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1575 दिव्यांगों की पेंशन के 47.25 लाख रुपये अटके
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1575 दिव्यांगों की पेंशन के 47.25 लाख रुपये अटके
शामली। केवाईसी न होने से जिले के 1575 दिव्यांगों की पेंशन के 47.25 लाख की धनराशि लाभार्थियों के खातों में नहीं आई है। जुलाई, अगस्त और सितंबर की पेंशन के 3000 रुपये सरकार की ओर से जारी किए गए थे। पेंशन प्राप्त करने के लिए केवाईसी कराना जरूरी है।
प्रदेश में सभी प्रकार की पेंशन में पारदर्शिता के लिए केवाईसी का कार्य चल रहा है। जिले में 85 प्रतिशत दिव्यांग पेंशन के लाभार्थियों की केवाईसी हो भी चुकी है। प्रदेश में जनपद आठवें स्थान पर है, लेकिन तमाम कोशिशों व प्रचार प्रसार के बावजूद 1575 दिव्यांगों ने केवाईसी नहीं कराई। जिस कारण इस बार ऐसे दिव्यांगों की पेंशन रोक दी गई है। अगली किश्त के समय तक ये दिव्यांग केवाईसी नहीं कराते हैं तो इन्हें अपात्र समझकर कार्रवाई की जा सकती है।
जिला दिव्यांग सशक्तिकरण अधिकारी अंशुल चौहान ने बताया कि दिव्यांग जनसेवा केंद्र पर जाकर अपनी केवाईसी करा लें। केवाईसी में सबसे बड़ी समस्या लाभार्थियों के पास उनकी पेंशन का रजिस्ट्रेशन नंबर न होना पाया जाता है। जिसे देखते हुए जिले के सभी 800 जनसेवा केंद्रों के संचालकों को लाभार्थियों के रजिस्ट्रेशन नंबर की लिस्ट उपलब्ध करा दी है। दिव्यांग जनसेवा केंद्र पर भी नहीं जाना चाहते हैं तो अपने ही गांव के पंचायत सहायक के पास जाकर भी केवाईसी करा सकते हैं। पंचायत सहायकों को इसके लिए विभागीय प्रशिक्षण दिया जा चुका है। यदि पंचायत सहायक के पास भी नहीं जाना चाहते है तो उनके व्हाट्सएप नंबर 8791491011 पर अपने आधार कार्ड की दोनों तरफ से फोटो व मोबाइल नंबर भेज सकते हैं। जिला सशक्तिकरण कार्यालय से ही उनकी केवाईसी करा दी जाएगी। इस नंबर पर दिव्यांगजन ही नहीं वृद्धावस्था पेंशन व विधवा पेंशन के लाभार्थी भी अपने आधार, मोबाइल व खाता नंबर भेजकर केवाईसी करा सकते हैं।
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शामली। केवाईसी न होने से जिले के 1575 दिव्यांगों की पेंशन के 47.25 लाख की धनराशि लाभार्थियों के खातों में नहीं आई है। जुलाई, अगस्त और सितंबर की पेंशन के 3000 रुपये सरकार की ओर से जारी किए गए थे। पेंशन प्राप्त करने के लिए केवाईसी कराना जरूरी है।
प्रदेश में सभी प्रकार की पेंशन में पारदर्शिता के लिए केवाईसी का कार्य चल रहा है। जिले में 85 प्रतिशत दिव्यांग पेंशन के लाभार्थियों की केवाईसी हो भी चुकी है। प्रदेश में जनपद आठवें स्थान पर है, लेकिन तमाम कोशिशों व प्रचार प्रसार के बावजूद 1575 दिव्यांगों ने केवाईसी नहीं कराई। जिस कारण इस बार ऐसे दिव्यांगों की पेंशन रोक दी गई है। अगली किश्त के समय तक ये दिव्यांग केवाईसी नहीं कराते हैं तो इन्हें अपात्र समझकर कार्रवाई की जा सकती है।
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जिला दिव्यांग सशक्तिकरण अधिकारी अंशुल चौहान ने बताया कि दिव्यांग जनसेवा केंद्र पर जाकर अपनी केवाईसी करा लें। केवाईसी में सबसे बड़ी समस्या लाभार्थियों के पास उनकी पेंशन का रजिस्ट्रेशन नंबर न होना पाया जाता है। जिसे देखते हुए जिले के सभी 800 जनसेवा केंद्रों के संचालकों को लाभार्थियों के रजिस्ट्रेशन नंबर की लिस्ट उपलब्ध करा दी है। दिव्यांग जनसेवा केंद्र पर भी नहीं जाना चाहते हैं तो अपने ही गांव के पंचायत सहायक के पास जाकर भी केवाईसी करा सकते हैं। पंचायत सहायकों को इसके लिए विभागीय प्रशिक्षण दिया जा चुका है। यदि पंचायत सहायक के पास भी नहीं जाना चाहते है तो उनके व्हाट्सएप नंबर 8791491011 पर अपने आधार कार्ड की दोनों तरफ से फोटो व मोबाइल नंबर भेज सकते हैं। जिला सशक्तिकरण कार्यालय से ही उनकी केवाईसी करा दी जाएगी। इस नंबर पर दिव्यांगजन ही नहीं वृद्धावस्था पेंशन व विधवा पेंशन के लाभार्थी भी अपने आधार, मोबाइल व खाता नंबर भेजकर केवाईसी करा सकते हैं।
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