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हैवानियत ः मां को गड़ासे से काटा, मौत
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
Updated Fri, 19 Aug 2016 10:40 PM IST
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शांति देवी की मौत के बाद रोते-बिलखते परिवार के लोग।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सिद्धार्थनगर। खेसरहा थाना क्षेत्र के अइचनी गांव में एक बेरहम बेटे ने पेंशन की रकम के लिए पत्नी के साथ मिलकर अपनी मां की गड़ासे से काटकर हत्या कर दी। भाई और भाभी की क्रूरता देख छोटे भाई ने एक दुकान में छिपकर अपनी जान बचाई। मौके पर पहुंचे आसपास के लोग वृद्धा को एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल ले गए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दिल दहला देने वाली इस घटना से गांव में सनसनी फैल गई है। घटना की सूचना पर सीओ बांसी व एसओ मौके पर पहुंचकर जांच में जुटे हैं।
गांव निवासी अखिलेश तिवारी के पिता त्रियुगी तिवारी का 15 वर्ष पहले निधन हो गया था। अखिलेश की मां शांती देवी उनके हिस्से की जमीन लेकर रहती थी। शुक्रवार की सुबह अखिलेश अपनी मां को वृद्धा पेंशन की रकम निकालने के लिए बाइक से खेसरहा स्थित बैंक जा रहा था। अभी वह गांव से एक किलो मीटर दूर सकारपार- सेमरहना गांव के पास स्थित राईस मिल के पास पहुंचा ही था कि बड़े बेटे लालजी ने अपनी पत्नी के साथ पीछे से बाइक में टक्कर मार दिया।
जिससे मां सहित अखिलेश बाइक से गिर गया। कोई कुछ समझ पाता उससे पहले लाल जी ने पत्नी के सहयोग से मिलकर अपनी मां शांती देवी पर गड़ासे से हमला कर दिया। अखिलेश ने मां को बचाना चाहा तो उस पर हमला बोल दिया। इस बीच लालजी और उसकी पत्नी ने मिलकर बड़ी बेरहमी से शांति देवी के गले पर गड़ासे से ताबड़तोड़ कई प्रहार कर दिया। कुछ ही देर में तड़पकर वृद्धा की मौत हो गई। अखिलेश भागकर एक दुकान में छिप गया वरना उसे भी मार दिया गया होता।
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घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पीएम के लिए भेज दिया है। थानाधक्ष आरडी मौर्य ने बताया कि घटना की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पहली नजर में मामला संपत्ति विवाद का नजर आ रहा है। मामले की जांच की जा रही है और आरोपियों को पकड़ने की कोशिश में पुलिस लगी है।
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गांव निवासी अखिलेश तिवारी के पिता त्रियुगी तिवारी का 15 वर्ष पहले निधन हो गया था। अखिलेश की मां शांती देवी उनके हिस्से की जमीन लेकर रहती थी। शुक्रवार की सुबह अखिलेश अपनी मां को वृद्धा पेंशन की रकम निकालने के लिए बाइक से खेसरहा स्थित बैंक जा रहा था। अभी वह गांव से एक किलो मीटर दूर सकारपार- सेमरहना गांव के पास स्थित राईस मिल के पास पहुंचा ही था कि बड़े बेटे लालजी ने अपनी पत्नी के साथ पीछे से बाइक में टक्कर मार दिया।
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जिससे मां सहित अखिलेश बाइक से गिर गया। कोई कुछ समझ पाता उससे पहले लाल जी ने पत्नी के सहयोग से मिलकर अपनी मां शांती देवी पर गड़ासे से हमला कर दिया। अखिलेश ने मां को बचाना चाहा तो उस पर हमला बोल दिया। इस बीच लालजी और उसकी पत्नी ने मिलकर बड़ी बेरहमी से शांति देवी के गले पर गड़ासे से ताबड़तोड़ कई प्रहार कर दिया। कुछ ही देर में तड़पकर वृद्धा की मौत हो गई। अखिलेश भागकर एक दुकान में छिप गया वरना उसे भी मार दिया गया होता।
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घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पीएम के लिए भेज दिया है। थानाधक्ष आरडी मौर्य ने बताया कि घटना की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पहली नजर में मामला संपत्ति विवाद का नजर आ रहा है। मामले की जांच की जा रही है और आरोपियों को पकड़ने की कोशिश में पुलिस लगी है।