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धनतेरस पर बाजार रहे गुलजार, उमड़े खरीददार

Sat, 26 Oct 2019 12:00 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 26 Oct 2019 12:00 AM IST
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Market was buzzing on Dhanteras, buyers gathered
भिनगा में धनतेरस पर खरीदारी करते लोग। - फोटो : SRAWASTI
श्रावस्ती। धनतेरस पर्व को लेकर बाजारों में रौनक छाई रही। दिन भर दुकानों पर खरीददारों की भीड़ जुटी रही। इस दौरान सबसे ज्यादा भीड़ जेवरात और बर्तनों की दुकानों पर रही। लोगों ने पूजा-अर्चना के लिए भगवान की मूर्तियां भी खरीदीं। प्रकाश पर्व से पूर्व शुक्रवार को आयुर्वेद के जनक भगवान धनवंतरि की जयंती मनाई गई। इस दौरान लोगों ने भगवान धनवंतरि की पूजा कर अपने व अपनों के सुखमय जीवन की कामना की।
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कार्तिक मास कृष्ण पक्ष के तेरस को भगवान धनवंतरि की जयंती धनतेरस के रूप में मनाई गई। इसके साथ दीपों के महापर्व दीपावली का आगाज हो चुका है। धनतेरस पर्व को लेकर बाजारों में रौनक छाई रही। दिन भर दुकानों पर खरीददारों की भीड़ जुटी रही।
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पौराणिक मान्यता है कि आज के ही दिन देवताओं के वैद्य भगवान धनवंतरि का अवतरण हुआ था। उन्होंने आयुर्वेद विद्या की रचना कर जगत को आयुर्वेद के गुणों के बारे में बताया था। मानव जीवन में सुख व समृद्धि के लिए धन के लिए लक्ष्मी व स्वास्थ्य के लिए आयुर्वेद को नितांत आवश्यक माना गया है।
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स्वास्थ्य के दो रूप माने गए हैं। जिनमें पहला शारीरिक व दूसरा मानसिक स्वास्थ्य हैं। यह दोनों बिना लक्ष्मी व आयुर्वेद के संभव नहीं है। इसी के चलते धनतेरस पर जहां लोगों ने आयुर्वेद के जनक भगवान धनवंतरि की पूजा अर्चना की। साथ ही लोगों ने नए पात्र, वस्त्र एवं जेवरात लाकर विधिविधान पूर्वक पूजन अर्चन कर उसे धारण किया। इस अवसर पर वैद्यों ने अपने घरों व दुकानों पर भगवान धनवंतरि की पारंपरिक ढंग से पूजन अर्चन कर उनके गुणों को अपने में समाहित करने की कामना की।
जिले में पांच करोड़ का हुआ कारोबार
श्रावस्ती। धनतेरस पर शुक्रवार सोने चांदी से लेकर मिट्टी के भगवान की मूर्तियां खूब बिकीं। बाजार में इनकी कीमत 25 रुपये से लेकर पांच सौ रुपये तक रही। धनतेरस के दिन जिले में कुल बिके सिक्कों में विक्टोरिया सिक्के लगभग 50 लाख रुपये व ढ़लुवा गणेश लक्ष्मी के सिक्के, मूर्ति 25 लाख तक के बिके। इसी के साथ ही चांदी के अन्य सामानों की बिक्री 15 लाख के आसपास रही। जबकि मिट्टी की मूर्तियाें की दुकानों पर भी दोपहर बाद से देर रात तक भीड़ रही। भिनगा बाजार में लगने वाली दुकानों पर 65 इलेक्ट्रानिक झालर, शोपीस के साथ मूर्तियां बेचने वाले दुकानों की भी बिक्री लगभग दस लाख का आंकड़ा पार कर गई। यही हाल इकौना, जमुनहा, सिरसिया, गिलौला, बदला, लक्ष्मण नगर बाजार, लक्ष्मणपुर बाजार का भी रहा। जहां सोने चांदी से ज्यादा मिट्टी की मूर्तियां ही बिकीं।

यह रहा भाव
चांदी का नया सिक्का (दस ग्राम) - 450 रुपये
चांदी का नोट (5 ग्राम) - 250 रुपये
डालर (दस ग्राम) - 500 रुपये
डालर (बीस ग्राम) - 1000 रुपये
सिक्का (पुराना विक्टोरिया) - 750 रुपये
चांदी की गणेश लक्ष्मी की मूर्ति (50 ग्राम) - 2500 रुपये
चांदी की गणेश लक्ष्मी की मूर्ति (100 ग्राम) - 5000 रुपये
सोने का सिक्का
दो ग्राम - 8000 रुपये
पांच ग्राम - 20000 रुपये
लाई - 50 रुपये प्रति किग्रा
चूरा - 40 रुपये प्रति किग्रा
भुरकी - 60 रुपये प्रति किग्रा
धान का लावा - 60 रुपये प्रति किग्रा
दिया - 40 रुपये सैकड़ा
त्योहार के मद्देनजर अधिकारियों ने लिया बाजार का जायजा
धनतेरस पर भिनगा व इकौना नगर सहित बाजारों में काफी चहल पहल रही। ऐसे में डीएम यशु रुस्तगी, एसपी आशीष श्रीवास्तव व सीडीओ अवनीश राय सहित पुलिस क्षेत्राधिकारियों व थाना तथा चौकी प्रभारियों ने बाजारों का पैदल भ्रमण कर जायजा लिया। वहीं एएसपी बीसी दुबे ने मल्हीपुर थाना क्षेत्र के गिरंट, बदला, तथा सोनवा थाना क्षेत्र के नासिरगंज, रत्नापुर, सोनवा, लक्ष्मणनगर का भ्रमण किया गया। इस दौरान उन्होंने सराफा, बर्तन सहित अन्य व्यवसायियों को सतर्क रहने की सलाह दी।
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