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खुले विद्यालय, बच्चों की संख्या रही कम
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शामली के सरस्वती शशु वद्या मंदर में पहुंचे बच्चों के हाथ सैनटाइज कराता कर्मचारी।
- फोटो : SHAMLI
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खुले विद्यालय, बच्चों की संख्या रही कम
शामली। कोरोना संक्रमण की वजह से बंद चल रहे कक्षा एक से आठ तक के विद्यालय एक माह बाद कोविड प्रोटोकॉल के तहत खुले। विद्यालयों में ऑफलाइन पढ़ाई शुरू हुई। पहले दिन विद्यालयों में 60 से 70 प्रतिशत बच्चे ही पहुंचे। एक तिहाई के लगभग बच्चे स्कूल नहीं पहुंचे।
कोरोना के कारण एक माह से सभी स्कूल-कॉलेज बंद चल रहे थे। शासन की अनुमति मिलने पर सात फरवरी से कक्षा नौ से 12 तक की कक्षाएं ऑफ लाइन शुरू हो चुकी हैं। कक्षा नर्सरी से आठ तक के बच्चों की स्कूलों में सोमवार से ऑफलाइन पढ़ाई शुरू हुई। पहले दिन स्कूलों में कोविड प्रोटोकॉल के तहत थर्मल स्क्रीनिंग, सैनिटाइजर व मास्क के साथ बच्चों को कक्षाओं में भेजा गया। बीएसएम स्कूल के चेयरमैन सूर्यवीर सिंह ने बताया कि 1250 में 705 बच्चे स्कूल में पहुंचे। उम्मीद है कि दो-तीन दिन में बच्चों की संख्या बढ़ जाएगी। बच्चों की थर्मल स्क्रीनिंग व हाथ सैनिटाइज किए गए।
सिल्वर बेल्स पब्लिक स्कूल की उप प्रधानाचार्या तूलिका गोयल ने बताया कि सोमवार को पहले दिन करीब 65 प्रतिशत बच्चों की उपस्थिति रही। एक माह से ज्यादा समय बाद स्कूल खुले हैं। इसे देखते हुए बच्चों की संख्या संतोषजनक रही। स्कॉटिश इंटरनेशनल स्कूल के प्रशासनिक अधिकारी प्रदीप त्यागी ने बताया कि 70 प्रतिशत के करीब बच्चों की उपस्थिति रही। बच्चों को मास्क के साथ क्लास में बैठाया गया और ऑफलाइन शिक्षण कार्य चला। सरस्वती शिशु विद्या मंदिर जूनियर हाईस्कूल शामली के आचार्य शिवकुमार धीमान ने बताय कि सोमवार को विद्यालय में कक्षा एक से पांच तक 730 में 355 बच्चे व जूनियर में कक्षा छह से आठ तक 750 में 370 बच्चों की उपस्थिति रही।
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शामली। कोरोना संक्रमण की वजह से बंद चल रहे कक्षा एक से आठ तक के विद्यालय एक माह बाद कोविड प्रोटोकॉल के तहत खुले। विद्यालयों में ऑफलाइन पढ़ाई शुरू हुई। पहले दिन विद्यालयों में 60 से 70 प्रतिशत बच्चे ही पहुंचे। एक तिहाई के लगभग बच्चे स्कूल नहीं पहुंचे।
कोरोना के कारण एक माह से सभी स्कूल-कॉलेज बंद चल रहे थे। शासन की अनुमति मिलने पर सात फरवरी से कक्षा नौ से 12 तक की कक्षाएं ऑफ लाइन शुरू हो चुकी हैं। कक्षा नर्सरी से आठ तक के बच्चों की स्कूलों में सोमवार से ऑफलाइन पढ़ाई शुरू हुई। पहले दिन स्कूलों में कोविड प्रोटोकॉल के तहत थर्मल स्क्रीनिंग, सैनिटाइजर व मास्क के साथ बच्चों को कक्षाओं में भेजा गया। बीएसएम स्कूल के चेयरमैन सूर्यवीर सिंह ने बताया कि 1250 में 705 बच्चे स्कूल में पहुंचे। उम्मीद है कि दो-तीन दिन में बच्चों की संख्या बढ़ जाएगी। बच्चों की थर्मल स्क्रीनिंग व हाथ सैनिटाइज किए गए।
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सिल्वर बेल्स पब्लिक स्कूल की उप प्रधानाचार्या तूलिका गोयल ने बताया कि सोमवार को पहले दिन करीब 65 प्रतिशत बच्चों की उपस्थिति रही। एक माह से ज्यादा समय बाद स्कूल खुले हैं। इसे देखते हुए बच्चों की संख्या संतोषजनक रही। स्कॉटिश इंटरनेशनल स्कूल के प्रशासनिक अधिकारी प्रदीप त्यागी ने बताया कि 70 प्रतिशत के करीब बच्चों की उपस्थिति रही। बच्चों को मास्क के साथ क्लास में बैठाया गया और ऑफलाइन शिक्षण कार्य चला। सरस्वती शिशु विद्या मंदिर जूनियर हाईस्कूल शामली के आचार्य शिवकुमार धीमान ने बताय कि सोमवार को विद्यालय में कक्षा एक से पांच तक 730 में 355 बच्चे व जूनियर में कक्षा छह से आठ तक 750 में 370 बच्चों की उपस्थिति रही।

सिल्वर बेल्स स्कूल में पहुंचे बच्चों की थर्मल स्कैनिंग करता कर्मचारी।- फोटो : SHAMLI
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