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कांट के नगला जाजू में फैला बुखार, कई बीमार
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बुखार से पीड़ित अंजली एवं आकांक्षा। संवाद
- फोटो : SHAHJAHANPUR
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शाहजहांपुर। कांट क्षेत्र के नगलाजाजू गांव में इन दिनों बुखार का प्रकोप है। पिछले दस दिन में दो लोगों की मौत हो चुकी है। कई लोग गांव में बीमार पड़े हैं। लोगों को शिकायत है कि स्वास्थ्य विभाग उनकी सुध नहीं ले रहा है, जिसकी वजह से हालात बिगड़ते चले जा रहे हैं।
नगलाजाजू गांव में पिछले कई दिनों से बुखार ने पैर पसारे हुए हैं। कई लोग बीमार चल रहे हैं। एक ही परिवार में कई-कई लोग बुखार से पीड़ित हैं। गांव में ज्यादातर लोग बहुत गरीब हैं। इनके पास इलाज कराने के लिए रुपये भी नहीं हैं। यही वजह है कि झोलाछाप से इलाज कराने के कारण हालत और बिगड़ जाते हैं। पिछले दस दिन में एक बच्चे समेत दो लोगों की बुखार से मौत हो चुकी है। नौ सितंबर को गांव के शीशपाल की (45) की बुखार से मौत हो गई। उन्हें कई दिन से बुखार आ रहा था।
वहीं पिछले हफ्ते गांव के राजकमल के बेटे अनिकेत (11) को बुखार आने पर परिजन झोलाछाप के पास दवा लेने पहुंचे थे। बुखार और पेट दर्द से बाद में अनिकेत की मौत हो गई थी। गांव में अन्य कई लोग भी बीमार हैं। गांव के जवाहर यादव (50), सुधा कुशवाहा (47), महावीर की बेटी रोहिणी (14), श्यामपाल की बेटी आकांक्षा (11), कमलेश जाटव (30), सुखपाल यादव, धर्मेंद्र कुशवाहा, रविंद्रपाल की पत्नी विद्यावती (40), अंजली (16), राजबेटी (70) भी कई दिनों से बुखार से परेशान हैं।
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अभी तक स्वास्थ विभाग के संज्ञान न लेने से ग्रामीणों में रोष और निराशा है। मौजूदा प्रधान का कहना है कि उन्होंने प्रशासन को गांव में बुखार रोगी होने की सूचना दी थी, लेकिन अभी तक स्वास्थ्य टीम नहीं भेजी गई है। प्रधान सुनीता देवी ने बताया कि बुखार की जानकारी फोन से उनके द्वारा जिलास्तर पर दी गई लेकिन कोई मदद पीड़ितों को नहीं मिल सकी है।
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नगलाजाजू गांव में पिछले कई दिनों से बुखार ने पैर पसारे हुए हैं। कई लोग बीमार चल रहे हैं। एक ही परिवार में कई-कई लोग बुखार से पीड़ित हैं। गांव में ज्यादातर लोग बहुत गरीब हैं। इनके पास इलाज कराने के लिए रुपये भी नहीं हैं। यही वजह है कि झोलाछाप से इलाज कराने के कारण हालत और बिगड़ जाते हैं। पिछले दस दिन में एक बच्चे समेत दो लोगों की बुखार से मौत हो चुकी है। नौ सितंबर को गांव के शीशपाल की (45) की बुखार से मौत हो गई। उन्हें कई दिन से बुखार आ रहा था।
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वहीं पिछले हफ्ते गांव के राजकमल के बेटे अनिकेत (11) को बुखार आने पर परिजन झोलाछाप के पास दवा लेने पहुंचे थे। बुखार और पेट दर्द से बाद में अनिकेत की मौत हो गई थी। गांव में अन्य कई लोग भी बीमार हैं। गांव के जवाहर यादव (50), सुधा कुशवाहा (47), महावीर की बेटी रोहिणी (14), श्यामपाल की बेटी आकांक्षा (11), कमलेश जाटव (30), सुखपाल यादव, धर्मेंद्र कुशवाहा, रविंद्रपाल की पत्नी विद्यावती (40), अंजली (16), राजबेटी (70) भी कई दिनों से बुखार से परेशान हैं।
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अभी तक स्वास्थ विभाग के संज्ञान न लेने से ग्रामीणों में रोष और निराशा है। मौजूदा प्रधान का कहना है कि उन्होंने प्रशासन को गांव में बुखार रोगी होने की सूचना दी थी, लेकिन अभी तक स्वास्थ्य टीम नहीं भेजी गई है। प्रधान सुनीता देवी ने बताया कि बुखार की जानकारी फोन से उनके द्वारा जिलास्तर पर दी गई लेकिन कोई मदद पीड़ितों को नहीं मिल सकी है।