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जलभराव व गंदगी से जूझ रहे कांशीराम आवास के वाशिंदे

Fri, 07 Aug 2020 09:45 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 07 Aug 2020 09:45 PM IST
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Residents of Kanshiram residence struggling with waterlogging and filth
इकौना (श्रावस्ती)। शासन की ओर से कस्बों में स्वच्छता के लिए स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत नगर पंचायत इकौना में वृहद स्वच्छता अभियान चलाने का दावा भी किया जा रहा है। वहीं इसके विपरीत नगर के वीआईपी वार्ड गौतमनगर में बीआरसी के बगल बने कांशीराम शहरी निर्बल आवास इस अभियान को आइना दिखा रहे हैं। लोगों को जलभराव व गंदगी के बीच आना जाना पड़ रहा है।
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स्वच्छ भारत मिशन के तहत केंद्र व प्रदेश सरकार की ओर से मौजूदा समय विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत नगर पंचायत इकौना को स्वच्छ नगर बनाने का दावा किया जा रहा है। वहीं इसके विपरीत इकौना नगर के गौतमनगर स्थित बीआरसी कार्यालय के बगल बने कांशीराम आवास के सामने व रास्ते पर महीनों से जलभराव की समस्या है। यहां व्याप्त गंदगी नगर पंचायत के स्वच्छता अभियान को आइना दिखा रही है।
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यही नहीं बीआरसी, एएनएम सेंटर, प्राथमिक विद्यालय, महामाया राजकीय बालिका इंटर कॉलेज जाने वाले रास्तों पर काफी दिनों से पानी भरा है। इससे लोगों को आने जाने में परेशानी उठानी पड़ रही है। कांशीराम शहरी आवास में रह रहे सुभाष व पप्पू ने बताया कि करीब 6 माह से आवास के सामने गंदा पानी जमा है। इसको लेकर कई बार नगर पंचायत के जिम्मेदार अधिकारियों से गुहार लगाई गई। किसी ने इस समस्या की तरफ ध्यान नहीं दिया।
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ऐसे में आवास में रह रहे लोगों को गंदगी से होकर आना जाना पड़ रहा है। बुधई व छोटू ने बताया सबसे ज्यादा समस्या बच्चों को हो रही है। कई बार तो आवास में रह रहे बच्चे गंदे पानी में गिर कर चोट भी खा चुके है। रामबाबू व नजमा ने बताया कि कहने को तो हम लोग नगर के पक्के मकान में रह रहे हैं। यहां की हालत सबसे पिछड़े गांव से भी बदतर है।

इस बारे में वार्ड के सभासद एहसानउल्ला चौधरी ने बताया कि जलनिकासी के लिए नाली व अन्य साधन न होने से वार्ड का अधिकांश भाग चार पांच महीने तक जलभराव की समस्या से जूझता रहता है। बोर्ड प्रस्ताव के बावजूद नगर पंचायत की तरफ से जल निकासी की समस्या को अनदेखा किया जाता रहा है। जिससे यह परेशानी बनी हुई है।
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