शाहजहांपुर सड़क हादसा: चंद दिन भी नहीं टिकी नई कार खरीदने की खुशी, दोनों दोस्तों ने साथ ली आखिरी सांस
शाहजहांपुर के मीरानपुर कटरा में लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर फीलनगर गांव के पास बृहस्पतिवार देर रात कार से बाइक छू गई थी। इससे कार व बाइक सवार हाईवे पर ही आपस में झगड़ने लगे। इस बीच आए टैंकर ने सात लोगों को रौंद दिया। हादसे में दो दोस्तों समेत तीन लोगों की मौत हो गई।
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नई गाड़ी से उत्तराखंड के कैंची धाम जा रहे छह दोस्तों में से दो की मौत की खबर से उनके परिवार में कोहराम मच गया। हादसे में जान गंवाने वालों में बाराबंकी की आवास विकास कॉलोनी निवासी विवेक मिश्रा (35) और उनके करीबी मित्र योगेश कुरील (50) शामिल हैं। दोनों की मौत की खबर करीब नौ घंटे बाद देर रात दो बजे उनके परिजनों को मिली तो दोनों परिवारों पर गमों का पहाड़ टूट पड़ा। हर किसी की आंख नम हो गई।
बाराबंकी में विकास भवन के पास कुरील कुंज निवासी जीएसटी कार्यालय के लिपिक योगेश कुरील (50) अपने दोस्त आवास विकास कॉलोनी निवासी विवेक मिश्रा (35) की नई कार से उत्तराखंड के नैनीताल और कैंची धाम जाने के लिए निकले थे। उनके साथ ग्राम लकपड़ाबाद निवासी नरेंद्र चौधरी, जैदपुर निवासी महेश कुमार व शिवकुमार भी थे। बृहस्पतिवार रात 12 बजे शाहजहांपुर के मीरानपुर कटरा थाना क्षेत्र में फीलनगर गांव के सामने उनकी कार में पीछे से आ रही बाइक छू गई।
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इसके बाद बाइक पर सवार रामपुर जिले के अजीमनगर थाना क्षेत्र के गांव रतनपुरा सुमाली निवासी मुब्बसिर अली (45) व उसके भाई जुनैद की कार सवार लोगों इससे कहासुनी होने लगी। इसी दौरान आए तेज रफ्तार टैंकर उनको रौंद दिया। हादसे में विवेक मिश्रा, योगेश कुरील व बाइक सवार मुब्बसिर अली की मौत हो गई। नरेंद्र चौधरी, महेश कुमार, शिवकुमार को लखनऊ रेफर कर दिया गया है। जुनैद का बरेली में इलाज चल रहा है।
निजी व्यवसाय से जुड़े थे विवेक मिश्रा
विवेक मिश्रा निजी व्यवसाय से जुड़े थे, वहीं योगेश कुरील बाराबंकी जीएसटी कार्यालय में वरिष्ठ सहायक के पद पर कार्यरत थे। दोनों अच्छे मित्र थे और अक्सर एक साथ यात्रा पर जाते थे। चार अन्य साथी लखेराबाद निवासी बाढ़ खंड विभाग में सींचपाल पद पर तैनात नरेंद्र चौधरी, वरिष्ठ सहायक महेश कुमार, सिंचाई विभाग में तैनात शिवकुमार और एक अन्य युवक के साथ कैंची धाम के लिए निकले थे।
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अब वो कैसे कहें कि पापा नहीं हैं..
