{"_id":"60f083be8ebc3ec376680d26","slug":"light-shahjahanpur-news-bly453252441","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिजली न आने पर किसानों का उपकेंद्र और थाने पर हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिजली न आने पर किसानों का उपकेंद्र और थाने पर हंगामा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मदनापुर। मदनापुर क्षेत्र के गांवों मे किसानों को पिछले तीन दिनों से बिजली की सप्लाई नहीं मिल रही है। सैकड़ों किसानों ने बृहस्पतिवार सुबह छह बजे मदनापुर विद्युत सब-स्टेशन तथा थाने के गेट पर पहुंचकर हंगामा किया।
किसानों का आरोप था कि मदनापुर विद्युत सबस्टेशन से उन्हें एक घंटे भी मुश्किल से बिजली मिल पाती है। कर्मचारी फोन नहीं उठाते हैं। बिजली देने में भी भेदभाव किया जाता है। तीन दिन से बिजली गुल है और कोई सुनवाई नहीं हो रही। इसी के चलते उन्होंने सबस्टेशन पर आकर बिजली न आने का कर्मचारियों से कारण पूछा तो मौजूद संविदा कर्मचारी सभी फीडरों की सप्लाई बंद कर भाग गए। जब काफी देर तक कोई कर्मचारी सब-स्टेशन पर नहीं आया तो काफी संख्या में किसानों ने मदनापुर थाने के गेट पर पहुंचकर हंगामा किया। यहां प्रभारी निरीक्षक राजीव रंजन श्रीवास्तव ने किसानों को हटाया। पावर कारपोरेशन के अफसरों से शिकायत करने की सलाह दी। बाद में किसानों ने विद्युत निगम के अधिकारियों से संपर्क कर समस्या से अवगत कराया।
बाद में लगभग 12 बजे सबस्टेशन पर कर्मचारी आए तब सभी फीडरों पर बिजली की सप्लाई सुचारू कराई गई। यहां भी जानकारी दी गई कि तीन तीन घंटे सप्लाई दी जाएगी। प्रदर्शन में मदनापुर, मथाना, बरीखास, चाहरपुर, झपका दिलावरपुर, बरुआ पट्टी, बेहटा पाठक, हैबतपुर, बिनौरा, रैना, आदि कई गांवों के किसान शामिल रहे।
विज्ञापन
यहां बता दें इस समय किसान धान की फसल की रोपाई कर रहे हैं। बिजली न आने से नलकूप नहीं चल पाते और परेशानी होती है।
---
बिजली संकट और नहरें सूखी होने से सिंचाई प्रभावित
प्रगतिशील किसान कौशल ने डीएम को बताई समस्या
शाहजहांपुर। मदनापुर क्षेत्र में बिजली की लचर आपूर्ति और क्षेत्र की नहरें सूखी पड़ी होने से किसानों को धान की रोपाई के साथ गन्ने की सिंचाई करने में परेशानी हो रही है। इस संबंध में कांट क्षेत्र के गांव गंगानगर निवासी प्रगतिशील किसान कौशल मिश्रा डीएम इंद्र विक्रम सिंह से मिले और ज्ञापन देकर किसानों की समस्या से अवगत कराया। डीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को व्यवस्था में तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए।
ज्ञापन में कहा गया है कि वर्तमान में बरसात नहीं होने से सूखे जैसे हालात हो रहे हैं। इस समय किसानों को धान की रोपाई और गन्ना फसल के लिए पानी की अत्यंत आवश्यकता है, लेकिन मदनापुर बिजली उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति की स्थिति खराब है। किसानों को या तो बिजली मिलती नहीं है, मिलती है तो बमुश्किल चार-छह घंटे। इसी तरह शारदा नहर खंड की कांट ब्लॉक में दो नहरें कई दशक से सूखी पड़ी हैं, जबकि हर साल उनकी सिल्ट सफाई के नाम पर लाखों की धनराशि खर्च की जाती है।
