{"_id":"62151b52edc1206bba62e92f","slug":"sahalag-is-over-now-the-bandwagon-will-play-in-abuja-muhurta-siddharthnagar-news-gkp427811960","type":"story","status":"publish","title_hn":"सहालग खत्म, अब अबूझ मुहूर्त में बजेगा बैंडबाजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सहालग खत्म, अब अबूझ मुहूर्त में बजेगा बैंडबाजा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहालग खत्म, अब अबूझ मुहूर्त में बजेगा बैंडबाजा
24 फरवरी तक शादी समारोह का होगा आयोजन
डुमरियागंज (सिद्धार्थनगर)। शादी, ब्याह के लिए शुभ मुहूर्त निकालने की परंपरा है। कुछ अबूझ मुहूर्त ऐसे भी होते हैं, जिनमें शादी, ब्याह जैसे शुभ कार्य किए जा सकते हैं। रविवार को सहालग खत्म होने के बावजूद आने वाले दिनों में अबूझ मुहूर्त में बैंड बाजे बजते रहेंगे। नगर के रामलीला मैदान स्थित शिव मंदिर मंदिर के पुजारी पं. राकेश शास्त्री ने बताया कि शादी, ब्याह के लिए 20 जनवरी से सहालग चल रहे थे, जिनका रविवार को समापन हो गया है। मगर, 24 फरवरी तक शादी समारोह का आयोजन होता रहेगा। शास्त्री ने बताया कि लोग लड़की के गुरु और लड़के के सूर्य, चंद्रमा के ज्योतिषीय गणना के आधार पर निकले समय में शादी का आयोजन कर रहे हैं। इसमें खास ध्यान यह रखना पड़ता है कि विवाह वाले दिन चंद्रमा शुभ होना चाहिए।
---
फुलैरा दौज पर रहेगा अबूझ मुहूर्त
पंडित राकेश शास्त्री ने बताया कि चार मार्च को फुलैरा दौज पर अबूझ मुहूर्त रहेगा, जिसमें शादी, विवाह जैसे कार्य संपन्न हो सकते हैं। इसके बाद 17 अप्रैल से सहालग शुरू हो जाएगी, जो कि नौ जुलाई तक चलेगी। 10 जुलाई को देवशयनी एकादशी के साथ चतुर्मास शुरू हो जाएगा और नवंबर तक शादियों के मुहूर्त नहीं होंगे। 21 नवंबर से 14 दिसंबर तक फिर शुभकार्य हो सकेंगे।
14 मार्च से 14 अप्रैल तक खरमास
पंडित राकेश शास्त्री ने बताया कि सूर्य 14 मार्च को मीन राशि में गोचर कर रहे हैं। साथ ही खरमास की शुरुआत हो जाएगी। सूर्य एक माह तक इसी राशि में रहेंगे। 14 अप्रैल को सूर्य मेष राशि में प्रवेश करने के साथ खरमास का समापन होगा।
विज्ञापन
चार माह में 40 दिन बजेगी शहनाई
खरमास के बाद अप्रैल से जुलाई तक चार माह के बीच 40 दिन शहनाई बजेगी, क्योंकि अप्रैल में 08, मई में 14, जून में 11 और जुलाई में 07 दिन लग्न के शुभ मुहूर्त हैं। 10 जुलाई को देवशयनी एकादशी के साथ ही चार माह के लिए विवाह संस्कार सहित मांगलिक कार्य फिर रुक जाएंगे और नवंबर में देवउठनी एकादशी के साथ शुरू हो जाएंगे।
विज्ञापन
24 फरवरी तक शादी समारोह का होगा आयोजन
डुमरियागंज (सिद्धार्थनगर)। शादी, ब्याह के लिए शुभ मुहूर्त निकालने की परंपरा है। कुछ अबूझ मुहूर्त ऐसे भी होते हैं, जिनमें शादी, ब्याह जैसे शुभ कार्य किए जा सकते हैं। रविवार को सहालग खत्म होने के बावजूद आने वाले दिनों में अबूझ मुहूर्त में बैंड बाजे बजते रहेंगे। नगर के रामलीला मैदान स्थित शिव मंदिर मंदिर के पुजारी पं. राकेश शास्त्री ने बताया कि शादी, ब्याह के लिए 20 जनवरी से सहालग चल रहे थे, जिनका रविवार को समापन हो गया है। मगर, 24 फरवरी तक शादी समारोह का आयोजन होता रहेगा। शास्त्री ने बताया कि लोग लड़की के गुरु और लड़के के सूर्य, चंद्रमा के ज्योतिषीय गणना के आधार पर निकले समय में शादी का आयोजन कर रहे हैं। इसमें खास ध्यान यह रखना पड़ता है कि विवाह वाले दिन चंद्रमा शुभ होना चाहिए।
---
फुलैरा दौज पर रहेगा अबूझ मुहूर्त
पंडित राकेश शास्त्री ने बताया कि चार मार्च को फुलैरा दौज पर अबूझ मुहूर्त रहेगा, जिसमें शादी, विवाह जैसे कार्य संपन्न हो सकते हैं। इसके बाद 17 अप्रैल से सहालग शुरू हो जाएगी, जो कि नौ जुलाई तक चलेगी। 10 जुलाई को देवशयनी एकादशी के साथ चतुर्मास शुरू हो जाएगा और नवंबर तक शादियों के मुहूर्त नहीं होंगे। 21 नवंबर से 14 दिसंबर तक फिर शुभकार्य हो सकेंगे।
विज्ञापन
14 मार्च से 14 अप्रैल तक खरमास
पंडित राकेश शास्त्री ने बताया कि सूर्य 14 मार्च को मीन राशि में गोचर कर रहे हैं। साथ ही खरमास की शुरुआत हो जाएगी। सूर्य एक माह तक इसी राशि में रहेंगे। 14 अप्रैल को सूर्य मेष राशि में प्रवेश करने के साथ खरमास का समापन होगा।
विज्ञापन
चार माह में 40 दिन बजेगी शहनाई
खरमास के बाद अप्रैल से जुलाई तक चार माह के बीच 40 दिन शहनाई बजेगी, क्योंकि अप्रैल में 08, मई में 14, जून में 11 और जुलाई में 07 दिन लग्न के शुभ मुहूर्त हैं। 10 जुलाई को देवशयनी एकादशी के साथ ही चार माह के लिए विवाह संस्कार सहित मांगलिक कार्य फिर रुक जाएंगे और नवंबर में देवउठनी एकादशी के साथ शुरू हो जाएंगे।