फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Negligence in tax collection, government stopped installment of Nagar Panchayat

Shamli News: टैक्स वसूली में लापरवाही, शासन ने नगर पंचायत की रोकी किस्त

Thu, 02 May 2024 01:15 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली Updated Thu, 02 May 2024 01:15 AM IST
विज्ञापन
Negligence in tax collection, government stopped installment of Nagar Panchayat
शामली, जलालाबाद। जलालाबाद नगर पंचायत में वित्तीय वर्ष 2023-24 में कम टैक्स वसूली पर शासन ने सख्त रुख अख्तियार करते हुए नगर के विकास को मिलने वाले 15वें वित्त की किस्त को रोक दिया है एवं नगर पंचायत को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है ।
विज्ञापन

शासन से किस्त रोके जाने से नगर के विकास का पहिया रुकने के आसार बन गए हैं। नगर पंचायत जलालाबाद में वर्तमान में आठ लाख का टैक्स व पुराने वित्तीय वर्ष का लगभग 16 लाख का टैक्स बकाया चला आ रहा है। जिसकी वसूली नगर पंचायत करने में नाकाम रही है। कुल 24 लाख रुपये के टैक्स वसूलने का टारगेट शासन से मिला था, परंतु निर्धारित समय में नगर पंचायत उक्त टैक्स नहीं वसूल सकी। जिसके चलते नगर के विकास को मिलने वाले पैसे को रोक दिया गया।
विज्ञापन

विभागीय अधिकारियों के अनुसार, नगर पंचायत में एक वित्तीय वर्ष में आठ लाख 30 हजार के लगभग टैक्स वसूलने का लक्ष्य है, जबकि उनके द्वारा इस वित्तीय वर्ष में 12 लाख 96 हजार रुपये वसूले गए हैं, जिसकी जानकारी शासन को भेजी जा चुकी है। जल्द ही 15 वें वित्त की किस्त जारी होने की उम्मीद है। नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी जितेंद्र राणा ने बताया कि रुटीन जांच थी, जिसकी जानकारी शासन को भेज दी गई है। टैक्स वसूली में तेजी लाई जाएगी। जिससे शासन की मंशा के अनुरूप टैक्स वसूली की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed