{"_id":"58f269804f1c1bd317cf4f2f","slug":"notice-to-20-private-schools-sent-by-bsa","type":"story","status":"publish","title_hn":" 20 निजी स्कूलों को बीएसए ने भेजे नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
20 निजी स्कूलों को बीएसए ने भेजे नोटिस
शामली, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 16 Apr 2017 12:12 AM IST
विज्ञापन
School
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली। डीएम के निर्देश पर बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जनपद के 20 स्कूलों को निर्देशों के बावजूद किताब, फीस और ड्रेस की मनमानी करने पर नोटिस भेज दिया है। सभी स्कूल संचालकों एक सप्ताह में व्यवस्था में सुधार लाने के निर्देश दिए है।
डीएम सुजीत कुमार ने नए सत्र को लेकर जनपद के सभी सीबीएसई, आईसीएसई और मान्यता प्राप्त स्कूलों के प्रबंधक और प्रधानाचार्यों की कलक्ट्रेट सभागार मेें 22 अप्रैल को बैठक ली थी।
उन्होंने सभी से नए सत्र से स्कूल में एनसीईआरटी से अनुमन्य पाठ्यक्रम पढ़ाया जाना, बच्चों के अभिभावकों को स्कूल या किसी एक दुकान से ड्रेस, पुस्तकें खरीदने के लिए बाध्य करना, अवैध फीस वसूली के साथ ही योग्य और प्रशिक्षित शिक्षकों से ही शिक्षण कार्य कराने के लिए निर्देश जारी किए गए थे। इसके बाद भी ज्यादातर स्कूलों में फिर से मनमानी चलाई गई। इस पर अभिभावकों ने डीएम और बीएसए से शिकायत की।
विज्ञापन
डीएम ने जनपद के सभी निजी स्कूलों के निरीक्षण कराने के लिए पांच टीमों का गठन किया गया। जिसमें सभी तहसीलों के एसडीएम शामिल रहे। एक टीम को जांच के लिए पांच-पांच स्कूल दिए गए। सभी टीमों जनपद के 25 स्कूलों का निरीक्षण किया। जिसमें 20 स्कूलों में अनियमितताएं पाई गई। इसके बाद सभी टीमों ने अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौंपी।
जांच रिपोर्ट के अनुसार डीएम ने सभी स्कूलों को बीएसए चंद्रशेखर को नोटिस भेजने के निर्देश दिए। बीएसए चंद्रशेखर ने सभी 20 निजी स्कूलों को नोटिस भेज दिए गए है। उन्होंने सभी स्कूल प्रबंधकों को एक सप्ताह में व्यवस्था में सुधार लाने के कडे़ निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि इसके बाद भी किसी स्कूल की शिकायत मिली तो स्कूल प्रबंधक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
डीएम सुजीत कुमार ने नए सत्र को लेकर जनपद के सभी सीबीएसई, आईसीएसई और मान्यता प्राप्त स्कूलों के प्रबंधक और प्रधानाचार्यों की कलक्ट्रेट सभागार मेें 22 अप्रैल को बैठक ली थी।
विज्ञापन
उन्होंने सभी से नए सत्र से स्कूल में एनसीईआरटी से अनुमन्य पाठ्यक्रम पढ़ाया जाना, बच्चों के अभिभावकों को स्कूल या किसी एक दुकान से ड्रेस, पुस्तकें खरीदने के लिए बाध्य करना, अवैध फीस वसूली के साथ ही योग्य और प्रशिक्षित शिक्षकों से ही शिक्षण कार्य कराने के लिए निर्देश जारी किए गए थे। इसके बाद भी ज्यादातर स्कूलों में फिर से मनमानी चलाई गई। इस पर अभिभावकों ने डीएम और बीएसए से शिकायत की।
विज्ञापन
डीएम ने जनपद के सभी निजी स्कूलों के निरीक्षण कराने के लिए पांच टीमों का गठन किया गया। जिसमें सभी तहसीलों के एसडीएम शामिल रहे। एक टीम को जांच के लिए पांच-पांच स्कूल दिए गए। सभी टीमों जनपद के 25 स्कूलों का निरीक्षण किया। जिसमें 20 स्कूलों में अनियमितताएं पाई गई। इसके बाद सभी टीमों ने अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौंपी।
जांच रिपोर्ट के अनुसार डीएम ने सभी स्कूलों को बीएसए चंद्रशेखर को नोटिस भेजने के निर्देश दिए। बीएसए चंद्रशेखर ने सभी 20 निजी स्कूलों को नोटिस भेज दिए गए है। उन्होंने सभी स्कूल प्रबंधकों को एक सप्ताह में व्यवस्था में सुधार लाने के कडे़ निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि इसके बाद भी किसी स्कूल की शिकायत मिली तो स्कूल प्रबंधक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।