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Shahjahanpur News: गुलाम गौस सैयद दादा मियां के उर्स में निभाई गई चादरपोशी की रस्म
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गुलाम गौस सैयद दादा मियां के उर्स में मौजूद अकीदतमंद। स्रोत : आयोजक
- फोटो : Archive
शाहजहांपुर। हजरत गुलाम गौस सैयद दादा मियां के 47वें सालाना उर्स में शनिवार को गुलपोशी व चादरपोशी की रस्म अदा की गई।
संयोजक जहीर खां कलीमी की निगरानी में मोहल्ला तारीन जलालनगर, फूटी मस्जिद स्थित मजार पर शाम सात बजे चादरपोशी की रस्म अदा की गई। इस दौरान फातेहाख्वानी कर कौम व मिल्लत की खुशहाली और तरक्की की दुआ की गई।
शुक्रवार रात जलसा ए मीलाद हुआ। इसमें हाफिज अयूब हसन कदीरी ने कहा कि अल्लाह के फरमान और रसूल पाक की सुन्नतों पर अमल करने वाले ही दुनिया और आखिरत में कामयाब होंगे। इस दौरान मोहम्मद आमिर, शद्दन खां, मोहम्मद असलम, चमन खां ने नात ओ मनकबत पेश की। आखिर में हाफिज अयूब हसन ने खुशहाली व सलामती की दुआ की।
महफिल में मस्जिद के इमाम मोहम्मद तसलीम रजा, निजामुद्दीन, अजीम खां, महबूब, राशिद हुसैन, इकबाल वारसी, इसरार खां, शकील खां, मोहम्मद असलम, आरिफ अली आदि मौजूद रहे। खादिम जहीर खां कलीमी ने बताया कि 19 अप्रैल को कुलशरीफ होगा। इसके बाद लंगर होगा।
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संयोजक जहीर खां कलीमी की निगरानी में मोहल्ला तारीन जलालनगर, फूटी मस्जिद स्थित मजार पर शाम सात बजे चादरपोशी की रस्म अदा की गई। इस दौरान फातेहाख्वानी कर कौम व मिल्लत की खुशहाली और तरक्की की दुआ की गई।
शुक्रवार रात जलसा ए मीलाद हुआ। इसमें हाफिज अयूब हसन कदीरी ने कहा कि अल्लाह के फरमान और रसूल पाक की सुन्नतों पर अमल करने वाले ही दुनिया और आखिरत में कामयाब होंगे। इस दौरान मोहम्मद आमिर, शद्दन खां, मोहम्मद असलम, चमन खां ने नात ओ मनकबत पेश की। आखिर में हाफिज अयूब हसन ने खुशहाली व सलामती की दुआ की।
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महफिल में मस्जिद के इमाम मोहम्मद तसलीम रजा, निजामुद्दीन, अजीम खां, महबूब, राशिद हुसैन, इकबाल वारसी, इसरार खां, शकील खां, मोहम्मद असलम, आरिफ अली आदि मौजूद रहे। खादिम जहीर खां कलीमी ने बताया कि 19 अप्रैल को कुलशरीफ होगा। इसके बाद लंगर होगा।
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