ज्ञापन के अनुसार क्षेत्र के तमाम किसान सिंचाई के लिए अन्य कोई साधन नहीं होने से नहर पर निर्भर हैं। सिंचाई नहीं होने से गन्ने की फसल सूख रही है और हजारों एकड़ कृषि योग्य भूमि बुआई नहीं होने से खाली पड़ी है। कौशल मिश्रा के अनुसार डीएम ने दोनों समस्याओं को गंभीरता से लेकर तत्काल मोबाइल पर बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता और एक्सईएन (नहर खंड) से वार्ता कर बिजली आपूर्ति में जल्द सुधार कराने के साथ नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने के निर्देश दिए। संवाद
-
भाकियू ने सौंपा एसडीएम को ज्ञापन, आंदोलन की चेतावनी
पुवायां। बिजली कटौती को लेकर भाकियू ने बृहस्पतिवार को तमाम किसानों के साथ एसडीएम को ज्ञापन देकर समस्या का समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
भारतीय किसान यूनियन भानू गुट के जिलाध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ता और किसान तहसील पहुंचे। जिलाध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि बिजली कटौती कम से कम की जाए और रात में बिजली की सप्लाई बंद न की जाए, लेकिन अधिकारी लगातार काटौती कर रहे हैं। जिला विधिक सलाहकार वीरेंद्र यादव ने कहा कि नलकूपों की लाइनों पर बिजली बेहद कम दी जा रही है और सप्लाई के दौरान लगातार ट्रिपिंग से सिंचाई नहीं हो पा रही है।
किसानों ने ज्ञापन में कहा कि बिजली समस्या का निदान नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। इसके अलावा पुवायां के तहसील अध्यक्ष प्रद्युम्न सिंह के घर फायरिंग के आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज करने की मांग भी की गई। इस मौके पर जसपाल सिंह, लालाराम गुप्ता, वीरपाल, रघुवीर सिंह, प्रेमकुमार, संतोष कुमार यादव, रामनरेश, सुरेश मौर्या, डीपी यादव, चंदन सिंह, सोनपाल सिंह यादव, महेश राठौर, शिवशंकर वर्मा सहित तमाम किसान मौजूद रहे। संवाद
विज्ञापन
किसानों का आरोप था कि मदनापुर विद्युत सबस्टेशन से उन्हें एक घंटे भी मुश्किल से बिजली मिल पाती है। कर्मचारी फोन नहीं उठाते हैं। बिजली देने में भी भेदभाव किया जाता है। तीन दिन से बिजली गुल है और कोई सुनवाई नहीं हो रही। इसी के चलते उन्होंने सबस्टेशन पर आकर बिजली न आने का कर्मचारियों से कारण पूछा तो मौजूद संविदा कर्मचारी सभी फीडरों की सप्लाई बंद कर भाग गए। जब काफी देर तक कोई कर्मचारी सब-स्टेशन पर नहीं आया तो काफी संख्या में किसानों ने मदनापुर थाने के गेट पर पहुंचकर हंगामा किया। यहां प्रभारी निरीक्षक राजीव रंजन श्रीवास्तव ने किसानों को हटाया। पावर कारपोरेशन के अफसरों से शिकायत करने की सलाह दी। बाद में किसानों ने विद्युत निगम के अधिकारियों से संपर्क कर समस्या से अवगत कराया।
विज्ञापन
बाद में लगभग 12 बजे सबस्टेशन पर कर्मचारी आए तब सभी फीडरों पर बिजली की सप्लाई सुचारू कराई गई। यहां भी जानकारी दी गई कि तीन तीन घंटे सप्लाई दी जाएगी। प्रदर्शन में मदनापुर, मथाना, बरीखास, चाहरपुर, झपका दिलावरपुर, बरुआ पट्टी, बेहटा पाठक, हैबतपुर, बिनौरा, रैना, आदि कई गांवों के किसान शामिल रहे।
विज्ञापन
यहां बता दें इस समय किसान धान की फसल की रोपाई कर रहे हैं। बिजली न आने से नलकूप नहीं चल पाते और परेशानी होती है।
