{"_id":"63519f285dbdbb087f40e165","slug":"up-s-paddy-stopped-at-haryana-border-ran-and-beat-farmers-shamli-news-mrt610494418","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरियाणा बॉर्डर पर रोका यूपी का धान, किसानों को दौड़ाकर पीटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरियाणा बॉर्डर पर रोका यूपी का धान, किसानों को दौड़ाकर पीटा
विज्ञापन
बिडौली पुल पर धरनारत किसान नेताओं से वार्ता करते सीओ कैराना।
- फोटो : SHAMLI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा बॉर्डर पर रोका यूपी का धान, किसानों को दौड़ाकर पीटा
चौसाना (शामली)। हरियाणा में यूपी के किसानों के धान की बिक्री पर रोक का बुधवार रात किसानों ने विरोध किया। जिस पर हरियाणा पुलिस ने किसानों को दौड़ाकर पीटा और कई को हिरासत में ले लिया। इस कार्रवाई पर किसानों ने हरियाणा-यूपी बॉर्डर जाम कर दिया। अधिकारियों के समझाने पर करीब नौ घंटे बाद जाम खुला, लेकिन धान रोकने पर किसान फिर हरियाणा की सीमा पर धरने पर बैठ गए।
हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड के आदेश के बाद करनाल जिला प्रशासन ने यूपी से हरियाणा में बिक्री के लिए आने वाले धान पर रोक लगा दी। बॉर्डर पर धान को रोके जाने के विरोध पर मेरठ-करनाल हाईवे पर किसानों ने हंगामा कर दिया और हरियाणा में प्रवेश की कोशिश की। आरोप हैै कि हरियाणा पुलिस ने किसानों पर लाठियां भांजी और कुछ किसानों को हिरासत में ले लिया। हरियाणा पुलिस की कार्रवाई का विरोध करते हुए यूपी के किसानों ने सुबह छह बजे बॉर्डर पर हंगामा किया और हरियाणा पुलिस पर मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। धरने के कारण मेरठ-करनाल हाईवे पर दो किमी लंबा जाम लग गया। किसानों के गुस्से को देखते हुए दोनों राज्यों के पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों को विश्वास में लेकर वार्ता की और दोषी पुलिसकर्मियों पर एफआईआर का आश्वासन दिया।
जिस पर किसानों ने दोपहर तीन बजे जाम खोल दिया। लेकिन कुछ ही देर बाद धान के वाहन रोकने पर किसानों ने हरियाणा की सीमा में फिर से धरना शुरू कर दिया। धरने में भाकियू जिलाध्यक्ष कपिल खाटियान, ब्लॉक अध्यक्ष अरविंद, राजकुमार, कालूराम राठी, मैनपाल चौहान आदि मौजूद रहे। इस दौरान एसडीएम निकिता शर्मा ,सीओ कैराना अमरदीप मौर्या व एसओ झिंझाना, चौसाना पुलिस सहित अन्य पुलिस बल मौजूद रहा।
विज्ञापन
हरियाणा पुलिस पर सिख समाज के अपमान का आरोप
बुधवार की शाम से यूपी के किसानों का धान बॉर्डर पर रोका जा रहा था। जिसका किसान विरोध कर रहे थे। इस दौरान पुलिस ने किसानों को हिरासत में लेने का प्रयास किया तो आरोप है कि डोकपुरा निवासी सिख जसवंत सिंह की पगड़ी को हरियाणा पुलिस ने पैरों में रौंदा। जिसका वीडियो भी वायरल हुआ। आरोप है कि जसवंत सिंह और उसके भतीजे गुरवंत सिंह को हरियाणा पुलिस गाड़ी में ले गई और पिटाई करने के बाद सुनसान जगह छोड़ दिया। जसवंत सिंह ने हरियाणा के मधुबन थाने में तहरीर दी है।
--
जेबकतरों ने काट दी जेब, नकदी साफ
बॉर्डर पर चल रहे धरने के बीच बड़ी संख्या में किसान धरना दे रहे थे। इस दौरान जेबकतरों ने बिडौली निवासी फूल सिंह की जेब काट ली और जेब में रखे पांच हजार की नकदी पर हाथ साफ कर दिया।
--
चौसाना से लखनौती डाइवर्ट हुआ ट्रैफिक
बिडौली बॉर्डर पर किसानों के धरने के बाद लगे जाम से बचने के लिए वाहन चालकों ने चौसाना यमुना नदी से होते हुए लखनौती पुल से हरियाणा में प्रवेश किया। जिससे वाहन चालकों को कठिनाईयों का सामना करना पड़ा। जाम में फंसी स्कूल बस और एंबुलेंस को किसानों ने जाने दिया।
