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Shahjahanpur News: धांधली की आशंका में आयुर्वेदिक संविदा चिकित्सकों की भर्ती प्रक्रिया रद्द
Wed, 12 Mar 2025 12:15 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Wed, 12 Mar 2025 12:15 AM IST
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शाहजहांपुर। स्वास्थ्य विभाग में सामान की खरीद में घोटाला सामने आने के बाद अब आयुर्वेदिक संविदा चिकित्सकों की भर्ती प्रक्रिया में धांधली होने की आशंका है। मानकों की अनदेखी और अधिकारियों को गुमराह करने के प्रयास के कारण इसे रद्द कर दिया गया है। इस मामले की जांच रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। अब भर्ती प्रक्रिया दोबारा से कराई जाएगी।
तत्कालीन सीएमओ डॉ. आरके गौतम ने स्वास्थ्य समिति की बैठक किए बगैर ही 46 संविदा स्वास्थ्यकर्मियों की भर्ती के लिए 22 नवंबर, 2024 को समाचार पत्र में विज्ञापन निकलवाया था। सीडीओ के संज्ञान में लाए बगैर तत्कालीन सीएमओ डॉ. आरके गौतम, डिप्टी सीएमओ डॉ. घनश्याम और चिकित्सा प्रभारी निर्मल इंदू की समिति ने स्क्रीनिंग कराकर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी। इसके बाद रिपोर्ट सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह के पास हस्ताक्षर के लिए भेजी।
भर्ती प्रक्रिया का मामला सीडीओ की जानकारी में नहीं था। उन्होंने जांच कराई तो पता लगा कि शासनादेश के विरुद्ध विज्ञापन में छह माह के अनुभव की बात लिखी गई थी, जबकि अनुभव का उल्लेख करने की आवश्यकता ही नहीं थी। इसके साथ ही स्वास्थ्य समिति की बैठक किए बगैर भर्ती प्रक्रिया कराई गई। इसकी न तो सीडीओ को जानकारी दी गई और न ही डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह को। मामले की जांच रिपोर्ट सीडीओ ने डीएम को सौंपी है। इसके बाद डीएम ने रिपोर्ट को शासन को भेज दिया है। अधिकारियों के मुताबिक, पूरी प्रक्रिया संदिग्ध लग रही है।
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सामान घोटाले की अभी चल रही जांच
-स्वास्थ्य विभाग समिति की अध्यक्ष सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह ने करीब तीन माह पहले ददरौल सीएचसी पर छापा मारा था। गोदाम से बड़ी संख्या में निष्प्रयोज्य फर्नीचर और मेडिकल उपकरण बरामद हुए थे। इनकी गिनती कराने के बाद सीडीओ ने गोदाम को सीज करा दिया था। सीडीओ ने पुराने जिला अस्पताल स्थित गोदाम में भी छापा मारा था। यहां भी मेडिकल उपकरण और फर्नीचर मिला था। इस मामले में सीडीओ ने वरिष्ठ कोषाधिकारी अमरेश बहादुर सिंह की अध्यक्षता में टीम गठित कर जांच के निर्देश दिए थे। इस मामले की जांच चल रही है।
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आयुर्वेदिक चिकित्सक के भर्ती मामले में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कोई जानकारी नहीं दी। शासनादेश के विरुद्ध भर्ती प्रक्रिया की गई है। जांच कराकर इस मामले की रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। फिर से विज्ञापन निकलवाकर भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी। - डॉ. अपराजिता सिंह, सीडीओ
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नियुक्ति के लिए विज्ञापन निकाला गया था। आवेदनकर्ताओं के अभिलेख के सत्यापन के लिए कमेटी गठित की गई थी। उसके आगे की क्या प्रक्रिया चली, इसकी जानकारी नहीं है। -डॉ. आरके गौतम, तत्कालीन सीएमओ
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तत्कालीन सीएमओ डॉ. आरके गौतम ने स्वास्थ्य समिति की बैठक किए बगैर ही 46 संविदा स्वास्थ्यकर्मियों की भर्ती के लिए 22 नवंबर, 2024 को समाचार पत्र में विज्ञापन निकलवाया था। सीडीओ के संज्ञान में लाए बगैर तत्कालीन सीएमओ डॉ. आरके गौतम, डिप्टी सीएमओ डॉ. घनश्याम और चिकित्सा प्रभारी निर्मल इंदू की समिति ने स्क्रीनिंग कराकर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी। इसके बाद रिपोर्ट सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह के पास हस्ताक्षर के लिए भेजी।
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भर्ती प्रक्रिया का मामला सीडीओ की जानकारी में नहीं था। उन्होंने जांच कराई तो पता लगा कि शासनादेश के विरुद्ध विज्ञापन में छह माह के अनुभव की बात लिखी गई थी, जबकि अनुभव का उल्लेख करने की आवश्यकता ही नहीं थी। इसके साथ ही स्वास्थ्य समिति की बैठक किए बगैर भर्ती प्रक्रिया कराई गई। इसकी न तो सीडीओ को जानकारी दी गई और न ही डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह को। मामले की जांच रिपोर्ट सीडीओ ने डीएम को सौंपी है। इसके बाद डीएम ने रिपोर्ट को शासन को भेज दिया है। अधिकारियों के मुताबिक, पूरी प्रक्रिया संदिग्ध लग रही है।
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सामान घोटाले की अभी चल रही जांच
-स्वास्थ्य विभाग समिति की अध्यक्ष सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह ने करीब तीन माह पहले ददरौल सीएचसी पर छापा मारा था। गोदाम से बड़ी संख्या में निष्प्रयोज्य फर्नीचर और मेडिकल उपकरण बरामद हुए थे। इनकी गिनती कराने के बाद सीडीओ ने गोदाम को सीज करा दिया था। सीडीओ ने पुराने जिला अस्पताल स्थित गोदाम में भी छापा मारा था। यहां भी मेडिकल उपकरण और फर्नीचर मिला था। इस मामले में सीडीओ ने वरिष्ठ कोषाधिकारी अमरेश बहादुर सिंह की अध्यक्षता में टीम गठित कर जांच के निर्देश दिए थे। इस मामले की जांच चल रही है।
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आयुर्वेदिक चिकित्सक के भर्ती मामले में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कोई जानकारी नहीं दी। शासनादेश के विरुद्ध भर्ती प्रक्रिया की गई है। जांच कराकर इस मामले की रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। फिर से विज्ञापन निकलवाकर भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी। - डॉ. अपराजिता सिंह, सीडीओ
नियुक्ति के लिए विज्ञापन निकाला गया था। आवेदनकर्ताओं के अभिलेख के सत्यापन के लिए कमेटी गठित की गई थी। उसके आगे की क्या प्रक्रिया चली, इसकी जानकारी नहीं है। -डॉ. आरके गौतम, तत्कालीन सीएमओ