{"_id":"661af60ad79b6a781a022228","slug":"worship-of-skandmata-on-the-fifth-day-shahjahanpur-news-c-122-1-sbly1040-116733-2024-04-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shahjahanpur News: पांचवें दिन स्कंदमाता का पूजन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shahjahanpur News: पांचवें दिन स्कंदमाता का पूजन
Sun, 14 Apr 2024 02:45 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sun, 14 Apr 2024 02:45 AM IST
विज्ञापन
शाहजहांपुर। चैत्र नवरात्र का शनिवार को पांचवां दिन रहा। देवी मां के स्कंदमाता स्वरूप का पूजन किया गया। ऐसा माना जाता है कि जो भक्त इस दिन सच्ची श्रद्धा के साथ माता रानी की पूजा करते हैं, उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
स्कंदमाता के पूजन के लिए श्रद्धालुओं ने सुबह जल्दी उठकर स्नान व ध्यान किया। इसके बाद घरों व मंदिरों में परिजन समेत पूजा के लिए एकत्रित हुए। दीप, धूप जलाकर माता रानी को तिलक लगाया। पुष्प, अक्षत, फल आदि श्रद्धानुसार अर्पित किया। इसके बाद गोबर के कंडे को जलाकर हवन सामग्री से अर्पित कर अज्ञारी डाली। इसके बाद देवी मां का आह्वान किया। दुर्गा सप्तशती का पाठ पढ़ा।
अंत में आरती कर प्रसाद वितरण किया गया। मंदिरों में सुबह व शाम को होने वाली आरती में देवी मां के भक्तों की भीड़ उमड़ी, फिर चाहे वह शहर के टाउनहाल स्थित बाबा विश्वनाथ का मंदिर हो अथवा चौक मंडी स्थित दुर्गा माता का मंदिर। सभी छोटे-बड़े मंदिरों में श्रद्धालु देवी मां के दर्शन और पूजन को पहुंचे। घरों व मंदिरों में देवी के पूजन के साथ ही महिलाओं ने ढोलक थाप के सथि माता रानी के छंद गाए और नृत्य किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
स्कंदमाता के पूजन के लिए श्रद्धालुओं ने सुबह जल्दी उठकर स्नान व ध्यान किया। इसके बाद घरों व मंदिरों में परिजन समेत पूजा के लिए एकत्रित हुए। दीप, धूप जलाकर माता रानी को तिलक लगाया। पुष्प, अक्षत, फल आदि श्रद्धानुसार अर्पित किया। इसके बाद गोबर के कंडे को जलाकर हवन सामग्री से अर्पित कर अज्ञारी डाली। इसके बाद देवी मां का आह्वान किया। दुर्गा सप्तशती का पाठ पढ़ा।
विज्ञापन
अंत में आरती कर प्रसाद वितरण किया गया। मंदिरों में सुबह व शाम को होने वाली आरती में देवी मां के भक्तों की भीड़ उमड़ी, फिर चाहे वह शहर के टाउनहाल स्थित बाबा विश्वनाथ का मंदिर हो अथवा चौक मंडी स्थित दुर्गा माता का मंदिर। सभी छोटे-बड़े मंदिरों में श्रद्धालु देवी मां के दर्शन और पूजन को पहुंचे। घरों व मंदिरों में देवी के पूजन के साथ ही महिलाओं ने ढोलक थाप के सथि माता रानी के छंद गाए और नृत्य किया।
विज्ञापन