फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shahjahanpur News ›   'Stockpiles will have been restricting rice drink'

‘साठा धान पर रोक न लगी तो लगाएंगे जाम’

Mon, 27 Feb 2017 11:05 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो पुवायां।
अमर उजाला ब्यूरो पुवायां। Updated Mon, 27 Feb 2017 11:05 PM IST
विज्ञापन
'Stockpiles will have been restricting rice drink'
चेतावनी - फोटो : अमर उजाला
भाकियू ने एसडीएम सौंपे ज्ञापन में दी चेतावनी
विज्ञापन

 सोमवार को भाकियू ने एसडीएम को ज्ञापन देकर चेतावनी दी है कि साठा धान लगा तो छह मार्च को पुवायां के राजीव चौक पर चक्का जाम किया जाएगा, इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
भाकियू नेता तमाम किसानों के साथ सोमवार को एसडीएम से मिले और कहा कि पुवायां तहसील के ज्यादातर किसान साठा पर प्रतिंबंध के पक्ष में हैं, लेकिन कुछ बड़े फार्मर साठा लगाने पर आमादा हैं और कह रहे हैं कि साठा नहीं लगने से उनकी सैकड़ों एकड़ जमीन खाली रह जाएगी। जब एक किसान साढ़े बारह एकड़ जमीन ही रख सकता है तो इससे ज्यादा जमीन की बात करने वालों पर सीलिंग एक्ट के तहत कार्रवाई होनी चाहिए। 
विज्ञापन

ज्ञापन में कहा गया है कि साठा की नर्सरी नष्ट नहीं करने वालों पर कार्रवाई की जाए। चेतावनी दी गई है कि साठा धान लगा तो छह मार्च को पुवायां में राजीव चौक पर चक्का जाम किया जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


एक दिन पहले ही आ गई टीम
पुवायां। साठा धान पर पक्ष और विपक्ष की बात सुनने के लिए शासन स्तर से टीम को 27 फरवरी को आना था। अधिकारियों ने इस संबंध में लोगों को जानकारी भी दी थी, लेकिन एक दिन पहले ही 26 फरवरी को टीम ने पुवायां आकर गंगसरा क्षेत्र में भाकियू के एक गुट से और साठा धान लगाने की पैरवी कर रहे किसान मंच के सरदार निर्मल सिंह के वार्ता की और वापस लौट गई। 27 फरवरी को तमाम लोग टीम के आने और मिलने का इंतजार करते रहे। उधर गांव पकड़िया हकीम की प्रधान पारूल गुप्ता ने साठा धान पर प्रतिबंध लगाने की मांग करते हुए डीएम को पत्र भेजा है। 


साहब! गर्मियों ने पानी छोड़ गए थे हैंडपंप
पुवायां। खुटार के गांव दिलीपपुर और पुवायां के गांव चौढ़ेरा के तमाम लोग सोमवार को भाकियू के नेतृत्व में एसडीएम रामशंकर से मिले और बताया कि साठा धान के कारण जलस्तर बेहद गिर गया है। पिछली गर्मी में उनके गांवों के तमाम हैंडपंपों ने पानी देना बंद करर दिया था, जिससे भारी परेशानी उठानी पड़ी थी। दोनों गांवों के लोगों ने साठा पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग उठाई। इस दौरान दिलीपपुर के पूर्व प्रधान बाबूराम मिश्र, बीडीसी बालिस्टर सिंह कुशवाहा, अमरसिंह, रामवीर सिंह, सतीशंचद्र मानसिंह, मंजीत सिंह सहित तमाम लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed