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Shamli News: उद्यमियों ने बजट को सराहा, व्यापारियों की झोली खाली
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संवाद न्यूज एजेंसी
फोटो समाचार
शामली। प्रदेश सरकार के बजट की उद्यमियों ने प्रशंसा करते हुए कहा कि नए उत्तर प्रदेश का बजट सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक विकास में नए सुनहरे अध्याय जोड़ेगा। इस बजट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप प्रदेश के गांव गरीब किसान, नौजवान और महिलाओं समेत समाज के हर व्यक्ति के हित का ध्यान रखा गया है। जबकि व्यापारियों का कहना है कि बजट में उनका ध्यान नहीं रखा गया है।
अर्थ व्यवस्था मजबूत करेगा बजट
यह बजट अर्थव्यवस्था मजबूत करेगा। इसमें परिवहन की सुविधाओं और हाईवे-एक्सप्रेसवे को ध्यान रखते हुए बजट का प्राविधान किया गया है। इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने के लिए 200 करोड़ से प्रस्तावित एक्सप्रेसवे बनने से इंडस्ट्री को समान के ट्रांसपोर्टेशन में और सुविधाएं मिलेंगी। प्रयागराज तीर्थ स्थल तक जाने में ओर सुविधा होगी। स्वास्थ्य की दृष्टि से 14 नए मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए 2491 करोड़ का फंड रखा गया है। फार्मा पार्कों के लिए 250 करोड़ यूपी इंस्टिट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल रिसर्च एंड डेवलपमेंट की स्थापना के लिए 20 करोड़ एवं नर्सिंग कॉलेजों की स्थापना के लिए 26 करोड़ आवंटित होने से स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। शिक्षा व बेरोजगारी को दूर करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में युवा उद्यमियों को एग्री टेक स्टार्टअप की स्थापना के लिए युवाओं को प्रोत्साहित किया है।- अनुज गर्ग, अध्यक्ष, इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन।
यूपी सरकार का संतुलित बजट
उत्तर प्रदेश सरकार का बजट संतुलित बजट है। सरकार ने अधिक से अधिक उद्यमों की स्थापना के लिए अनुकूल वातावरण का सृजन किया गया है। एमएसएमई अधिनियम 2020 के माध्यम से इकाइयों को 1000 दिवस तक किसी भी विभाग से निरीक्षण में छूट प्रदान की गई है। इसी प्रकार निवेश मित्र के माध्यम से उद्यमियों को उधम की स्थापना के कर्म में एनओसी को प्राप्त करने की व्यवस्था की गई है। जिससे उद्यमी को समय से सभी स्वीकृतियां मिल सकें। एक जनपद एक उत्पाद वित्त पोषण के तहत 1.35 लाख से अधिक रोजगार अब तक लोगों को मिल चुके हैं। प्रदेश का कोई भी व्यक्ति बेरोजगार नहीं रहेगा। बजट बहुत अच्छा है। अंकित गोयल, अध्यक्ष, शामली इंडस्ट्रियल एस्टेट मेन्युफेक्चरिंग एसोसिएशन।
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संपूर्ण विकास का बजट
आमतौर पर प्रदेश के लिए संपूर्ण विकास का बजट रखा गया, लेकिन उद्यमियों की जो अपेक्षा थी। उस पर बजट में उद्यमियों को कम दिया गया है।- वेदप्रकाश आर्य, रिम धुरा उद्यमी।
युवाओं के लिए रोजगार के रास्ते खोले
यूपी सरकार का बजट उद्यमियों के लिए बेहतर है। इस बजट से सरकार ने युवाओं और बेरोजगारों को रोजगार के रास्ते खोले है।- अशोक बंसल, सरंक्षक, इंडियन इंड्रस्टीज एसोसिएशन।
यूपी बजट 2023 व्यापारियों के हाथ खाली
बजट में व्यापारियों का ध्यान नहीं रखा गया है। इस बजट में भी व्यापारियों के हाथ खाली रहे। 60 साल से ऊपर के व्यापारियों के लिए पेंशन योजना लागू न करके उपेक्षा की गई है। व्यापारियों के स्टॉक के बीमे की जिम्मेदारी सरकारी स्तर पर लेने तथा गत वर्षों में कोरोना महामारी के कारण लगे लॉकडाउन से छोटे व्यापारियों की बिगड़ी अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए आर्थिक राहत पैकेज की घोषणा नहीं की गई। व्यापारियों को प्रदेश सरकार ने अपने हाल पर छोड़ दिया है।- घनश्यामदास गर्ग, प्रदेशाध्यक्ष पउप्र सयुंक्त उद्योग व्यापार मंडल।
व्यापारियों की पेंशन योजना की घोषणा नहीं की
बजट में व्यापारियों पर ध्यान नहीं दिया गया है। वाणिज्यकर, विद्युत दरों में कोई कमी की गई है। नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का प्लान नहीं बनाया है। व्यापारियों के लिए कोई पेंशन योजना नहीं बनाई गई है।- पवन संगल, अध्यक्ष, उप्र उद्योग व्यापार मंडल।
