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Siddharthnagar News: डॉ. आशुतोष लिनियन सोसाइटी के फेलो चुने गए
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डॉ. आशुतोष श्रीवास्तव
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के प्राणी विज्ञान विभाग के अध्यक्ष एवं सहआचार्य डॉ. आशुतोष श्रीवास्तव को लंदन की लिनियन सोसाइटी के फेलो के रूप में चुना गया है। लंदन की लिनियन सोसाइटी 1788 में स्थापित एक प्रतिष्ठित और ऐतिहासिक सोसाइटी है। जो प्राकृतिक इतिहास, वर्गीकरण विज्ञान और विकास पर केंद्रित है। यह विश्व की सबसे पुरानी जैविक सोसाइटी है।
प्राकृतिक चयन द्वारा विकास पर उनका सिद्धांत अपने समय में अभूतपूर्व रहा और आज भी अध्ययन का विषय है। डॉ. आशुतोष श्रीवास्तव रॉयल नॉर्वेजियन गवर्नमेंट फेलोशिप और याग्ड्रासिल रिसर्च फेलोशिप के भी प्राप्तकर्ता हैं। इससे पहले उन्हें इंडस फाउंडेशन यूएसए की तरफ से अनुसंधान उत्कृष्टता पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है।
वह मत्स्य पालन और जलीय विष विज्ञान के क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता और मशीन लर्निंग जैसी तकनीकों के साथ काम कर रहे हैं। कुलपति प्रो. कविता शाह ने उनकी उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की और उन्हें फेलोशिप के लिए बधाई दी।
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सिद्धार्थनगर। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के प्राणी विज्ञान विभाग के अध्यक्ष एवं सहआचार्य डॉ. आशुतोष श्रीवास्तव को लंदन की लिनियन सोसाइटी के फेलो के रूप में चुना गया है। लंदन की लिनियन सोसाइटी 1788 में स्थापित एक प्रतिष्ठित और ऐतिहासिक सोसाइटी है। जो प्राकृतिक इतिहास, वर्गीकरण विज्ञान और विकास पर केंद्रित है। यह विश्व की सबसे पुरानी जैविक सोसाइटी है।
प्राकृतिक चयन द्वारा विकास पर उनका सिद्धांत अपने समय में अभूतपूर्व रहा और आज भी अध्ययन का विषय है। डॉ. आशुतोष श्रीवास्तव रॉयल नॉर्वेजियन गवर्नमेंट फेलोशिप और याग्ड्रासिल रिसर्च फेलोशिप के भी प्राप्तकर्ता हैं। इससे पहले उन्हें इंडस फाउंडेशन यूएसए की तरफ से अनुसंधान उत्कृष्टता पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है।
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वह मत्स्य पालन और जलीय विष विज्ञान के क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता और मशीन लर्निंग जैसी तकनीकों के साथ काम कर रहे हैं। कुलपति प्रो. कविता शाह ने उनकी उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की और उन्हें फेलोशिप के लिए बधाई दी।
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