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Shamli News: इसी महीने शुरू हो सकता है ड्राइविंग टेस्टिंग ट्रैक का निर्माण
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शामली। भैंसवाल गांव में प्रस्तावित आधुनिक ड्राइविंग टेस्टिंग ट्रैक का निर्माण इसी माह शुरू हो सकता है। इस माह ही ट्रैक की जमीन का जायजा लेने के लिए टीम आ सकती है। जिसकी तैयारी परिवहन विभाग के अधिकारियों ने कर ली है।
जिले में अभी तक परिवहन विभाग के कार्यालय में चालकों का लाइसेंस मैनुअल तरीके से गाड़ी चलवाकर जारी किया जाता है। परिवहन मुख्यालय ने जिले में स्वचालित ड्राइव ड्राइविंग टेस्टिंग टैंक बनाने के निर्देश दिए थे। परिवहन विभाग के अधिकारी भैंसवाल गांव में ट्रैक के लिए चार एकड़ जमीन चिन्हित कर चुके हैं। ट्रैक, बिल्डिंग पर चार करोड़ से अधिक रुपये खर्च होंगे।
कुछ समय पूर्व लखनऊ की टीम को जमीन का जायजा लेने के लिए आना था लेकिन टीम नहीं आ सकी थी। एआरटीओ रोहित राजपूत का कहना है कि इसी माह निर्माण कार्य शुरू कराने की तैयारी है। प्रयास रहेगा कि जल्द ही निर्माण कराया जाए।
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ट्रैक में वाहनों की जांच भी आधुनिक तकनीक से होगी। जिसमें वाहन के प्रदूषण की जांच से लेकर हार्न, लो बीम और हाई बीम की पड़ताल की जाएगी। इतना ही नहीं, टायरों की क्वालिटी और बेहतरी को भी विभिन्न मशीनों के जरिए परखा जाएगा। ट्रैक कैमरों और सेंसर से भी लैस होगा। चालक की जरा सी गलती को सेंसर पकड़ लेंगे।
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जिले में अभी तक परिवहन विभाग के कार्यालय में चालकों का लाइसेंस मैनुअल तरीके से गाड़ी चलवाकर जारी किया जाता है। परिवहन मुख्यालय ने जिले में स्वचालित ड्राइव ड्राइविंग टेस्टिंग टैंक बनाने के निर्देश दिए थे। परिवहन विभाग के अधिकारी भैंसवाल गांव में ट्रैक के लिए चार एकड़ जमीन चिन्हित कर चुके हैं। ट्रैक, बिल्डिंग पर चार करोड़ से अधिक रुपये खर्च होंगे।
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कुछ समय पूर्व लखनऊ की टीम को जमीन का जायजा लेने के लिए आना था लेकिन टीम नहीं आ सकी थी। एआरटीओ रोहित राजपूत का कहना है कि इसी माह निर्माण कार्य शुरू कराने की तैयारी है। प्रयास रहेगा कि जल्द ही निर्माण कराया जाए।
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ट्रैक में वाहनों की जांच भी आधुनिक तकनीक से होगी। जिसमें वाहन के प्रदूषण की जांच से लेकर हार्न, लो बीम और हाई बीम की पड़ताल की जाएगी। इतना ही नहीं, टायरों की क्वालिटी और बेहतरी को भी विभिन्न मशीनों के जरिए परखा जाएगा। ट्रैक कैमरों और सेंसर से भी लैस होगा। चालक की जरा सी गलती को सेंसर पकड़ लेंगे।