{"_id":"5c3cbc6dbdec2273261aba72","slug":"91547484269-shravasti-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"निरीक्षण में मिली खामियों को एक सप्ताह में दुरुस्त करें विभागाध्यक्ष","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निरीक्षण में मिली खामियों को एक सप्ताह में दुरुस्त करें विभागाध्यक्ष
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
श्रावस्ती। कलेक्ट्रेट स्थित जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय का सोमवार को सीडीओ ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें कई खामियां देखने को मिलीं।
इस पर जहां उन्होंने पटल सहायकों को फटकार लगाई, वहीं जिला समाज कल्याण अधिकारी को एक सप्ताह में व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया।
मुख्य विकास अधिकारी अवनीश राय ने सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया।
उन्होंने देखा कि यहां तैनात सहायक विनय कुमार की सेवाएं 31 मार्च 2018 तक ही सत्यापित हैं जबकि उनकी वेतन वृद्धि पहली जुलाई 2018 तक लगाई गई है।
लेखा के अनुसार अर्जित अवकाश 300 दिवस शेष हैं जबकि 365 दिन दर्शाया गया है। इतना ही नहीं उनका 286 दिन का चिकित्सा अवकाश भी शेष है।
इससे यह प्रमाणित होता है कि पटल सहायक द्वारा अवकाश लेखे को भरा नहीं जा रहा है। जीपीएफ पासबुक में भी फरवरी 18 के बाद से कटौती का विवरण नहीं भरा गया है और न ही 2007 के बाद सेवा इतिहास ही भरा गया है।
कनिष्ठ सहायक सुरेश कुमार द्वारा संपत्ति का विवरण संलग्न नहीं किया गया है। उनका सेवा इतिहास भी अपूर्ण पाया गया। यहां जनता मुलाकाती पंजिका में शिकायतकर्ता का विवरण, मोबाइल नंबर, निस्तारण का विवरण भी दर्ज नहीं मिला।
न ही जन प्रतिनिधि पंजिका में निस्तारण का विवरण दर्ज किया गया था। एसपीएस पंजिका में 4550 रुपये के डाक टिकट शेष मिले। गार्ड फाइल का रखरखाव ही नहीं मिला।
विज्ञापन
सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पावना भुगतान के लिए निदेशालय को पत्र भेजा गया था। इसके साथ ही यहां कर्मचारियों का आई कार्ड व नाम पट्टिका नहीं मिली।
आलमारी में पत्रावलियों का रैकवार डिस्प्ले नहीं लगाया गया था। इस पर पटल सहायकों को सीडीओ ने कड़ी फटकार लगाई गई। इसके साथ ही उन्होंने जिला समाज कल्याण अधिकारी को एक सप्ताह में व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया।
विज्ञापन
इस पर जहां उन्होंने पटल सहायकों को फटकार लगाई, वहीं जिला समाज कल्याण अधिकारी को एक सप्ताह में व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया।
मुख्य विकास अधिकारी अवनीश राय ने सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया।
उन्होंने देखा कि यहां तैनात सहायक विनय कुमार की सेवाएं 31 मार्च 2018 तक ही सत्यापित हैं जबकि उनकी वेतन वृद्धि पहली जुलाई 2018 तक लगाई गई है।
लेखा के अनुसार अर्जित अवकाश 300 दिवस शेष हैं जबकि 365 दिन दर्शाया गया है। इतना ही नहीं उनका 286 दिन का चिकित्सा अवकाश भी शेष है।
इससे यह प्रमाणित होता है कि पटल सहायक द्वारा अवकाश लेखे को भरा नहीं जा रहा है। जीपीएफ पासबुक में भी फरवरी 18 के बाद से कटौती का विवरण नहीं भरा गया है और न ही 2007 के बाद सेवा इतिहास ही भरा गया है।
कनिष्ठ सहायक सुरेश कुमार द्वारा संपत्ति का विवरण संलग्न नहीं किया गया है। उनका सेवा इतिहास भी अपूर्ण पाया गया। यहां जनता मुलाकाती पंजिका में शिकायतकर्ता का विवरण, मोबाइल नंबर, निस्तारण का विवरण भी दर्ज नहीं मिला।
विज्ञापन
न ही जन प्रतिनिधि पंजिका में निस्तारण का विवरण दर्ज किया गया था। एसपीएस पंजिका में 4550 रुपये के डाक टिकट शेष मिले। गार्ड फाइल का रखरखाव ही नहीं मिला।
विज्ञापन
सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पावना भुगतान के लिए निदेशालय को पत्र भेजा गया था। इसके साथ ही यहां कर्मचारियों का आई कार्ड व नाम पट्टिका नहीं मिली।
आलमारी में पत्रावलियों का रैकवार डिस्प्ले नहीं लगाया गया था। इस पर पटल सहायकों को सीडीओ ने कड़ी फटकार लगाई गई। इसके साथ ही उन्होंने जिला समाज कल्याण अधिकारी को एक सप्ताह में व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया।