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Shamli News: पोर्टल पर पंजीकरण न कराने पर 74 कीटनाशी विक्रेताओं के लाइसेंस निरस्त

Thu, 25 Jun 2026 12:59 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 25 Jun 2026 12:59 AM IST
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Licenses of 74 pesticide dealers cancelled for failing to register on the portal.
शामली। एकीकृत कीटनाशी प्रबंधन प्रणाली पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण न कराने, मासिक रिपोर्ट उपलब्ध न कराने तथा कीटनाशी अधिनियम-1968 के प्रावधानों का पालन न करने पर जनपद के 74 कीटनाशी विक्रेताओं के लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं।
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जिला कृषि अधिकारी प्रदीप कुमार यादव ने बताया कि अपर कृषि निदेशक (कृषि रक्षा) लखनऊ के निर्देशों के अनुसार सभी कीटनाशी विक्रेताओं को भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय द्वारा विकसित आईपीएमएस पोर्टल पर अपना पंजीकरण कराना अनिवार्य किया गया था। इसके लिए अप्रैल माह के प्रथम सप्ताह तक शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद कई विक्रेताओं ने पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया और न ही मासिक सूचनाएं उपलब्ध कराईं। साथ ही कीटनाशी अधिनियम-1968 के प्रावधानों का भी पालन नहीं किया। ऐसे विक्रेताओं के लाइसेंस पहले निलंबित किए गए थे, लेकिन निलंबन के बाद भी निर्धारित समय में आवश्यक अनुपालन नहीं किया गया। लगातार अनदेखी के चलते संबंधित विक्रेताओं के लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं।
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निरस्त लाइसेंस धारकों को निर्धारित समयावधि में अपना कीटनाशी स्टॉक शून्य कर विक्रय कार्य बंद करने के निर्देश दिए गए हैं। चेतावनी दी है कि लाइसेंस निरस्त होने के बाद भी यदि कोई विक्रेता कीटनाशी का कारोबार करता पाया गया तो उसके खिलाफ कीटनाशी अधिनियम-1968 की धारा 29, कीटनाशी नियम-1971 तथा भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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