी उपस्थित रहे।
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