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पहले पर्ची, फिर मौसम की मार से अन्नदाता गेहूं को मोहताज

Sat, 18 Jan 2020 12:18 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sat, 18 Jan 2020 12:18 AM IST
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Farmers troubled by weather are finding the option of wheat
थानाभवन में मौसम के कारण तैयार न हो पाने के कारण गेंहू की बुआई से मोहताज खेत - फोटो : SHAMLI
मौसम से परेशान किसान ढूंढ रहा गेहूं का विकल्प
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थानाभवन (शामली)। मौसम की बेरुखी ने गेहूं उत्पादक किसानों को मायूस कर दिया। गेहूं बुवाई का समय निकल गया है, जिससे गेहूं का घट गया। अब किसान गेहूं का विकल्प तलाश रहे हैं और गन्ना तथा दलहनी फसलों की बुवाई की तैयारी कर रहे हैं।
जिले में नवंबर माह से गेहूं की बुवाई शुरू हो जाती है और 15 जनवरी तक गेहूं की पछेती बुवाई कर लेते हैं। पहले तो इस साल किसानों को शुगर मिल के सुस्त रवैये से काफी परेशानी हुई। समय से गन्ना पर्ची उपलब्ध नहीं हो पाई, जिस कारण गन्ने की कटाई न होने पर खेत खाली नहीं हो सके। जनवरी माह के शुरू में किसानों ने गेहूं की बुुवाई की तैयारी जरूर की, लेकिन रुक रुककर हो रही बारिश से तैयारियों पर पानी फिर गया। जिले में सैकड़ों किसान गेहूं की बुवाई नहीं कर सके। थानाभवन क्षेत्र में ये संख्या काफी अधिक है। बुवाई से वंचित किसानों ने अब विकल्प तलाशने शुरू कर दिए हैं। कुछ किसानों का कहना है कि उड़द, साठा धान, टमाटर, प्याज, करेला आदि की बुवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
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ये बोले किसान
एक जनवरी को मैंने गेहूं बोने के लिए खेत खाली कर दिया था, सोचा था कि अभी तो काफी समय है, आराम से बुवाई हो जाएगी। लेकिन मौसम ने साथ नहीं दिया। अब तो गेहूं बोने का समय ही निकल गया। - रकम सिंह, हसनपुर लुहारी
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छह बीघा खेत में तो दिसंबर में गेहूं बो दिया था। बाकी का चार बीघा खेत और तैयार किया था। लेकिन मौसम के बिगड़े मिजाज से बाकी बुवाई नहीं हो पाई है। अब उक्त खेत में गन्ना लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। - राकेश कुमार, थानाभवन
अभी खेत में दस बीघा गेहूं बोना बाकी रह गया था। पहले तो पर्ची समय से नहीं आने के कारण खेत खाली नहीं हो पाए और अब मौसम ने साथ नहीं दिया। अब गेहूं बो पाना संभव नहीं है। दूसरी फसल लगाने की तैयारी चल रही है। - देवेंद्र सिंह पुंडीर, भनेड़ा उद्दा
गेहूं बुवाई के लिए पांच बीघा खेत तैयार किया था, लेकिन बारिश व खराब मौसम के कारण सब तैयारी बेकार गई। अब तो गेहूं लगाने की कोई उम्मीद ही नहीं है। - राकेश सिंह, थानाभवन
करीब 7 हजार हेक्टेयर घट गया है रकबा
कृषि विभाग के अनुसार जिले में इस बार 48,924 हेक्टेयर गेहूं बुवाई का लक्ष्य शासन से मिला था, लेकिन सात जनवरी तक जिले में केवल 41,586 हेक्टेयर बुवाई हुई है। इसके बाद से लगातार मौसम खराब चल रहा है। किसान बुवाई को खेत तैयार करता है तभी बारिश हो जाती है। यही वजह है कि जिले में लक्ष्य के सापेक्ष अभी तक करीब 7338 हेक्टेयर गेहूं की बुवाई कम हुई है। रकबा घटने से गेहूं उत्पादन भी प्रभावित होगा।

कोट
जिले में 15 जनवरी तक गेहूं की बुवाई होती है, लेकिन इस साल मौसम की वजह से बुआई प्रभावित हुई है। निर्धारित लक्ष्य से कम बुवाई हुई है। अब देर से गेहूं बोने से पैैदावार प्रभावित होती है। - शिवकुमार केसरी, उप निदेशक कृषि, शामली
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