विवेक की शादी करीब 12 साल पहले हुई थी। उनके सात साल का बेटा आर्यन अभी यह समझ भी नहीं पा रहा कि क्या हो गया है। वहीं योगेश के दो बेटे युवराज और रजत भी गहरे सदमे में हैं। योगेश की पत्नी राजकुमारी को जैसे ही यह खबर मिली, वह बेसुध हो गईं। वह बच्चों से कैसे बताएं कि अब पापा नहीं रहे। बताया जा रहा है कि परिजन और पड़ोसियों ने उन्हें संभाला।
दोस्त की नई कार से निकले थे सभी
मृतक विवेक मिश्रा के भाई धर्मानंद मिश्रा ने बताया कि उनकी इलेक्ट्रिक की दुकान है। भाई विवेक भी दुकान पर बैठते थे। बृहस्पतिवार शाम भाई के दोस्त महेश अपनी कार से घर आए थे। उन्होंने अपनी कार घर पर खड़ी कर दी और विवेक अपने दोस्त की कार से उत्तराखंड के नीम करोली बाबा के दर्शन के लिए निकले थे।
विवेक मिश्रा का शव देख बिलख पड़े उनके भाई धर्मानंद
शुक्रवार सुबह पोस्टमॉर्टम हाउस पर विवेक मिश्रा के शव को देख उनके भाई धर्मानंद बिलख पड़े। साथ में आए दोस्तों ने उन्हें संभाला। धर्मानंद बार-बार रो पड़ते थे। परिजनों ने बताया कि विवेक की मौत से उनकी पत्नी शन्नू सदमे में आ गई हैं। कहकर निकले थे, बच्चों का ध्यान रखना, दो-तीन दिन में आ जाएंगे।
सामाजिक आयोजनों में अग्रणी थे विवेक
विवेक मिश्रा शहर में सामाजिक आयोजनों में सक्रिय भूमिका निभाते थे। चाहे रामलीला हो या भंडारा, हर कार्यक्रम में उनकी सहभागिता रहती थी। यही वजह है कि शहर में उनकी अच्छी खासी पहचान थी। उनके बड़े भाई धर्मानंद इलेक्ट्रॉनिक सामान की दुकान चलाते हैं, जिसमें विवेक भी अक्सर साथ देते थे।
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टैंकर चालक की तलाश में जुटी पुलिस
हादसे के बाद टैंकर छोड़ चालक भाग गया। पुलिस ने टैंकर कब्जे में ले लिया है। थाना प्रभारी जुगुल किशोर ने बताया कि तहरीर प्राप्त होने पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। टैंकर चालक का पता लगाया जा रहा है। जल्द ही वह पुलिस की गिरफ्त में होगा।
कार से न उतरने वाला बचा
बताया जा रहा है कि कार में पांच लोग नहीं, बल्कि छह लोग थे। हादसे के बाद जब सभी में कहासुनी हो रही थी। तब छठा युवक कार से नहीं उतरा था, इसलिए वह बच गया। पोस्टमॉर्टम हाउस पर भी दोस्तों ने यह बात कही, लेकिन उसका नाम-पता ना चलने से इसकी पुष्टि नहीं हुई है।
पति की मौत की खबर सुन हाथ से छूटा मोबाइल
पोस्टमॉर्टम हाउस पर आए दोस्तों ने बताया कि जब मृतक योगेश कुरील की पत्नी को हादसे की जानकारी दी तो उनके हाथ से मोबाइल फोन छूटकर गिर गया। इसके बाद काफी देर फोन पर बात नहीं हुई। योगेश कुरील की एक बेटी और बेटा है। दोनों पढ़ाई कर रहे हैं।
योगेश पास मिला 10 रुपये का नोट, विवेक के पास कुछ नहीं
मृतक विवेक मिश्रा के भाई धर्मानंद हादसा स्थल पर गए थे। उन्होंने बताया कि विवेक के कपड़ों से रुपये नहीं मिले हैं। योगेश कुरील के पास से केवल दस रुपये का नोट मिला है, जबकि यह संभव नहीं कि जो इतनी दूर जा रहा हो और उसके पास रुपये ना हों। धर्मानंद ने बताया कि भाई विवेक की पत्नी शन्नू व भतीजे लक्ष्य का रो-रोकर बुरा हाल है।