फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Rain disrupts normal life, waterlogging and mud become a problem

Shamli News: बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त, जलभराव व कीचड़ बना मुसीबत

Fri, 10 Jul 2026 01:16 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 10 Jul 2026 01:16 AM IST
विज्ञापन
Rain disrupts normal life, waterlogging and mud become a problem
शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद
- लगातार बारिश चलने से जनजीवन अस्त व्यस्त, जलभराव व कीचड़ बना मुसीबत
विज्ञापन

- 24 घंटे में 84 एमएम हुई बारिश, तापमान तीन डिग्री सेल्सियस गिरा
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। जिले में पिछले 24 घंटे से लगातार चल रही बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। जगह-जगह जलभराव व सड़कों पर कीचड़ होने से आवागमन में परेशानी हुई। बारिश के चलते अधिकतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस की कमी आई। जिले में 84 एमएम बारिश रिकाॅर्ड की गई।
जिले में मंगलवार को तेज बारिश हुई थी। बुधवार को दिन में बारिश हल्की रही। इसके बाद रात आठ बजे से लगातार बारिश चल रही है। कभी तेज तो कभी हल्की बारिश चल रही है। बारिश के कारण लोग घर में रहने काे मजबूर हैं। जरूरी काम से ही बाहर निकल रहे हैं। शहर के रेलपार, कबाड़ी बाजार, गोशाला रोड, नेहरू मार्केट, माजरा रोड आदि स्थानों पर जलभराव की समस्या बनी रही। पुराने एसपी ऑफिस रेलपार की सड़क समेत कई स्थानों पर कीचड़ बनने से फिसलन बनी रही। गोहरनी, भभीसा व एलम के अंडरपास में पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन

उधर, बारिश होने से धान, गन्ना, हरे चारे की फसल को लाभ मिला है। पिछले 24 घंटे में अधिकतम तापमान तीन डिग्री सेल्सियस कम होकर 26 डिग्री सेल्सियस रहा जबकि न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस स्थिर रहा। पूर्वी यमुना नहर के लोअर खंड के सहायक अमरजीत सिंह ने बताया कि 24 घंटे में 84 एमएम बारिश हुई है। इसे मिलाकर पिछले तीन दिन में 183 एमएम बारिश हो चुकी है। सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय मेरठ की मौसम वैज्ञानिक डॉ. श्वेता सिंह ने बताया कि शुक्रवार को भी बारिश होने की संभावना है।
विज्ञापन
विज्ञापन

थानाभवन क्षेत्र के गांव मोर माजरा में जल निकासी न होने से गलियों और घरों के आसपास जलभराव की समस्या बन गई। जयपाल सिंह कश्यप, कंवरपाल, जय भगवान, गजे सिंह, कूड़ा तथा रामकुमार का कहना है कि गंदे पानी के बीच होकर आवागमन करना मजबूरी बना हुआ है। ग्राम प्रधान श्याम सिंह ने बताया कि गांव के निचले हिस्से में जल निकासी सबसे बड़ी समस्या है। गांव से बाहर पानी निकालने के लिए नाला नहीं है। इंजन पंप से पानी की निकासी कराई जा रही है।
-- कांधला। नगर पालिका परिषद के निकट स्थित वार्ड-13 में सड़क निर्माण कार्य के दौरान जल निकासी व्यवस्था बाधित होने से क्षेत्र में जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। लोगों का आरोप है कि निर्माण के दौरान मुख्य सड़क से पानी निकालने वाले नालों का स्तर सड़क से ऊंचा कर दिया गया, जिससे बरसात का पानी बाहर निकलने के बजाय आसपास की दुकानों और मकानों के सामने जमा होने लगा है।
लगातार हो रही बारिश के कारण व्यापारियों की दुकानों और घरों के बाहर पानी भर गया है। इससे लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा है, वहीं दुकानों में पानी घुसने से व्यापारियों को नुकसान की आशंका भी सताने लगी है। सतीश कुमार, प्रवीण कुमार गोयल, संजय कुमार, रामबाबू धीमान, तेज सिंह मित्तल ने डीएम ने समस्या के समाधान की मांग की। पालिकाध्यक्ष नजमुल इस्लाम ने बताया कि जल्द ही संबंधित गली का टेंडर जारी कर सड़क निर्माण कराया जाएगा। जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान कराया जाएगा।
जलालाबाद क्षेत्र में मानसूनी बारिश ने धान उत्पादक किसानों के चेहरों पर जहां रौनक ला दी है, वहीं सब्जी उगाने वाले काश्तकारों की रातों की नींद उड़ा दी है। बारिश ने धान की फसल के लिए अमृत का काम किया है। पानी से लबालब भरे खेतों को देखकर धान उत्पादक किसान गदगद हैं। उधर, लगातार पानी बरसने और खेतों में जलभराव होने के कारण मिर्च, टमाटर, तोरी, लौकी, गोभी और अन्य मौसमी सब्जियों की जड़ें गलने से नुकसान होने की आशंका बन गई है।

-- रातभर हुई बारिश से स्कूल के कमरों में भरा पानी
फोटो
शामली। गांव गोहरनी स्थित प्राथमिक विद्यालय में रातभर हुई बारिश के कारण कमरों व बरामदे में जलभराव हो गया। सुबह प्रधानाध्यापिका व बच्चे स्कूल पहुंचे तो पूरा परिसर के साथ ही कमरों व बरामदे में भी पानी भरा मिला। जिसके चलते स्कूल में बच्चे पानी में उछलते कूदते नजर आए। वहीं पानी भरने के कारण स्कूल में शिक्षणकार्य भी नहीं हो सका। प्रधानाध्यापिका का कहना है कि इस विषय में वह कई बार ग्राम प्रधान से फर्श ऊंचा कराने के लिए कह चुकी है, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं हो सका है। हर वर्ष बारिश में परेशानियों को सामना करना पड़ता है।

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

शामली क्षेत्र में धान के खेत में भरा बारिश का पानी। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed