फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Two brothers absconding for two and a half months arrested in fake currency case

Fake Currency : नकली करेंसी प्रकरण में हत्थे चढ़े दो शातिर भाई, पुलिस पूछताछ में उगलेंगे बड़े राज

Mon, 13 Nov 2023 09:48 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली Updated Mon, 13 Nov 2023 09:48 AM IST
सार

Shamli News : दो अगस्त को एसटीएफ की टीम ने मकान पर छापा मारकर छह लाख आठ हजार 300 रुपये की नकली करेंसी बरामद की थी। इनमें 100 के 1941 और 50 के 8284 नकली नोट थे।

विज्ञापन
Two brothers absconding for two and a half months arrested in fake currency case
13.76 लाख रुपये की नकली करेंसी बरामद

विस्तार

शामली में ढाई माह पहले मकान से बरामद हुई छह लाख आठ हजार 300 रुपये की नकली करेंसी के मामले में फरार चल रहे दो भाइयों को गिरफ्तार कर लिया गया। एसटीएफ ने उस समय एक आरोपी को मौके से गिरफ्तार किया था। अभी इस प्रकरण में दो आरोपी फरार चल रहे हैं।

विज्ञापन


शहर कोतवाली क्षेत्र में नौकुआं रोड बर्फ वाली गली में दो अगस्त को एसटीएफ की टीम ने मकान पर छापा मारकर छह लाख आठ हजार 300 रुपये की नकली करेंसी बरामद की थी। इनमें 100 के 1941 और 50 के 8284 नकली नोट थे। एसटीएफ ने मौके से इमरान को गिरफ्तार किया था और उसके कब्जे से मोबाइल फोन बरामद किया था। इस मामले में एसटीएफ के निरीक्षक प्रशांत कपिल की तरफ से शहर कोतवाली में इमरान, उसके भाई बिलाल व तसलीम व इसी मोहल्ले के तहसीम उर्फ मोटा और कांधला निवासी नफीस के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इस प्रकरण की जांच बाबरी थाना प्रभारी निरीक्षक सीमा शर्मा कर रही हैं।

विज्ञापन

थाना प्रभारी ने बताया शुक्रवार की रात को सूचना के आधार पर इस मामले में वांछित चल रहे इमरान के दोनों भाई बिलाल व तसलीम को उनके घर के नजदीक से गिरफ्तार कर लिया गया है। इस मामले में तहसीम उर्फ मोटा और नफीस अभी फरार चल रहे हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। उन्होंने बताया कि दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेने की तैयारी है। न्यायालय से रिमांड स्वीकृत होने के बाद आरोपियों से गहनता से पूछताछ की जाएगी।

खुफिया टीमों ने की आरोपियों से पूछताछ
नकली करेंसी के मामले में गिरफ्तार हुए दोनों भाई बिलाल व तसलीम से पुलिस व खुफिया टीमों ने पूछताछ की। दोनों आरोपी भाईयों से पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। बाबरी थाना प्रभारी ने बताया पूछताछ में दोनों आरोपी भाईयों ने बताया कि कांधला निवासी नफीस से उसके भाई इमरान की जान पहचान थी। नफीस ही उन्हें नकली नोट लाकर देता था। एक लाख रुपये के नकली करेंसी को असली के 55 हजार रुपये में बदलने की उनकी योजना थी।

विज्ञापन

यह था मामला
दो अगस्त को एसटीएफ टीम ने शहर कोतवाली पुलिस टीम के साथ शामली के मोहल्ला नौकुआं रोड बर्फ वाली गली में मकान पर छापा मारा था। पुलिस के मुताबिक छापे के दौरान मकान में पांच लोग नकली करेंसी की गिनती कर रहे थे। टीम को देखकर चार लोग मौके से फरार हो गए थे, जबकि इमरान को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। टीम की पूछताछ में उस समय इमरान ने बताया था कि नकली करेंसी को कांधला निवासी नफीस लेकर आया था। वह कहां से लाया, इसकी उसे जानकारी नहीं है। तब से इमरान जेल में बंद है। इमरान ने नफीस को ही नकली करेंसी का मुख्य सूत्रधार बताया था। पुलिस की मानें तो नफीस की गिरफ्तारी के बाद ही इस बात का पता चल सकेगा कि नकली करंसी कहां से लाई गई थी और नकली नोटों के इस धंधे में और कितने लोग शामिल हैं।

पांच दिन पहले तहसीम की तलाश में एनआईए ने मारा था छापा
पांच दिन पहले एनआईए दिल्ली की टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ नौकुआं रोड बर्फ वाली गली निवासी तहसीम उर्फ मोटा की तलाश में छापा मारा था। एनआईए ने तहसीम का मकान सील किया था। टीम ने तहसीम के मकान से एक डायरी, उसके दो फोटो व अन्य सामान कब्जे में लेकर अपने साथ ले गई थी। एनआईए को पंजाब में ड्रग्स तस्करी के मामले में दर्ज मुकदमे में तहसीम की तलाश है। तहसीम उर्फ मोटा आईएसआई एजेंट कलीम का भाई है। कलीम को एसटीएफ ने 17 अगस्त को गिरफ्तार किया था। एसटीएफ ने उस मामले में कलीम के साथ उसके भाई तहसीम व सहारनपुर निवासी युसूफ शमसी को नामजद किया था। तहसीम व युसूफ तब से फरार चल रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed