{"_id":"60008ce08ebc3e31aa2210e2","slug":"skin-and-respiratory-disease-patients-increased-in-cold-shamli-news-mrt520553046","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में बढ़े त्वचा और श्वांस रोगी के मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में बढ़े त्वचा और श्वांस रोगी के मरीज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली। ठंड के मौसम में जिले में त्वचा संबंधी और श्वांस रोग के मरीज बढ़ रहे हैं। पांच दिन पहले रविवार को आयोजित मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेलों में सबसे ज्यादा संख्या त्वचा संबंधी मरीजों की रही जबकि दूसरे नंबर पर श्वास संबंधी रोग के मरीज रहे।
कोरोना का संक्रमण कम होने पर 11 माह बाद सरकार ने मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेलों का आयोजन पांच दिन पहले रविवार को किया था। जिले में तीन नगरीय और 23 ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आरोग्य स्वास्थ्य मेले आयोजित किए गए। आरोग्य मेले में कुल 910 मरीजों की जांच हुई, इनमें सबसे अधिक त्वचा संबंधी मरीजों की संख्या 193 रही जबकि दूसरे नंबर पर श्वांस सबंधी 79 मरीज रहे। इसके अलावा लीवर, पेट, डायबिटिज, खून की कमी और हाइपर टेंशन के मरीज भी ज्यादा रहे। जलालाबाद पीएचसी पर एक मरीज कैंसर का आया। बनत में सबसे अधिक 11 मरीज श्वांस संबंधी आए। इसी तरह त्वचा संबंधी सबसे अधिक मरीज 30 मरीज चौसाना व सिलावर पीएचसी पर पहुंचे। फुगाना में 24 व तितरवाड़ा में 18 मरीज आए।
सीएमओ डा. वीर बहादुर ढाका ने बताया कि ठंड के मौसम के मुकाबले अन्य मौसम में व्यक्ति स्नान ज्यादा करता है और कपड़े बार-बार बदलता है। कपड़े भी ज्यादा नहीं पहने जाते। जबकि ठंड के मौसम में एक तो गरम व ऊनी कपड़े पहने जाते हैं, इसकी वजह से एलर्जी और त्वचा संबंधी रोगी बढ़ जाते हैं। इसी तरह से ठंड में कुछ लोगों श्वास नली में सूजन या हल्की सिकुड़न आ जाती है, जिससे सांस लेने में थोड़ी समस्या हो जाती है। सीएमओ का कहना है कि जिले में कोई गंभीर बीमारी सामने नहीं आई है।
विज्ञापन
--
पीएचसी पर आए मरीजों की स्थिति
रोग - मरीजों की संख्या
लीवर- 38
श्वास - 79
पेट - 41
डायबिटिज- 25
त्वचा -193
खून की कमी- 42
हाइपर टेंशन- 27
ए एन सी - 82
कैंसर - 01
कुपोषित बच्चे- 16
अन्य -213
---
आरोग्य मेले में मरीजों की संख्या
कुल मरीज- 910
पुरुष - 293
महिला - 494
बच्चे - 123
विज्ञापन
कोरोना का संक्रमण कम होने पर 11 माह बाद सरकार ने मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेलों का आयोजन पांच दिन पहले रविवार को किया था। जिले में तीन नगरीय और 23 ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आरोग्य स्वास्थ्य मेले आयोजित किए गए। आरोग्य मेले में कुल 910 मरीजों की जांच हुई, इनमें सबसे अधिक त्वचा संबंधी मरीजों की संख्या 193 रही जबकि दूसरे नंबर पर श्वांस सबंधी 79 मरीज रहे। इसके अलावा लीवर, पेट, डायबिटिज, खून की कमी और हाइपर टेंशन के मरीज भी ज्यादा रहे। जलालाबाद पीएचसी पर एक मरीज कैंसर का आया। बनत में सबसे अधिक 11 मरीज श्वांस संबंधी आए। इसी तरह त्वचा संबंधी सबसे अधिक मरीज 30 मरीज चौसाना व सिलावर पीएचसी पर पहुंचे। फुगाना में 24 व तितरवाड़ा में 18 मरीज आए।
विज्ञापन
सीएमओ डा. वीर बहादुर ढाका ने बताया कि ठंड के मौसम के मुकाबले अन्य मौसम में व्यक्ति स्नान ज्यादा करता है और कपड़े बार-बार बदलता है। कपड़े भी ज्यादा नहीं पहने जाते। जबकि ठंड के मौसम में एक तो गरम व ऊनी कपड़े पहने जाते हैं, इसकी वजह से एलर्जी और त्वचा संबंधी रोगी बढ़ जाते हैं। इसी तरह से ठंड में कुछ लोगों श्वास नली में सूजन या हल्की सिकुड़न आ जाती है, जिससे सांस लेने में थोड़ी समस्या हो जाती है। सीएमओ का कहना है कि जिले में कोई गंभीर बीमारी सामने नहीं आई है।
विज्ञापन
--
पीएचसी पर आए मरीजों की स्थिति
रोग - मरीजों की संख्या
लीवर- 38
श्वास - 79
पेट - 41
डायबिटिज- 25
त्वचा -193
खून की कमी- 42
हाइपर टेंशन- 27
ए एन सी - 82
कैंसर - 01
कुपोषित बच्चे- 16
अन्य -213
---
आरोग्य मेले में मरीजों की संख्या
कुल मरीज- 910
पुरुष - 293
महिला - 494
बच्चे - 123