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Shahjahanpur News: निलंबित समाज कल्याण अधिकारी का नया पता जेल की बैरक नंबर 11
Mon, 26 Feb 2024 01:21 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Mon, 26 Feb 2024 01:21 AM IST
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शाहजहांपुर। निलंबित जिला समाज कल्याण अधिकारी राजेश कुमार के शनिवार को सीजेएम कोर्ट में समर्पण करने के बाद उन्हें जेल भेज दिया गया। जिला कारागार की बैरक नंबर 11 में उन्हें सामान्य बंदियों के साथ रखा गया है। दस दिन बाद बैरक में बदलाव किया जाएगा। पुलिस पूछताछ के लिए उसे जल्द रिमांड पर लेगी।
2390 बुजुर्गों की पेंशन पर डाका डालकर दो करोड़ 53 लाख रुपये का घोटाला करने वाले समाज कल्याण अधिकारी रहे राजेश कुमार को शासन ने निलंबित कर दिया था। मऊ निवासी राजेश कुमार के खिलाफ 20 सितंबर को जिला समाज कल्याण अधिकारी वंदना सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह जिला स्तरीय कोर्ट से लेकर हाईकोर्ट तक गए। उन्हें मायूस होकर लौटना पड़ा। पुलिस ने उनके करीबियों को गिरफ्तार कर कॉल डिटेल खंगालते हुए घर में दबिश दी, तब शनिवार को पांच महीने के बाद सीजेएम कोर्ट में उसने आत्मसमर्पण कर दिया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। राजेश कुमार को जेल में पूरी रात नींद नहीं आई। वह करवटें बदलते रहा। सुबह जल्दी उठ भी गया। जेल अधीक्षक मिजाजी लाल ने बताया कि बंदी को सामान्य बंदियों के साथ ही रखा गया है।
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2390 बुजुर्गों की पेंशन पर डाका डालकर दो करोड़ 53 लाख रुपये का घोटाला करने वाले समाज कल्याण अधिकारी रहे राजेश कुमार को शासन ने निलंबित कर दिया था। मऊ निवासी राजेश कुमार के खिलाफ 20 सितंबर को जिला समाज कल्याण अधिकारी वंदना सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह जिला स्तरीय कोर्ट से लेकर हाईकोर्ट तक गए। उन्हें मायूस होकर लौटना पड़ा। पुलिस ने उनके करीबियों को गिरफ्तार कर कॉल डिटेल खंगालते हुए घर में दबिश दी, तब शनिवार को पांच महीने के बाद सीजेएम कोर्ट में उसने आत्मसमर्पण कर दिया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। राजेश कुमार को जेल में पूरी रात नींद नहीं आई। वह करवटें बदलते रहा। सुबह जल्दी उठ भी गया। जेल अधीक्षक मिजाजी लाल ने बताया कि बंदी को सामान्य बंदियों के साथ ही रखा गया है।
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