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नहीं हैं पुख्ता इंतजाम, आए दिन जा रही लोगों की जान
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नहीं हैं पुख्ता इंतजाम, आए दिन जा रही लोगों की जान
शामली। परिवहन विभाग और यातायात पुलिस द्वारा सड़क हादसों को रोकने के लिए समय-समय पर अभियान चलाए जाते हैं। इसके बाद भी सड़क हादसे नहीं रुक रहे हैं। साफ है कि हादसे रोकने के लिए जिले में पुख्ता इंतजाम नहीं हो रहे हैं।
शासन के निर्देश पर परिवहन विभाग द्वारा यातायात पुलिस के साथ संयुक्त रूप से द्वितीय सड़क सुरक्षा सप्ताह पांच अक्तूबर से चलाया जा रहा है। इस सप्ताह के तहत विभिन्न कार्यक्रम और यातायात नियमों का पालन न करने वाले वाहनों के चालान और जुर्माने की कार्रवाई की जा रही है। इसके बाद भी सड़क दुर्घटनाओं में कमी नहीं आ रहा है। शुक्रवार को बाबरी थानाक्षेत्र में वाहन की चपेट में आकर बाइक सवार पिता-पुत्री की मौत हुई। पिछले महीने मेरठ-करनाल हाईवे पर ट्रक से कुचलकर गांव मुंडेट निवासी दो युवकों की मौत हुई थी। इसी तरह जनपद में आए दिन हादसे होते रहते हैं।
विभागीय अधिकारियों का दावा है कि सड़क सुरक्षा सप्ताह व अन्य कार्यक्रमों द्वारा वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया जाता है। नियमों का पालन न करने वाले वाहनों के चालान और जुर्माना किया जाता है। इस साल अब तक तीन करोड़ 44 लाख रुपये के चालान किए जा चुके हैं, जिनमें एक करोड़ 44 लाख रुपये जुर्माना वसूल हो चुका हैं। अधिकारियों का कहना है कि पिछले सालों की अपेक्षा हादसों में कमी आई है। हालांकि अभी भी लोग पूरी तरह से जागरूक नहीं है। लापरवाही से ओवर स्पीड वाहन चलाने और नियमों का पालन न करना हादसों की वजह बनता है।
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जिले में हादसे रोकने को ये नहीं है व्यवस्था
1. किसी भी चौराहे पर ट्रैफिक सिग्नल लाइट नहीं।
2. चौराहों पर स्टॉप लाइन और जेब्रा क्रासिंग नहीं बनी।
3. किसी भी नेशनल हाईवे पर संकेतक नहीं है।
4. नेशनल हाईवे पर अवैध कट बंद नहीं होना।
5. सड़कों पर गड्ढों की मरम्मत होना।
6. रेलवे फाटक पर फ्लाईओवर या अंडरपास न होना।
कोट
- सड़क सुरक्षा सप्ताह के तहत वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए सचेत कर जागरूक किया जा रहा है। इसके बाद भी कुछ वाहन चालक लापरवाही करते है, जिस कारण हादसे होते है। पिछले सालों के मुकाबले हादसों में कमी आई है। - मुंशीलाल, एआरटीओ।
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- यातायात नियमों का पालन कराने के लिए वाहन चालकों को जागरूक करने किया जाता है। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के चालान कर जुर्माना वसूल किए जाने की कार्रवाई की जाती है। - भंवर सिंह, यातायात प्रभारी।
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शामली। परिवहन विभाग और यातायात पुलिस द्वारा सड़क हादसों को रोकने के लिए समय-समय पर अभियान चलाए जाते हैं। इसके बाद भी सड़क हादसे नहीं रुक रहे हैं। साफ है कि हादसे रोकने के लिए जिले में पुख्ता इंतजाम नहीं हो रहे हैं।
शासन के निर्देश पर परिवहन विभाग द्वारा यातायात पुलिस के साथ संयुक्त रूप से द्वितीय सड़क सुरक्षा सप्ताह पांच अक्तूबर से चलाया जा रहा है। इस सप्ताह के तहत विभिन्न कार्यक्रम और यातायात नियमों का पालन न करने वाले वाहनों के चालान और जुर्माने की कार्रवाई की जा रही है। इसके बाद भी सड़क दुर्घटनाओं में कमी नहीं आ रहा है। शुक्रवार को बाबरी थानाक्षेत्र में वाहन की चपेट में आकर बाइक सवार पिता-पुत्री की मौत हुई। पिछले महीने मेरठ-करनाल हाईवे पर ट्रक से कुचलकर गांव मुंडेट निवासी दो युवकों की मौत हुई थी। इसी तरह जनपद में आए दिन हादसे होते रहते हैं।
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विभागीय अधिकारियों का दावा है कि सड़क सुरक्षा सप्ताह व अन्य कार्यक्रमों द्वारा वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया जाता है। नियमों का पालन न करने वाले वाहनों के चालान और जुर्माना किया जाता है। इस साल अब तक तीन करोड़ 44 लाख रुपये के चालान किए जा चुके हैं, जिनमें एक करोड़ 44 लाख रुपये जुर्माना वसूल हो चुका हैं। अधिकारियों का कहना है कि पिछले सालों की अपेक्षा हादसों में कमी आई है। हालांकि अभी भी लोग पूरी तरह से जागरूक नहीं है। लापरवाही से ओवर स्पीड वाहन चलाने और नियमों का पालन न करना हादसों की वजह बनता है।
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जिले में हादसे रोकने को ये नहीं है व्यवस्था
1. किसी भी चौराहे पर ट्रैफिक सिग्नल लाइट नहीं।
2. चौराहों पर स्टॉप लाइन और जेब्रा क्रासिंग नहीं बनी।
3. किसी भी नेशनल हाईवे पर संकेतक नहीं है।
4. नेशनल हाईवे पर अवैध कट बंद नहीं होना।
5. सड़कों पर गड्ढों की मरम्मत होना।
6. रेलवे फाटक पर फ्लाईओवर या अंडरपास न होना।
कोट
- सड़क सुरक्षा सप्ताह के तहत वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए सचेत कर जागरूक किया जा रहा है। इसके बाद भी कुछ वाहन चालक लापरवाही करते है, जिस कारण हादसे होते है। पिछले सालों के मुकाबले हादसों में कमी आई है। - मुंशीलाल, एआरटीओ।
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- यातायात नियमों का पालन कराने के लिए वाहन चालकों को जागरूक करने किया जाता है। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के चालान कर जुर्माना वसूल किए जाने की कार्रवाई की जाती है। - भंवर सिंह, यातायात प्रभारी।