संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। बारिश और उमस भरी गर्मी के कारण लोग बीमार पड़ने लगे हैं। अधिकतर रोगी दाद, खाज और खुजली के आ रहे हैं। बारिश और उमस भरे मौसम में फंगल इंफेक्शन का खतरा बढ़ गया है। दाद-खजुली के मरीजों में इजाफा हुआ है।
माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज के स्किन रोग विभाग में प्रतिदिन 100 से 150 मरीज आ रहे हैं, लेकिन बारिश के साथ तेज धूप होने से 70 फीसदी मरीज बैक्टेरियल, दाद खाज फंगल इन्फेक्शन के आ रहे हैं। बारिश और उमस भरी गर्मी के कारण लोग बीमार भी पड़ने लगे हैं। अधिकतर रोगी दाद, खाज और खुजली के आ रहे हैं। डाॅ. अरफूल खान ने बताया कि इस मौसम में त्वचा का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। चेहरे को परेशानी का सामना भी करना पड़ सकता है। बरसात के मौसम में तापमान में नमी अधिक होती है। इसके कारण स्किन भी प्रभावित होती है। ह्यूमिडिटी अधिक होने से पर्यावरण में बैक्टीरिया व कीटाणुओं की भी अधिकता होती है। इसके कारण दाद, खाज और खुजली जैसी बीमारी हो जाती है। कई बार ये परेशानियां गंभीर भी हो सकती हैं। ऐसे में इनका तुरंत उपचार होना बेहद जरूरी है।ह