विज्ञापन
चौसाना (शामली)। हरियाणा में यूपी के किसानों के धान की बिक्री पर रोक का बुधवार रात किसानों ने विरोध किया। जिस पर हरियाणा पुलिस ने किसानों को दौड़ाकर पीटा और कई को हिरासत में ले लिया। इस कार्रवाई पर किसानों ने हरियाणा-यूपी बॉर्डर जाम कर दिया। अधिकारियों के समझाने पर करीब नौ घंटे बाद जाम खुला, लेकिन धान रोकने पर किसान फिर हरियाणा की सीमा पर धरने पर बैठ गए।
हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड के आदेश के बाद करनाल जिला प्रशासन ने यूपी से हरियाणा में बिक्री के लिए आने वाले धान पर रोक लगा दी। बॉर्डर पर धान को रोके जाने के विरोध पर मेरठ-करनाल हाईवे पर किसानों ने हंगामा कर दिया और हरियाणा में प्रवेश की कोशिश की। आरोप हैै कि हरियाणा पुलिस ने किसानों पर लाठियां भांजी और कुछ किसानों को हिरासत में ले लिया। हरियाणा पुलिस की कार्रवाई का विरोध करते हुए यूपी के किसानों ने सुबह छह बजे बॉर्डर पर हंगामा किया और हरियाणा पुलिस पर मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। धरने के कारण मेरठ-करनाल हाईवे पर दो किमी लंबा जाम लग गया। किसानों के गुस्से को देखते हुए दोनों राज्यों के पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों को विश्वास में लेकर वार्ता की और दोषी पुलिसकर्मियों पर एफआईआर का आश्वासन दिया।
विज्ञापन
जिस पर किसानों ने दोपहर तीन बजे जाम खोल दिया। लेकिन कुछ ही देर बाद धान के वाहन रोकने पर किसानों ने हरियाणा की सीमा में फिर से धरना शुरू कर दिया। धरने में भाकियू जिलाध्यक्ष कपिल खाटियान, ब्लॉक अध्यक्ष अरविंद, राजकुमार, कालूराम राठी, मैनपाल चौहान आदि मौजूद रहे। इस दौरान एसडीएम निकिता शर्मा ,सीओ कैराना अमरदीप मौर्या व एसओ झिंझाना, चौसाना पुलिस सहित अन्य पुलिस बल मौजूद रहा।
विज्ञापन
हरियाणा पुलिस पर सिख समाज के अपमान का आरोप
बुधवार की शाम से यूपी के किसानों का धान बॉर्डर पर रोका जा रहा था। जिसका किसान विरोध कर रहे थे। इस दौरान पुलिस ने किसानों को हिरासत में लेने का प्रयास किया तो आरोप है कि डोकपुरा निवासी सिख जसवंत सिंह की पगड़ी को हरियाणा पुलिस ने पैरों में रौंदा। जिसका वीडियो भी वायरल हुआ। आरोप है कि जसवंत सिंह और उसके भतीजे गुरवंत सिंह को हरियाणा पुलिस गाड़ी में ले गई और पिटाई करने के बाद सुनसान जगह छोड़ दिया। जसवंत सिंह ने हरियाणा के मधुबन थाने में तहरीर दी है।
--
जेबकतरों ने काट दी जेब, नकदी साफ
बॉर्डर पर चल रहे धरने के बीच बड़ी संख्या में किसान धरना दे रहे थे। इस दौरान जेबकतरों ने बिडौली निवासी फूल सिंह की जेब काट ली और जेब में रखे पांच हजार की नकदी पर हाथ साफ कर दिया।
--
चौसाना से लखनौती डाइवर्ट हुआ ट्रैफिक
बिडौली बॉर्डर पर किसानों के धरने के बाद लगे जाम से बचने के लिए वाहन चालकों ने चौसाना यमुना नदी से होते हुए लखनौती पुल से हरियाणा में प्रवेश किया। जिससे वाहन चालकों को कठिनाईयों का सामना करना पड़ा। जाम में फंसी स्कूल बस और एंबुलेंस को किसानों ने जाने दिया।

बिडौली पुल पर धरने के दौरान एसडीएम से वार्ता करते भाकियू जिला अध्यक्ष कपिल खाटियान।- फोटो : SHAMLI

वाहन से दूध की कैन नीचे उतारकर पैदल ले जाते दूधिया।- फोटो : SHAMLI

बिड़ौली जाम के दोरान कटी जेब दिखाता किसान।- फोटो : SHAMLI

शामली के बिडौली में पीड़ित डोकपुरा निवासी किसान जसवंत सिंह।- फोटो : SHAMLI