---
बिजली संकट और नहरें सूखी होने से सिंचाई प्रभावित
प्रगतिशील किसान कौशल ने डीएम को बताई समस्या
शाहजहांपुर। मदनापुर क्षेत्र में बिजली की लचर आपूर्ति और क्षेत्र की नहरें सूखी पड़ी होने से किसानों को धान की रोपाई के साथ गन्ने की सिंचाई करने में परेशानी हो रही है। इस संबंध में कांट क्षेत्र के गांव गंगानगर निवासी प्रगतिशील किसान कौशल मिश्रा डीएम इंद्र विक्रम सिंह से मिले और ज्ञापन देकर किसानों की समस्या से अवगत कराया। डीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को व्यवस्था में तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए।
ज्ञापन में कहा गया है कि वर्तमान में बरसात नहीं होने से सूखे जैसे हालात हो रहे हैं। इस समय किसानों को धान की रोपाई और गन्ना फसल के लिए पानी की अत्यंत आवश्यकता है, लेकिन मदनापुर बिजली उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति की स्थिति खराब है। किसानों को या तो बिजली मिलती नहीं है, मिलती है तो बमुश्किल चार-छह घंटे। इसी तरह शारदा नहर खंड की कांट ब्लॉक में दो नहरें कई दशक से सूखी पड़ी हैं, जबकि हर साल उनकी सिल्ट सफाई के नाम पर लाखों की धनराशि खर्च की जाती है।
ज्ञापन के अनुसार क्षेत्र के तमाम किसान सिंचाई के लिए अन्य कोई साधन नहीं होने से नहर पर निर्भर हैं। सिंचाई नहीं होने से गन्ने की फसल सूख रही है और हजारों एकड़ कृषि योग्य भूमि बुआई नहीं होने से खाली पड़ी है। कौशल मिश्रा के अनुसार डीएम ने दोनों समस्याओं को गंभीरता से लेकर तत्काल मोबाइल पर बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता और एक्सईएन (नहर खंड) से वार्ता कर बिजली आपूर्ति में जल्द सुधार कराने के साथ नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने के निर्देश दिए। संवाद
-
भाकियू ने सौंपा एसडीएम को ज्ञापन, आंदोलन की चेतावनी
पुवायां। बिजली कटौती को लेकर भाकियू ने बृहस्पतिवार को तमाम किसानों के साथ एसडीएम को ज्ञापन देकर समस्या का समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
भारतीय किसान यूनियन भानू गुट के जिलाध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ता और किसान तहसील पहुंचे। जिलाध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि बिजली कटौती कम से कम की जाए और रात में बिजली की सप्लाई बंद न की जाए, लेकिन अधिकारी लगातार काटौती कर रहे हैं। जिला विधिक सलाहकार वीरेंद्र यादव ने कहा कि नलकूपों की लाइनों पर बिजली बेहद कम दी जा रही है और सप्लाई के दौरान लगातार ट्रिपिंग से सिंचाई नहीं हो पा रही है।
किसानों ने ज्ञापन में कहा कि बिजली समस्या का निदान नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। इसके अलावा पुवायां के तहसील अध्यक्ष प्रद्युम्न सिंह के घर फायरिंग के आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज करने की मांग भी की गई। इस मौके पर जसपाल सिंह, लालाराम गुप्ता, वीरपाल, रघुवीर सिंह, प्रेमकुमार, संतोष कुमार यादव, रामनरेश, सुरेश मौर्या, डीपी यादव, चंदन सिंह, सोनपाल सिंह यादव, महेश राठौर, शिवशंकर वर्मा सहित तमाम किसान मौजूद रहे। संवाद