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यहां तो सरकारी महकमे ही दबाए बैठे हैं जलकर

Mon, 25 Apr 2016 12:44 AM IST
ब्यूरो /शाहजहांपुर
ब्यूरो /शाहजहांपुर Updated Mon, 25 Apr 2016 12:44 AM IST
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 yahaan to sarakaaree mahakame hee dabaaye baithe hain jalakar
पानी की समस्या - फोटो : अमर उजाला
सरकारी महकमों की देनदारी जनता पर भारी पड़ रही है। सरकार के विभाग ही अपने भवनों का लाखों रुपये का जलकर दबाए बैठे हैं और इसका दुष्प्रभाव जनता भुगत रही है। भीषण गर्मी के चलते पानी की मांग लगातार बढ़ रही है वहीं जनता को मांग के सापेक्ष केवल आधी जलापूर्ति ही हो रही है। आधी जलापूर्ति के पीछे नगर पालिका का तर्क है कि संसाधन पूरे नहीं है और वह संसाधन जुटाने के लिए जलकर बकाया वसूलने की तैयारी कर रही है। बकायेदारों की बनी सूची के अनुसार सरकारी महकमों के भवनों पर जलकर का बकाया शहर के बकाएदारों के कुल बकाए का साठ फीसदी है। सूची के अनुसार शहर में 46 हजार भवन स्वामी हैं। इसमें से आठ हजार का जलकर माफ है। 25 हजार भवन स्वामी लगातार जलकर दे रहे हैं। जबकि 13 हजार भवन स्वामियों पर एक करोड़ 18 लाख 72 हजार 435 रुपये का जलकर बकाया है। खास बात यह है इसमें से 10 सरकारी भवनों ने 70 लाख 52 हजार रुपये से अधिक और 12 निजी प्रतिष्ठानों ने 14 लाख 25 हजार रुपये से अधिक का वाटर टैक्स अभी तक नहीं चुकाया है। सरकारी महकमों की यह देनदारी वसूलने के लिए नगर पालिका ने 35 बड़े बकाएदारों को डिमांड नोटिस जारी किया है। इन पर करीब 90 लाख रुपये का बकाया है।  खास बात यह है कि इन बकायेदारों में कलेक्ट्रेट, विकास भवन, तहसील और जिला पंचायत अध्यक्ष का कार्यालय भी है। इसके उलट लघु सिंचाई विभाग, पुलिस विभाग, जिला जेल, पीडब्ल्यूडी, दूरसंचार विभाग, सैनिक बोर्ड कार्यालय आदि जलकर चुकाने में अग्रणी रहे। लगातार डिमांड नोटिस भेजे जाने के बाद भी संबंधित विभाग अपने जलकर का बकाया अदा नहीं कर रहे हैं। अब नगर पालिका ने डिमांड नोटिस भेजने के साथ बकाया अदा न करने पर आरसी जारी करने की भी चेतावनी दी है। आरसी जारी होने के बाद बकाये का दस फीसदी जुुर्माने के तौर पर देना होगा। बता दें कि पेयजल आपूर्ति के लिए पालिका पर चौतरफा दबाव है लेकिन राजस्व की कमी से जूझ रहे पालिका प्रशासन के पास संसाधन जुटाने के आर्थिक दिक्कत हो रही है। इसी क्रम में बकायेदारों को डिमांड नोटिस भेजा जा रहा है और आरसी काटी जा रही है। 
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निजी प्रतिष्ठानों पर 14 लाख का टैक्स बकाया
जलकर के बड़े बकाएदारों की सूची में कई शिक्षण संस्थान, अस्पताल, होटल और लॉन भी शामिल हैं। इनमें से बहादुरपुरा स्थित इस्लामिया इंटर कॉलेज पर 7.80 लाख रुपये, सेंट एचएन स्कूल पर 1.23 लाख रुपये, आकांक्षा मांटेसरी स्कूल पर 80520 रुपये, मिशन स्कूल पर 40320 रुपये, आर्य महिला डिग्री कॉलेज पर 29250 रुपये, दुर्गा टाकीज पर 59800 रुपये, अंबा टाकीज पर 54600 रुपये, निशात टाकीज पर 52 हजार रुपये, लाइफ लाइन हास्पीटल पर 1.73 लाख रुपये, पंखी होटल पर 68420 रुपये, इंडिया होटल पर 19500 रुपये और  पूजा होटल पर 56940 रुपये बकाया हैं।
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पालिका का राजस्व बढ़ाने के लिए डीएम के निर्देश पर बकाएदारों से टैक्स की वसूली में तेजी लाई गई है। बड़े बकाएदारों की सूची बना ली गई हैं। सभी को डिमांड नोटिस भेज दिया गया है। अब आरसी भी काटी जा रही है। आरसी कटने पर बकाएदार को कुल देय रकम पर अतिरिक्त 10 फीसदी राशि और जमा करनी होगी। 
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- मुनेंद्र सिंह राठौर, अधिशासी अधिकारी, शाहजहांपुर नगरपालिका परिषद

विभाग                                         बकाया (रुपये में)
अधीक्षण अभियंता                         22,11,907 
कार्यालय बहादुरगंज 
अधीक्षण अभियंता                         16,67,642
कार्यालय, चमकनी 
विकास भवन                                 12,15,000 
डीआईओएस कार्यालय                     7,37,976 
जिला पंचायत अध्यक्ष                         6,71,070
कार्यालय
कलक्ट्रेट                                         2,08,740
सदर तहसील                                     1,63,560 
जिला उद्योग केंद्र                             1,40,476 

जिला निर्वाचन कार्यालय                     36000
कुल                                                 70,52,371 
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