पुवायां (शाहजहांपुर)। पुवायां के गांव जुझारपुर निवासी आशुतोष मिश्रा जल संरक्षण के लिए काम कर रहे हैं। वह अकेले ही गोमती नदी की सफाई करते हैं। उनका कहना है कि आने वाले समय में पानी के लिए मारामारी होगी। सभी का कर्तव्य है कि अभी से जल संरक्षण के लिए काम करें।
आशुतोष मिश्रा गांव महमूदपुर सैंजनियां में मेडिकल स्टोर चलाकर परिवार का भरण पोषण करते हैं। देश और प्रदेश की सरकारें और तमाम संगठन नदियों को साफ करने की बात करते हैं, लेकिन उनका सफाई अभियान सिर्फ फोटो खिंचवाने तक ही रहता है। नदियों की दुर्दशा को देखकर आशुतोष ने जीवनदायिनी नदियों की सफाई का बीड़ा उठाया। आशुतोष ने अकेले ही यथासंभव गोमती नदी की सफाई करने के संकल्प को पूरा करने की ठानी है। उन्होंने प्रण लिया कि शाहजहांपुर जनपद में गोमती नदी की जो लंबाई है, वहां तक सफाई करेंगे। दो वर्ष पहले शुरू हुआ गोमती नदी का सफाई अभियान अभी चल रहा है। आशुतोष अब तक गोमती नदी के गदाई सांडा, गुटैया पुल, चकलुआ घाट, पन्नघाट आदि स्थानों पर सफाई कर चुके हैं। जब वह सफाई करते हैं तो कभी-कभी नदी के आसपास गांवों में रहने वाले कुछ लोग उनके साथ हाथ बांटते हैं। इसके अलावा आशुतोष मिश्रा हर अमावस्या को पन्नघाट पर अखंड पाठ या सुंदर कांड का पाठ कराकर भंडारे का भी आयोजन करते हैं। इस दौरान वह लोगों को जल संरक्षण के लिए जागरूक करते हैं। उनका कहना है कि शाहजहांपुर जनपद में गोमती को गंदा नहीं रहने देंगे। सफाई करने से नदी के जल स्त्रोत खुलते हैं तो जल प्रवाह भी बढ़ेगा। इसके अलावा वह लोगों से अपील भी करते हैं कि नदियों में गंदगी न डालें।