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Shravasti News: सूचना न देना पड़ा भारी, लगा 25 हजार का जुर्माना
Thu, 03 Aug 2023 11:50 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Thu, 03 Aug 2023 11:50 PM IST
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श्रावस्ती। जनसूचना के अधिकार के तहत मांगी गई सूचना न देना एक ग्राम पंचायत सचिव को भारी पड़ा। इस मामले में राज्य सूचना आयोग ने सख्त कार्रवाई करते हुए दोषी ग्राम पंचायत सचिव आशीष मिश्र पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इसकी वसूली उसके वेतन से होगी। इस मामले में ग्राम पंचायत सिटकहना निवासी अरुण कुमार विश्वकर्मा ने कई बिंदुओं पर कार्यालय जिला पंचायत राज अधिकारी से नवंबर 2021 में सूचना मांगी थी।
डेढ़ साल बीत जाने के बाद भी उसे वांछित सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई। इस मामले में प्रथम अपील पर भी मांगी गई सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई। इससे क्षुब्ध हो कर पीड़ित ने राज्य सूचना आयोग में वाद दायर किया था। मामला एसबीएम के तहत शौचालय के नाम पर सरकारी धन की हेराफेरी का थ। आयोग के निर्देश पर भी जनसूचना अधिकारी की ओर से आवेदक को शपथ पत्र के माध्यम से वांछित सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई।
इस पर 30 जून 2023 में हुई सुनवाई में वादी की तरफ से आयोग को बताया कि आयोग के पिछले आदेश के क्रम में जनसूचना अधिकारी द्वारा अब तक शपथ पत्र के माध्यम से वांछित सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई है।
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सूचना आयुक्त सुभाष चन्द्र सिंह ने ग्राम पंचायत सचिव आशीष मिश्र को आरटीआई अधिनियमों का उल्लंघन करने व आयोग के आदेशों की अवहेलना का दोषी मानते हुए 25 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। जुर्माना राशि दोषी ग्राम पंचायत सचिव के वेतन से तीन समान किस्तों में वसूली जाएगी।
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डेढ़ साल बीत जाने के बाद भी उसे वांछित सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई। इस मामले में प्रथम अपील पर भी मांगी गई सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई। इससे क्षुब्ध हो कर पीड़ित ने राज्य सूचना आयोग में वाद दायर किया था। मामला एसबीएम के तहत शौचालय के नाम पर सरकारी धन की हेराफेरी का थ। आयोग के निर्देश पर भी जनसूचना अधिकारी की ओर से आवेदक को शपथ पत्र के माध्यम से वांछित सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई।
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इस पर 30 जून 2023 में हुई सुनवाई में वादी की तरफ से आयोग को बताया कि आयोग के पिछले आदेश के क्रम में जनसूचना अधिकारी द्वारा अब तक शपथ पत्र के माध्यम से वांछित सूचनाएं उपलब्ध नहीं कराई गई है।
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सूचना आयुक्त सुभाष चन्द्र सिंह ने ग्राम पंचायत सचिव आशीष मिश्र को आरटीआई अधिनियमों का उल्लंघन करने व आयोग के आदेशों की अवहेलना का दोषी मानते हुए 25 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। जुर्माना राशि दोषी ग्राम पंचायत सचिव के वेतन से तीन समान किस्तों में वसूली जाएगी।