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रात में उमस और दिन में धूप ने किया बेहाल
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शाहजहांपुर। हवा के दबाव में उतार-चढ़ाव बुधवार को दूसरे दिन भी बना रहा और इसी वजह से मौसम भी दिन भर करवट बदलता रहा। शाम से बादल छाए होने के कारण रात से उमस बढने लगी और दिन में धूप निकलने से गर्मी का प्रकोप बढ़ गया। बृहस्पतिवार को भी सुबह बादल छाए रहने और मामूली बूंदाबांदी के बाद मौसम साफ रहने के आसार हैं।
मंगलवार शाम से पुरवाई का प्रवाह धीमा पडने के साथ देर रात आसमान चौतरफा बादलों से घिरा और पश्चिमी क्षितिज पर बिजली की चमक से बारिश जैसे आसार बने, लेकिन बूंदाबांदी थमी रहने से इतनी उमस हो गई कि लोग चैन की नींद नहीं ले सके। इस दौरान न्यूनतम तापमान भी 26 से बढ़कर 28 डिग्री हो गया। हालांकि, सुबह होने पर हवा का बहाव उत्तर-पूर्व दिशा को हुआ तो जनजीवन को गर्मी से थोड़ी राहत मिली। सूर्योदय के बाद धूप निकली तो गर्मी से लोग पसीने से तर होने लगे।
दिन में 11 बजे उत्तर-पश्चिम दिशा से काली घटाएं उठने के साथ ठंडी बयार चली तो एक बार फिर बारिश होने के आसार बने, लेकिन कुछ देर बाद बादलों की खेप को हवा अपने साथ उड़ा ले गई। इससे दोबारा धूप निकली तो वातावरण फिर से गर्म होने लगा। गन्ना शोध परिषद के मौसम वैज्ञानिक डॉ. मनमोहन सिंह के अनुसार वायुदाब में विचलन मौसम में अस्थिरतता पैदा कर रहा है और इसीलिए बारिश की संभावनाएं बार-बार क्षीण पड़ रही हैं। उनका कहना है कि बृहस्पतिवार को सुबह बादल छाने पर बूंदाबांदी के आसार कम हैं और ज्यादातर समय धूप निकली रहने की संभावना है।
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मंगलवार शाम से पुरवाई का प्रवाह धीमा पडने के साथ देर रात आसमान चौतरफा बादलों से घिरा और पश्चिमी क्षितिज पर बिजली की चमक से बारिश जैसे आसार बने, लेकिन बूंदाबांदी थमी रहने से इतनी उमस हो गई कि लोग चैन की नींद नहीं ले सके। इस दौरान न्यूनतम तापमान भी 26 से बढ़कर 28 डिग्री हो गया। हालांकि, सुबह होने पर हवा का बहाव उत्तर-पूर्व दिशा को हुआ तो जनजीवन को गर्मी से थोड़ी राहत मिली। सूर्योदय के बाद धूप निकली तो गर्मी से लोग पसीने से तर होने लगे।
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दिन में 11 बजे उत्तर-पश्चिम दिशा से काली घटाएं उठने के साथ ठंडी बयार चली तो एक बार फिर बारिश होने के आसार बने, लेकिन कुछ देर बाद बादलों की खेप को हवा अपने साथ उड़ा ले गई। इससे दोबारा धूप निकली तो वातावरण फिर से गर्म होने लगा। गन्ना शोध परिषद के मौसम वैज्ञानिक डॉ. मनमोहन सिंह के अनुसार वायुदाब में विचलन मौसम में अस्थिरतता पैदा कर रहा है और इसीलिए बारिश की संभावनाएं बार-बार क्षीण पड़ रही हैं। उनका कहना है कि बृहस्पतिवार को सुबह बादल छाने पर बूंदाबांदी के आसार कम हैं और ज्यादातर समय धूप निकली रहने की संभावना है।
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