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Shamli News: पीड़िता खटखटाएगी लखनऊ के अधिकारियों का दरवाजा, जिलाधिकारी ने ब्योरा किया तलब

Fri, 03 Jan 2025 11:48 PM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली Updated Fri, 03 Jan 2025 11:48 PM IST
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The victim will knock on the doors of Lucknow officials, the District Magistrate sought details
शामली। शामली के नगर क्षेत्र के कार्यालय में तैनात लिपिक सुधा तोमर को बर्खास्त करने के मामले में जिलाधिकारी ने भी ब्योरा तलब किया है। उधर, सुधा का कहना है कि मामले को लेकर वह लखनऊ के अधिकारियों का दरवाजा खटखटाएंगी। उसे बर्खास्त कर चतुर्थ श्रेणी के पद पर तैनात किया गया है, जिसे वह स्वीकार नहीं करेंगी।
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दरअसल, मुजफ्फरनगर के सिविल लाइन की रहने वाली सुधा तोमर शामली के नगर क्षेत्र के कार्यालय में तैनात में लिपिक के पद पर तैनात थी। जिसे अयोग्य करार देते हुए विभागीय अधिकारियों ने बर्खास्त कर दिया था। कहा था कि सुधा को शैक्षिण प्रमाणपत्रों के आधार पर ग्रुप डी का ही पद मिल सकता है। मगर सुधा ने ग्रुप डी का पद लेने से इन्कार कर दिया था।
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सुधा ने बीएसए को शिकायत करते हुए बताया था कि उनके पति प्रदीप तोमर प्राथमिक विद्यालय पेलखा नंबर-1 में तैनात थे, जिनकी छह फरवरी 2020 में मृत्यु हो गई थी। शासनादेश के अनुसार पति के स्थान पर उसकी नियुक्ति 3 जनवरी 2023 को लिपिक पद पर जनपद शामली में हुई। 7 जनवरी को उन्होंने कार्यभार ग्रहण कर लिया था। एक साल नौ माह बाद 26 सितंबर 2024 को वर्तमान बीएसए द्वारा उसे नोटिस भेजा गया कि उसकी फाइल में दस्तावेज अधूरे हैं। उसे दस्तावेज अधूरे बताते हुए लिपिक से चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी बना दिया गया है। दो साल सेवा देने के बाद भी उसे वेतन नहीं दिया गया। लिपिक पर रिश्वत मांगने के आरोप भी लगाए थे।
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पीड़िता का कहना है कि मामले को लेकर वह शिक्षा मंत्री से शिकायत करेगी। बीएसए लता राठौर का कहना है कि पूर्व में तैनात रहे लिपिक परिश्रम सैनी की लापरवाही से सुधा को लिपिक के पद पर तैनात कर दिया गया था। अब अधिकारियों के निर्देश पर ही नियुक्ति का आदेश निरस्त किया गया है।


- तैनाती देने वालों पर क्यों नहीं हुई कार्रवाई

सुधा तोमर की तैनाती जिन भी विभाग के अधिकारियों की लापरवाही से हुई थी, उनके खिलाफ विभाग ने कोई कार्रवाई क्यों नहीं की। क्यों लता को कई साल तक लिपिक के पद पर तैनात रखा। डीएम अरविंद चौहान ने मामले की जांच कराने की बात कही है।
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