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स्वयं पर विजय पाना ही वास्तविक जीत : भंवरानंद
Tue, 30 Dec 2025 12:03 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Tue, 30 Dec 2025 12:03 AM IST
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बोधि वृक्ष की पूजा करते कंबोडिया से आए अनुयायी।- संवाद
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कटरा। बौद्ध तपोस्थली श्रावस्ती सोमवार को कंबोडिया से आए अनुयायियों के 30 सदस्यीय दल से गुलजार रही। सभी ने बौद्ध भिक्षु भंवरानंद के नेतृत्व में पारंपरिक ढंग से बोधि वृक्ष की पूजा-अर्चना की। इस दौरान बौद्ध सभा का भी आयोजन किया गया।
बौद्ध सभा को संबोधित करते हुए भिक्षु भंवरानंद ने कहा कि मनुष्य का क्रोध पर विजय पाना बेहद जरूरी है। क्रोध के चलते मनुष्य को सजा मिलती है। क्रोध पर विजय पाने के लिए ध्यान का सहारा लेना चाहिए। ध्यान से मन शांत होता है और नकारात्मक विचारों का अंत होता है।
आगे कहा कि हजारों लड़ाइयों के बाद भी मनुष्य तब तक नहीं जीत सकता, जब तक वह अपने ऊपर विजय प्राप्त नहीं कर लेता है। मनुष्य को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने से ज्यादा अपनी यात्रा पर ध्यान देना चाहिए।
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सभा के बाद अनुयायियों ने कौशांबी कुटी, सूर्यकुंड, सभा मंडप, गंध कुटी, राहुल कुटी, संघा बुद्ध विहार, कच्ची कुटी-पक्की कुटी आदि का भ्रमण कर स्थलों के इतिहास संबंधी जानकारी ली। इस दौरान भिक्षु आनंद सागर, नाग लोक, धम्म सागर, गाना लोक व विद्यावती आदि मौजूद रहीं।
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बौद्ध सभा को संबोधित करते हुए भिक्षु भंवरानंद ने कहा कि मनुष्य का क्रोध पर विजय पाना बेहद जरूरी है। क्रोध के चलते मनुष्य को सजा मिलती है। क्रोध पर विजय पाने के लिए ध्यान का सहारा लेना चाहिए। ध्यान से मन शांत होता है और नकारात्मक विचारों का अंत होता है।
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आगे कहा कि हजारों लड़ाइयों के बाद भी मनुष्य तब तक नहीं जीत सकता, जब तक वह अपने ऊपर विजय प्राप्त नहीं कर लेता है। मनुष्य को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने से ज्यादा अपनी यात्रा पर ध्यान देना चाहिए।
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सभा के बाद अनुयायियों ने कौशांबी कुटी, सूर्यकुंड, सभा मंडप, गंध कुटी, राहुल कुटी, संघा बुद्ध विहार, कच्ची कुटी-पक्की कुटी आदि का भ्रमण कर स्थलों के इतिहास संबंधी जानकारी ली। इस दौरान भिक्षु आनंद सागर, नाग लोक, धम्म सागर, गाना लोक व विद्यावती आदि मौजूद रहीं।