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‘खेती में नई तकनीक का करें प्रयोग’
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‘खेती में नई तकनीक का करें प्रयोग’
- इटवा क्षेत्र के ग्राम धनधरा में किसान गोष्ठी का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
इटवा। तहसील क्षेत्र के ग्राम धनधरा में फसल अवशेष प्रबंधन परियोजना के तहत बुधवार को किसान संगोष्ठी का आयोजन हुआ। कृषि वैज्ञानिकों ने कम लागत में बेहतर उपज पाने और खेती में नवीनतम तकनीक के इस्तेमाल के प्रति किसानों को जागरूक किया।
कृषि वैज्ञानिक डॉ. ओम प्रकाश ने कहा कि धान की फसल के बाद, गेहूं की सीधी बुआई किसानों के लिए काफी लाभदायक है। इससे किसानों को प्रति एकड़ तीन हजार रुपये तक की बचत होती है। प्रोजेक्ट इंचार्ज डॉ. प्रदीप कुमार ने कहा कि संगोष्ठी के जरिए कृषि विशेषज्ञों और किसानों में संवाद स्थापित होता है। खेती में आने वाली नई तकनीक के बारे में किसानों को जागरूक रहना चाहिए। नवीनतम विधि से खेती करने से धन और श्रम दोनों की बचत होती है। कार्यक्रम सहायक नीलम सिंह ने कहा कि सीधी बुआई से गेहूं की फसलों में सिंचाई की जरूरत कम होती है। जिसके कारण खरपतवार, बीमारियां और कीटों का प्रकोप कम होता है। इस अवसर पर राम उजागर चौधरी, रोशन, शब्बीर हुसैन, राम छबीले, राम सिंह चौधरी, अजय कुमार, किशन चौधरी, दिलीप चौधरी ,हीरालाल यादव आदि मौजूद रहे।
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- इटवा क्षेत्र के ग्राम धनधरा में किसान गोष्ठी का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
इटवा। तहसील क्षेत्र के ग्राम धनधरा में फसल अवशेष प्रबंधन परियोजना के तहत बुधवार को किसान संगोष्ठी का आयोजन हुआ। कृषि वैज्ञानिकों ने कम लागत में बेहतर उपज पाने और खेती में नवीनतम तकनीक के इस्तेमाल के प्रति किसानों को जागरूक किया।
कृषि वैज्ञानिक डॉ. ओम प्रकाश ने कहा कि धान की फसल के बाद, गेहूं की सीधी बुआई किसानों के लिए काफी लाभदायक है। इससे किसानों को प्रति एकड़ तीन हजार रुपये तक की बचत होती है। प्रोजेक्ट इंचार्ज डॉ. प्रदीप कुमार ने कहा कि संगोष्ठी के जरिए कृषि विशेषज्ञों और किसानों में संवाद स्थापित होता है। खेती में आने वाली नई तकनीक के बारे में किसानों को जागरूक रहना चाहिए। नवीनतम विधि से खेती करने से धन और श्रम दोनों की बचत होती है। कार्यक्रम सहायक नीलम सिंह ने कहा कि सीधी बुआई से गेहूं की फसलों में सिंचाई की जरूरत कम होती है। जिसके कारण खरपतवार, बीमारियां और कीटों का प्रकोप कम होता है। इस अवसर पर राम उजागर चौधरी, रोशन, शब्बीर हुसैन, राम छबीले, राम सिंह चौधरी, अजय कुमार, किशन चौधरी, दिलीप चौधरी ,हीरालाल यादव आदि मौजूद रहे।
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