{"_id":"605cc4d78ebc3e590b344d78","slug":"action-taken-on-three-engineers-who-did-quality-work-in-shravasti-srawasti-news-lko5713959173","type":"story","status":"publish","title_hn":"श्रावस्ती में गुणवत्ता विहीन कार्य कराने वाले तीन इंजीनियरों पर हुई कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
श्रावस्ती में गुणवत्ता विहीन कार्य कराने वाले तीन इंजीनियरों पर हुई कार्रवाई
विज्ञापन
श्रावस्ती। जिला पंचायत में मानक विहीन कार्य कराने वाले अभियंता सहित दो अवर अभियंताओं को निलंबित कर दिया गया। जबकि अधोमानक कार्य करने वाले चार ठेकेदारों को काली सूची में डालने का आदेश शासन ने दिया है।
जिला पंचायत में हो रहे कार्यों के सत्यापन के लिए तीन माह पूर्व स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की ओर से वित्तीय वर्ष 2019-20 में आठ व 2020-21 के तीन कार्यों की जांच की गई थी। जांच के लिए मिन्हाज अहमद आए थे। जांच के दौरान जमुनहा के ग्राम पंचायत बहोरवा डामर रोड से खेलावन के खेत के पास जंगल तक सोलिंग कार्य लागत 11,15,400 रुपये, सिरसिया के पंचायत कटकुइयां गांव से सेमरी पक्की सड़क तक खड़ंजा कार्य लागत 9,10,000 रुपये हरिहरपुररानी के ग्राम ऐलहवा से धोबियन पुरवा गांव से पक्की रोड तक खड़ंजा कार्य लागत 5,48,000 रुपये, गिलौला के ग्राम पंचायत नेवरिया के ग्राम रामगढ़ी के बाहर सरोज के खेत होते हुए बड़ी बाग गांव के बाहर तक सोलिंग कार्य व एक पुलिया निर्माण लागत 14 लाख 500 रुपये में कराया गया था। यह सभी कार्य अनियमितता पूर्ण पाए गए थे।
जांच के दौरान स्टेट क्वालिटी मॉनीटर ने सभी कार्यों को अधोमानक बताया था। इस कार्य के लिए मेसर्स मल्हीपुर ईंट भट्ठा के प्रोपराइटर मोहम्मद यूनुस खान, ठेकेदार मायाराम यादव, मिथिलेश कुमार व ठेकेदार सुनील कुमार सिंह को दोषी पाया गया था। ऐसे में इन सभी फर्मों को अपर मुख्य सचिव पंचायत ने ब्लैक लिस्टेड करने के लिए डीएम को पत्र भेजा है। जबकि इस अधोमानक कार्य कराने वाले अभियंता जगदीश नारायण श्रीवास्तव, जेई शहीम हमद खां व कपिल देव यादव को निलंबित कर दिया है।
विज्ञापन
शासन की ओर से चार संस्था जिसमें मेसर्स मल्हीपुर ईंट भट्ठा, मायाराम यादुव, मिथिलेश कुमार व सुनील कुमार शामिल हैं, को काली सूची में डालने का निर्देश दिया गया है। जबकि एक अभियंता व दो अवर अभियंता को निलंबित करने का निर्देश दिया गया है। -श्रीकांत दुबे, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत
विज्ञापन
जिला पंचायत में हो रहे कार्यों के सत्यापन के लिए तीन माह पूर्व स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की ओर से वित्तीय वर्ष 2019-20 में आठ व 2020-21 के तीन कार्यों की जांच की गई थी। जांच के लिए मिन्हाज अहमद आए थे। जांच के दौरान जमुनहा के ग्राम पंचायत बहोरवा डामर रोड से खेलावन के खेत के पास जंगल तक सोलिंग कार्य लागत 11,15,400 रुपये, सिरसिया के पंचायत कटकुइयां गांव से सेमरी पक्की सड़क तक खड़ंजा कार्य लागत 9,10,000 रुपये हरिहरपुररानी के ग्राम ऐलहवा से धोबियन पुरवा गांव से पक्की रोड तक खड़ंजा कार्य लागत 5,48,000 रुपये, गिलौला के ग्राम पंचायत नेवरिया के ग्राम रामगढ़ी के बाहर सरोज के खेत होते हुए बड़ी बाग गांव के बाहर तक सोलिंग कार्य व एक पुलिया निर्माण लागत 14 लाख 500 रुपये में कराया गया था। यह सभी कार्य अनियमितता पूर्ण पाए गए थे।
विज्ञापन
जांच के दौरान स्टेट क्वालिटी मॉनीटर ने सभी कार्यों को अधोमानक बताया था। इस कार्य के लिए मेसर्स मल्हीपुर ईंट भट्ठा के प्रोपराइटर मोहम्मद यूनुस खान, ठेकेदार मायाराम यादव, मिथिलेश कुमार व ठेकेदार सुनील कुमार सिंह को दोषी पाया गया था। ऐसे में इन सभी फर्मों को अपर मुख्य सचिव पंचायत ने ब्लैक लिस्टेड करने के लिए डीएम को पत्र भेजा है। जबकि इस अधोमानक कार्य कराने वाले अभियंता जगदीश नारायण श्रीवास्तव, जेई शहीम हमद खां व कपिल देव यादव को निलंबित कर दिया है।
विज्ञापन
शासन की ओर से चार संस्था जिसमें मेसर्स मल्हीपुर ईंट भट्ठा, मायाराम यादुव, मिथिलेश कुमार व सुनील कुमार शामिल हैं, को काली सूची में डालने का निर्देश दिया गया है। जबकि एक अभियंता व दो अवर अभियंता को निलंबित करने का निर्देश दिया गया है। -श्रीकांत दुबे, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत