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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Panchayat members went on picnics

सैर सपाटे पर निकले पंचायत सदस्य

Tue, 22 Dec 2015 12:33 AM IST
शामली/ ब्यूरो/ अमर उजाला
शामली/ ब्यूरो/ अमर उजाला Updated Tue, 22 Dec 2015 12:33 AM IST
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शामली। जिला पंचायत अध्यक्ष पद का चुनाव जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, सदस्यों की घेराबंदी तेज हो गई है। ज्यादा से ज्यादा सदस्यों को अपने पक्ष में करने के लिए संभावित प्रत्याशी जोर आजमाइश कर रहे हैं। सदस्यों को मोटा ऑफर तक दिया जा रहा है और हिल स्टेशनों के टूर कराए जा रहे हैं।
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चर्चा है कि कई सदस्यों को जम्मू और गोवा घूमने के लिए भिजवाया गया। इनमें से दो सदस्यों को तो परिवार सहित भेजा गया है, ताकि दूसरा प्रत्याशी उससे संपर्क ही ना साध सके। इतना ही नहीं सदस्यों को एक से दो करोड़ रुपये तक का लालच देने की चर्चा भी चल रही है।
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कुछ सदस्यों को तो टोकन मनी तक पहुंचाए जाने की चर्चा है। सवाल ये है कि क्या संविधान और लोकतंत्र में यह सब जायज है। सियासत के पुराने खिलाड़ी राजनीति में होने वाली खरीद-फरोख्त को लोकतंत्र की हत्या करार दे रहे हैं। कहना है कि वोट की खरीद फरोख्त करना कानूनन जुर्म है।
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हसन परिवार में घमासान
शामली। जिला पंचायत चुनाव के दौरान हसन परिवार में एकजुटता की अलख बहुत जल्दी ठंडी पड़ गई। पूर्व सांसद तबस्सुम हसन ने कहा है कि हाजी अनवर और कुंवर हसन ने ही इकरा हसन के चुनाव में शरीक होकर जीता हुआ चुनाव हरवा दिया। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव में वह अपनी मर्जी से प्रत्याशी का समर्थन करेंगी, उसके लिए किसी की सलाह की जरूरत नहीं है।

गौरतलब है कि जिला पंचायत सदस्य पद के चुनाव में इकरा हसन ने वार्ड-14 से चुनाव लड़ा था। तब हाजी अनवर हसन और कुंवर हसन ने कांधला क्षेत्र के कई गांवों में जाकर इकरा हसन के लिए प्रचार किया था। हालांकि इकरा हसन चुनाव हार गई थीं और मनीष चौहान भारी मतों से जीत गए थे। उधर, पूर्व सांसद तबस्सुम हसन वार्ड-10 से जिला पंचायत सदस्य चुनी गईं।


अब जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए राजनीतिक दाव-पेंच चले जा रहे हैं। ऐसे में सोमवार को पूर्व सांसद तबस्सुम हसन ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर किसे वोट देनी है, यह मेरा मताधिकार है। किसी की सिफारिश की जरूरत नहीं है। उनका मतभेद प्रत्याशी से है, पार्टी से नहीं। कहा है कि विपक्षी यह अफवाह उड़ा रहे हैं कि विधायक नाहिद हसन आगामी विधानसभा चुनाव गंगोह से लड़ेंगे, जबकि ऐसा नहीं है। नाहिद हसन फिर से कैराना सीट से ही चुनाव लड़ेंगे।
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