{"_id":"6782106d1e2129f9600a63e6","slug":"do-not-bathe-in-very-hot-water-in-winter-it-can-cause-allergies-shamli-news-c-26-1-smrt1048-134985-2025-01-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shamli News: सर्दी में तेज गर्म पानी से न नहाएं, हो सकती है एलर्जी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shamli News: सर्दी में तेज गर्म पानी से न नहाएं, हो सकती है एलर्जी
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। सर्दी के मौसम में तेज गर्म पानी में नहाना त्वचा को नुकसान पहुंचा रहा है। इससे त्वचा शुष्क होने के साथ ही फट जाती है। जिला अस्पताल की ओपीडी में 10-15 मरीज रोजाना ऐसे सामने आ रहे हैं। चिकित्सक गर्म पानी में नहाने से बचने और गुनगुने पानी में नहाने की सलाह दे रहे हैं।
ठंड के मौसम में लोगों काे तेज गर्म पानी में नहाना अच्छा लगता हैं, लेकिन ज्यादा तेज गर्म पानी में नहाना त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है। जिला अस्पताल की ओपीडी में रोजाना इस तरह के केस सामने आ रहे हैं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. कर्मवीर सिंह ने बताया कि ओपीडी में आने वाले मरीजों में 10-15 मरीज इस तरह के होते हैं, जिनके गर्म पानी में नहाने के कारण उनकी त्वचा को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने बताया कि तेज गर्म पानी में नहाने से त्वचा शुष्क व रूखी हो जाती है। इससे हाथ, पैर, मुंह और होंठ आदि फट जाते हैं। उनका कहना है कि इससे बचाव के लिए हल्के गर्म या गुनगुने पानी में नहाना ही बेहतर है।
वहीं जिन मरीजों को त्वचा रुखी होने या फटने की समस्या बनती है, उन मरीजों को चिकित्सक की सलाह से मॉइस्चराइजर लगाना चाहिए। अपने आप न तो कोई दवा लें और न ही कोई मॉइस्चराइजर लगाएं। इसके अलावा ठंड के मौसम में हाथों में दस्ताने और पैरों में मौजे पहनने चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
शामली। सर्दी के मौसम में तेज गर्म पानी में नहाना त्वचा को नुकसान पहुंचा रहा है। इससे त्वचा शुष्क होने के साथ ही फट जाती है। जिला अस्पताल की ओपीडी में 10-15 मरीज रोजाना ऐसे सामने आ रहे हैं। चिकित्सक गर्म पानी में नहाने से बचने और गुनगुने पानी में नहाने की सलाह दे रहे हैं।
ठंड के मौसम में लोगों काे तेज गर्म पानी में नहाना अच्छा लगता हैं, लेकिन ज्यादा तेज गर्म पानी में नहाना त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है। जिला अस्पताल की ओपीडी में रोजाना इस तरह के केस सामने आ रहे हैं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. कर्मवीर सिंह ने बताया कि ओपीडी में आने वाले मरीजों में 10-15 मरीज इस तरह के होते हैं, जिनके गर्म पानी में नहाने के कारण उनकी त्वचा को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने बताया कि तेज गर्म पानी में नहाने से त्वचा शुष्क व रूखी हो जाती है। इससे हाथ, पैर, मुंह और होंठ आदि फट जाते हैं। उनका कहना है कि इससे बचाव के लिए हल्के गर्म या गुनगुने पानी में नहाना ही बेहतर है।
विज्ञापन
वहीं जिन मरीजों को त्वचा रुखी होने या फटने की समस्या बनती है, उन मरीजों को चिकित्सक की सलाह से मॉइस्चराइजर लगाना चाहिए। अपने आप न तो कोई दवा लें और न ही कोई मॉइस्चराइजर लगाएं। इसके अलावा ठंड के मौसम में हाथों में दस्ताने और पैरों में मौजे पहनने चाहिए।

पीएचसी बल्ह टिक्कर भवन- फोटो : स्रोत:ग्रामीण

पीएचसी बल्ह टिक्कर भवन- फोटो : स्रोत:ग्रामीण

पीएचसी बल्ह टिक्कर भवन- फोटो : स्रोत:ग्रामीण
विज्ञापन