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यूपी बोर्ड : पहले दिन जांची गईं 11,143 कॉपियां
Sun, 17 Mar 2024 02:03 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sun, 17 Mar 2024 02:03 AM IST
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जीआईसी में यूपी बोर्ड की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन करते परीक्षक। संवाद
शाहजहांपुर। यूपी बोर्ड परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शनिवार से शुरू हो गया। पहले दिन हाईस्कूल की 5668 और इंटरमीडिएट की 5475 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया गया। प्रशिक्षक दोपहर बाद तक ड्यूटी ज्वाइन करने पहुंचते रहे।
उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन कार्य के जिले में छह केंद्र बनाए गए हैं। इन सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में मूल्यांकन कार्य शुरू हो गया। मूल्यांकन कार्य का पहला दिन होने से परीक्षकों की संख्या कम रही। बावजूद दिनभर में 11,114 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कर दिया गया। कुल 454897 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन होना है।
मूल्यांकन कार्य में 1697 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। पहले दिन आधे से भी कम परीक्षक पहुंचे। जीआईसी प्रधानाचार्य अनिल कुमार ने बताया कि विद्यालय में इंटरमीडिएट की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य करवाया जा रहा है। हिंदी सामान्य, गणित, नागरिक शास्त्र, गृह विज्ञान, पाक कला, मनोविज्ञान, शिक्षाशास्त्र, कृषि, रंगाई-धुलाई विषयों की उत्तरपुस्तिकाएं मूल्यांकन के लिए प्राप्त हुई हैं।
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सबसे ज्यादा वित्तविहीन विद्यालयों के परीक्षक लगे
-यूपी बोर्ड की उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त तथा वित्तविहीन विद्यालयों के शिक्षकों को परीक्षक के रूप में लगाया गया है। इनमें सबसे अधिक संख्या वित्तविहीन विद्यालय के शिक्षकों की है।
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मूल्यांकन कार्य का शनिवार को पहला दिन रहा। 13 दिनों में उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन पूरा होना है। इसके लिए जिन परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है, वे सभी केंद्रों पर पहुंचे। लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई होगी।
- हरिवंश कुमार, डीआईओएस
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उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन कार्य के जिले में छह केंद्र बनाए गए हैं। इन सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में मूल्यांकन कार्य शुरू हो गया। मूल्यांकन कार्य का पहला दिन होने से परीक्षकों की संख्या कम रही। बावजूद दिनभर में 11,114 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कर दिया गया। कुल 454897 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन होना है।
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मूल्यांकन कार्य में 1697 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। पहले दिन आधे से भी कम परीक्षक पहुंचे। जीआईसी प्रधानाचार्य अनिल कुमार ने बताया कि विद्यालय में इंटरमीडिएट की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य करवाया जा रहा है। हिंदी सामान्य, गणित, नागरिक शास्त्र, गृह विज्ञान, पाक कला, मनोविज्ञान, शिक्षाशास्त्र, कृषि, रंगाई-धुलाई विषयों की उत्तरपुस्तिकाएं मूल्यांकन के लिए प्राप्त हुई हैं।
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सबसे ज्यादा वित्तविहीन विद्यालयों के परीक्षक लगे
-यूपी बोर्ड की उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त तथा वित्तविहीन विद्यालयों के शिक्षकों को परीक्षक के रूप में लगाया गया है। इनमें सबसे अधिक संख्या वित्तविहीन विद्यालय के शिक्षकों की है।
मूल्यांकन कार्य का शनिवार को पहला दिन रहा। 13 दिनों में उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन पूरा होना है। इसके लिए जिन परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है, वे सभी केंद्रों पर पहुंचे। लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई होगी।
- हरिवंश कुमार, डीआईओएस