फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   The commission imposed a fine of Rs 2,08,952 on the insurance company

Shamli News: आयोग ने इंश्योरेंस कंपनी पर 2,08,952 रुपये का लगाया जुर्माना

Fri, 01 Aug 2025 12:30 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 01 Aug 2025 12:30 AM IST
विज्ञापन
The commission imposed a fine of Rs 2,08,952 on the insurance company
अदालत से:
विज्ञापन

: ई रिक्शा की बीमित धनराशि का भुगतान न करने पर आयोग ने सुनाया आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। न्यायालय जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने शामली ने चोरी हुई ई रिक्शा का बीमा क्लेम न देने पर न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी पर दो लाख आठ हजार 952 रुपये जुर्माना अदा करने का आदेश सुनाया है।
शहर के मोहल्ला रामसागर निवासी विकास कुमार ने एक फरवरी 2020 को आयोग में न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी शामली के शाखा प्रबंधक, मुजफ्फरनगर कार्यालय के मंडल प्रबंधक और मुंबई कार्यालय के मुख्य प्रबंधक के विरुद्ध परिवाद दायर कराया था। परिवादी का कहना था कि उसने 20 जून को 2018 को 104160 रुपये में ई रिक्शा खरीदी थी। उसी दिन कंपनी के एजेंट दीपा अग्रवाल से कॉमर्शियल व्हीकल पैकेज पॉलिसी के अंतर्गत 6705 रुपये देकर बीमा कराया था, जिसकी वैद्यता 19 जून 2019 तक थी।
विज्ञापन

परिवादी के मुताबिक 29 अक्तूबर 2018 की रात में ई रिक्शा चोरी हो गई थी। इसकी सूचना उसने यूपी 100 पर पुलिस को दी। साथ ही इंश्योरेंस कंपनी को सूचना देकर देकर 98952 रुपये क्लेम के मांगे। इंश्योरेंस कंपनी के मंडल प्रबंधक की तरफ से 10 जुलाई 2019 को पत्र के माध्यम से बताया कि वाहन चोरी की सूचना पांच दिसंबर 2018 को और पुलिस को चार दिसंबर 2018 को दी गई और एफआईआर देरी से कराने के कारण बीमित धनराशि देने से इन्कार कर दिया जबकि परिवादी द्वारा पुलिस को सूचना उसी दिन दे दी गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

आयोग के अध्यक्ष हेमंत कुमार गुप्ता, सदस्य अभिनव अग्रवाल व अमरजीत कौर ने अपने आदेश में कहा कि परिवादी अपने वाद को सिद्ध करने में सफल रहा। आयोग ने इंश्योरेंस कंपनी को आदेशित किया कि वह परिवादी को 98952 रुपये मय नौ प्रतिशत वार्षिक साधारण ब्याज, बीमा क्लेम निरस्त किए जाने की तिथि से भुगतान की तिथि तक और परिवादी को हुई आर्थिक, मानसिक, शारीरिक क्षतिपूर्ति के लिए 50 हजार रुपये और परिवाद व्यय 10 हजार रुपये परिवादी को अदा करने के लिए आयोग में जमा करें। सेवा में कमी एवं अनुचित व्यापार व्यवहार के लिए इंश्योरेंस कंपनी पर 50 हजार रुपये अर्थदंड भी अधिरोपित किया। अर्थदंड की धनराशि परिवादी को न देकर नियमानुसार राजकोष में जमा की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed