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वाहनों की स्थायी आरसी बनाने का काम लटका
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शामली। जनपद में वाहनों की हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट अपलोड न होने के कारण आरसी प्रिंट का काम बाधित हो रहा है। जनपद में करीब दो हजार वाहनों के स्थायी आरसी लंबित चल रही है। शासन ने आरसी प्रिंट का काम लंबित होने पर इसे गंभीरता से लेते हुए परिवहन अधिकारियों आरसी बनाने के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
नए वाहन का रजिस्ट्रेशन होने के बाद परिवहन विभाग की तरफ से अस्थायी आरसी जारी की जाती है। रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट तैयार कराकर एजेंसी या कंपनी द्वारा परिवहन विभाग की वेबसाइट पर अपलोड की जाती है। इसके बाद वाहन मालिक को स्थायी आरसी प्रिंट कर जारी की जाती है। पिछले तीन माह में लॉकडाउन की वजह से नए वाहनों की हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेेशन प्लेट कंपनी या एजेंसी संचालकों की तरफ से अपलोड करने का काम धीमा रहा है। जबकि उन वाहनों का रजिस्ट्रेशन होने के बाद अस्थायी आरसी जारी की जा चुकी है। इसकी वजह से आरसी बनाने का काम बाधित होने से इनकी संख्या बढ़ रही है। शासन ने भी इसे गंभीरता से लेते हुए सभी जनपद के परिवहन अधिकारियों को इस कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए है। जनपद शामली में करीब दो हजार दोपहिया और चार पहिया वाहन ऐसे है जिनकी स्थायी आरसी नहीं बन पाई है। इनमें करीब 1500 दोपहिया वाहन है। अपर परिवहन आयुक्त राजस्व लखनऊ द्वारा इस मामले को गंभीरता से लेने पर जनपद के परिवहन अधिकारियों ने एजेंसी संचालकों को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट तैयार कराकर अपलोड कराने के निर्देश दिए हैं ताकि उनकी आरसी प्रिंट की जा सके।
यह है हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट
वाहनों के आगे और पीछे की तरफ लगने वाली रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट में चिप लगी होती है। इस चिप में वाहन, इंजन नंबर, चेसिस नंबर आदि डाटा होता है। इस चिप के माध्यम से पुलिस या अन्य संबंधित विभागीय अधिकारी आसानी से वाहन की जांच कर लेते हैं कि उस पर प्लेट लिखा नंबर सही है या फर्जी नंबर लिखा है। इस प्लेट पर अक्षर भी उभरे हुए लिखे होते हैं।
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कोट
लॉकडाउन की वजह से एजेंसी या कंपनी संचालक वाहनों की हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट अपलोड नहीं कर पाए थे, जिस कारण स्थायी आरसी प्रिंट नहीं हो पा रही थी। एजेंसी संचालकों को रजिस्ट्रेशन प्लेट अपलोड करने के लिए कहा गया है। साथ ही हर महीन की चार तारीख को एजेंसी संचालक यह जानकारी देंगे कि उनके यहां रजिस्ट्रेशन प्लेट कितनी लंबित है और उसका कारण क्या रहा। इसकी हर महीने शासन को रिपोर्ट भेजी जाएगी। - मुंशीलाल, एआरटीओ।
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नए वाहन का रजिस्ट्रेशन होने के बाद परिवहन विभाग की तरफ से अस्थायी आरसी जारी की जाती है। रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट तैयार कराकर एजेंसी या कंपनी द्वारा परिवहन विभाग की वेबसाइट पर अपलोड की जाती है। इसके बाद वाहन मालिक को स्थायी आरसी प्रिंट कर जारी की जाती है। पिछले तीन माह में लॉकडाउन की वजह से नए वाहनों की हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेेशन प्लेट कंपनी या एजेंसी संचालकों की तरफ से अपलोड करने का काम धीमा रहा है। जबकि उन वाहनों का रजिस्ट्रेशन होने के बाद अस्थायी आरसी जारी की जा चुकी है। इसकी वजह से आरसी बनाने का काम बाधित होने से इनकी संख्या बढ़ रही है। शासन ने भी इसे गंभीरता से लेते हुए सभी जनपद के परिवहन अधिकारियों को इस कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए है। जनपद शामली में करीब दो हजार दोपहिया और चार पहिया वाहन ऐसे है जिनकी स्थायी आरसी नहीं बन पाई है। इनमें करीब 1500 दोपहिया वाहन है। अपर परिवहन आयुक्त राजस्व लखनऊ द्वारा इस मामले को गंभीरता से लेने पर जनपद के परिवहन अधिकारियों ने एजेंसी संचालकों को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट तैयार कराकर अपलोड कराने के निर्देश दिए हैं ताकि उनकी आरसी प्रिंट की जा सके।
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यह है हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट
वाहनों के आगे और पीछे की तरफ लगने वाली रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट में चिप लगी होती है। इस चिप में वाहन, इंजन नंबर, चेसिस नंबर आदि डाटा होता है। इस चिप के माध्यम से पुलिस या अन्य संबंधित विभागीय अधिकारी आसानी से वाहन की जांच कर लेते हैं कि उस पर प्लेट लिखा नंबर सही है या फर्जी नंबर लिखा है। इस प्लेट पर अक्षर भी उभरे हुए लिखे होते हैं।
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लॉकडाउन की वजह से एजेंसी या कंपनी संचालक वाहनों की हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट अपलोड नहीं कर पाए थे, जिस कारण स्थायी आरसी प्रिंट नहीं हो पा रही थी। एजेंसी संचालकों को रजिस्ट्रेशन प्लेट अपलोड करने के लिए कहा गया है। साथ ही हर महीन की चार तारीख को एजेंसी संचालक यह जानकारी देंगे कि उनके यहां रजिस्ट्रेशन प्लेट कितनी लंबित है और उसका कारण क्या रहा। इसकी हर महीने शासन को रिपोर्ट भेजी जाएगी। - मुंशीलाल, एआरटीओ।