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शामली। प्रदेश सरकार के बजट की उद्यमियों ने प्रशंसा करते हुए कहा कि नए उत्तर प्रदेश का बजट सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक विकास में नए सुनहरे अध्याय जोड़ेगा। इस बजट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप प्रदेश के गांव गरीब किसान, नौजवान और महिलाओं समेत समाज के हर व्यक्ति के हित का ध्यान रखा गया है। जबकि व्यापारियों का कहना है कि बजट में उनका ध्यान नहीं रखा गया है।
अर्थ व्यवस्था मजबूत करेगा बजट
यह बजट अर्थव्यवस्था मजबूत करेगा। इसमें परिवहन की सुविधाओं और हाईवे-एक्सप्रेसवे को ध्यान रखते हुए बजट का प्राविधान किया गया है। इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने के लिए 200 करोड़ से प्रस्तावित एक्सप्रेसवे बनने से इंडस्ट्री को समान के ट्रांसपोर्टेशन में और सुविधाएं मिलेंगी। प्रयागराज तीर्थ स्थल तक जाने में ओर सुविधा होगी। स्वास्थ्य की दृष्टि से 14 नए मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए 2491 करोड़ का फंड रखा गया है। फार्मा पार्कों के लिए 250 करोड़ यूपी इंस्टिट्यूट ऑफ फार्मास्यूटिकल रिसर्च एंड डेवलपमेंट की स्थापना के लिए 20 करोड़ एवं नर्सिंग कॉलेजों की स्थापना के लिए 26 करोड़ आवंटित होने से स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। शिक्षा व बेरोजगारी को दूर करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में युवा उद्यमियों को एग्री टेक स्टार्टअप की स्थापना के लिए युवाओं को प्रोत्साहित किया है।- अनुज गर्ग, अध्यक्ष, इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन।
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यूपी सरकार का संतुलित बजट
उत्तर प्रदेश सरकार का बजट संतुलित बजट है। सरकार ने अधिक से अधिक उद्यमों की स्थापना के लिए अनुकूल वातावरण का सृजन किया गया है। एमएसएमई अधिनियम 2020 के माध्यम से इकाइयों को 1000 दिवस तक किसी भी विभाग से निरीक्षण में छूट प्रदान की गई है। इसी प्रकार निवेश मित्र के माध्यम से उद्यमियों को उधम की स्थापना के कर्म में एनओसी को प्राप्त करने की व्यवस्था की गई है। जिससे उद्यमी को समय से सभी स्वीकृतियां मिल सकें। एक जनपद एक उत्पाद वित्त पोषण के तहत 1.35 लाख से अधिक रोजगार अब तक लोगों को मिल चुके हैं। प्रदेश का कोई भी व्यक्ति बेरोजगार नहीं रहेगा। बजट बहुत अच्छा है। अंकित गोयल, अध्यक्ष, शामली इंडस्ट्रियल एस्टेट मेन्युफेक्चरिंग एसोसिएशन।
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संपूर्ण विकास का बजट
आमतौर पर प्रदेश के लिए संपूर्ण विकास का बजट रखा गया, लेकिन उद्यमियों की जो अपेक्षा थी। उस पर बजट में उद्यमियों को कम दिया गया है।- वेदप्रकाश आर्य, रिम धुरा उद्यमी।
युवाओं के लिए रोजगार के रास्ते खोले
यूपी सरकार का बजट उद्यमियों के लिए बेहतर है। इस बजट से सरकार ने युवाओं और बेरोजगारों को रोजगार के रास्ते खोले है।- अशोक बंसल, सरंक्षक, इंडियन इंड्रस्टीज एसोसिएशन।
यूपी बजट 2023 व्यापारियों के हाथ खाली
बजट में व्यापारियों का ध्यान नहीं रखा गया है। इस बजट में भी व्यापारियों के हाथ खाली रहे। 60 साल से ऊपर के व्यापारियों के लिए पेंशन योजना लागू न करके उपेक्षा की गई है। व्यापारियों के स्टॉक के बीमे की जिम्मेदारी सरकारी स्तर पर लेने तथा गत वर्षों में कोरोना महामारी के कारण लगे लॉकडाउन से छोटे व्यापारियों की बिगड़ी अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए आर्थिक राहत पैकेज की घोषणा नहीं की गई। व्यापारियों को प्रदेश सरकार ने अपने हाल पर छोड़ दिया है।- घनश्यामदास गर्ग, प्रदेशाध्यक्ष पउप्र सयुंक्त उद्योग व्यापार मंडल।
व्यापारियों की पेंशन योजना की घोषणा नहीं की
बजट में व्यापारियों पर ध्यान नहीं दिया गया है। वाणिज्यकर, विद्युत दरों में कोई कमी की गई है। नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का प्लान नहीं बनाया है। व्यापारियों के लिए कोई पेंशन योजना नहीं बनाई गई है।- पवन संगल, अध्यक्ष, उप्र उद्योग व्यापार मंडल।